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किसी को लगता है ऊंचाई से डर, तो कोई पहली बार कर रहा चांद की यात्रा; Artemis II मिशन के 4 'धुरंधर' कौन?

NASA का आर्टेमिस II मिशन मानव अंतरिक्ष जांच-पड़ताल के नए युग की शुरुआत करने जा रहा है. यह मिशन चार अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा की कक्षा तक ले जाएगा.

NASA Artemis II Mission
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Artemis II मिशन पर जाने वाले 4 अंतरिक्ष यात्री

( Image Source:  X/ @ForbesIndia )
विशाल पुंडीर
Edited By: विशाल पुंडीर5 Mins Read

Updated on: 2 April 2026 12:48 PM IST

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी NASA का आर्टेमिस II मिशन मानव अंतरिक्ष जांच-पड़ताल के नए युग की शुरुआत करने जा रहा है. BBC की रिपोर्ट के मुताबिक फ्लोरिडा स्थित Kennedy Space Center से सुबह 4:05 बजे ‘स्पेस लॉन्च सिस्टम’ (SLS) की सफल लॉन्चिंग के साथ यह मिशन चर्चा के केंद्र में आ गया है. यह मिशन चार अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा की कक्षा तक ले जाएगा और 50 से अधिक सालों के बाद इंसानों की चंद्रमा के आसपास वापसी के मार्ग का परीक्षण करेगा. अब हर कोई इन 4 अंतरिक्ष यात्रियों के बारे में जानना चाहता है कि आखिर ये लोग करते क्या है और क्या पहले भी इस तरह के मिशन का हिस्सा रह चुके हैं?

ये चारों अंतरिक्ष यात्री कमांडर, इंजीनियर, वैज्ञानिक होने के साथ-साथ परिवार और जिम्मेदारियों को संतुलित करने वाले लोग भी हैं. इनकी यात्रा सिर्फ अंतरिक्ष तक नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए उम्मीद और प्रेरणा की नई दिशा है.

कौन हैं वे 4 अंतरिक्ष यात्री?

1. रीड वाइजमैन

रीड वाइजमैन अमेरिकी नौसेना के पूर्व टेस्ट पायलट हैं, जो बाद में NASA के अंतरिक्ष यात्री बने. उन्होंने साल 2014 में एक्सपेडिशन 40 के तहत अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) पर फ्लाइट इंजीनियर के रूप में छह महीने बिताए थे. रोचक बात यह है कि जहां उन्हें उड़ान भरना बेहद पसंद है, वहीं जमीन पर उन्हें ऊंचाई से डर लगता है. अब वही वाइजमैन आर्टेमिस II मिशन की कमान संभालेंगे, जो ओरियन अंतरिक्ष यान की दूसरी उड़ान होगी और चंद्रमा की परिक्रमा करने वाला ऐतिहासिक मिशन बनेगा.

2. क्रिस्टीना कोच

क्रिस्टीना कोच एक इंजीनियर और भौतिक विज्ञानी हैं, जिन्होंने 2019 में अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर 328 दिन बिताकर महिला द्वारा सबसे लंबी एकल अंतरिक्ष उड़ान का रिकॉर्ड बनाया. उनकी उपलब्धियों में पहली पूर्णत महिला स्पेसवॉक में भागीदारी भी शामिल है. मिशिगन में जन्मी और उत्तरी कैरोलिना में पली-बढ़ी कोच अब चंद्रमा की यात्रा करने वाली पहली महिला बनने जा रही हैं. उनकी प्रेरणा बचपन की एक तस्वीर से जुड़ी है जो अपोलो 8 मिशन की प्रसिद्ध अर्थराइज फोटो थी. जब उन्हें पता चला कि यह तस्वीर किसी इंसान ने ली थी, तो उन्होंने अंतरिक्ष यात्री बनने का सपना देखना शुरू किया.

3. जेरेमी हैनसेन

जेरेमी हैनसेन रॉयल कैनेडियन एयर फोर्स के पूर्व लड़ाकू पायलट और भौतिक विज्ञानी हैं. 2009 में उन्होंने कनाडाई स्पेस एजेंसी जॉइन की थी. हालांकि उन्होंने पहले कभी अंतरिक्ष में उड़ान नहीं भरी, लेकिन NASA के जॉनसन स्पेस सेंटर में नए अंतरिक्ष यात्रियों को प्रशिक्षण देने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है और ऐसा करने वाले वे पहले कनाडाई बने. उनकी प्रेरणा भी अपोलो मिशन से जुड़ी है. बचपन में चंद्रमा पर खड़े बज एल्ड्रिन की तस्वीर देखकर उन्होंने अपने ट्रीहाउस को एक काल्पनिक स्पेसशिप में बदल दिया था.

4. विक्टर ग्लोवर

विक्टर ग्लोवर अमेरिकी नौसेना के पूर्व फाइटर और टेस्ट पायलट हैं. 2013 में NASA से जुड़े ग्लोवर ने स्पेसएक्स क्रू-1 मिशन में पायलट के रूप में कार्य किया और ISS पर लगभग छह महीने बिताए. कैलिफोर्निया में जन्मे ग्लोवर विवाहित हैं और चार बच्चों के पिता हैं. इस मिशन के साथ वे चंद्रमा की यात्रा करने वाले पहले अश्वेत व्यक्ति बनने जा रहे हैं जो इसे ऐतिहासिक और सामाजिक दृष्टि से भी बेहद महत्वपूर्ण बनाता है.

क्या है मिशन का महत्व?

आर्टेमिस II मिशन न केवल तकनीकी परीक्षण है, बल्कि यह मानवता की चंद्रमा पर वापसी की दिशा में एक निर्णायक कदम है. यह मिशन भविष्य के लंबे अंतरिक्ष अभियानों और संभावित मानव मिशनों के लिए आधार तैयार करेगा.

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