Adi Kailash और Om Parvat यात्रा कब से होगी शुरू? जानिए रूट, खर्च और पूरी डिटेल
उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में आदि कैलाश और ओम पर्वत यात्रा 1 मई 2026 से शुरू होने जा रही है. KMVN ने 45 हजार रुपये के करीब तीन पैकेज तैयार किए हैं, जिसमें यात्रा, ठहरने और खाने की सुविधा शामिल है.
उत्तराखंड के कुमाऊं क्षेत्र में स्थित Adi Kailash और Om Parvat की पवित्र यात्रा इस साल 1 मई 2026 से शुरू होने जा रही है. भगवान शिव को समर्पित यह यात्रा हर साल हजारों श्रद्धालुओं को आकर्षित करती है और इस बार भी बड़ी संख्या में भक्तों के पहुंचने की उम्मीद है. Kumaon Mandal Vikas Nigam (KMVN) ने यात्रा के लिए तैयारियां तेज कर दी हैं. जिला प्रशासन ने स्वास्थ्य, पानी, सुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं की समीक्षा की है ताकि यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो.
इस बार यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए तीन अलग-अलग पैकेज तैयार किए गए हैं, जिनकी कीमत करीब 45,000 रुपये प्रति व्यक्ति रखी गई है. 9 दिन की इस यात्रा की शुरुआत हल्द्वानी से होगी और वहीं खत्म होगी. यात्रा के दौरान श्रद्धालु पिथौरागढ़, धारचूला, गुंजी, नाभीढांग और ज्योलिंगकांग जैसे प्रमुख स्थानों से होकर गुजरेंगे.
किन-किन धार्मिक स्थलों का दर्शन करेंगे श्रद्धालु?
यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को सिर्फ आदि कैलाश और ओम पर्वत के दर्शन ही नहीं, बल्कि कुमाऊं के अन्य प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों जैसे कैंची धाम, जागेश्वर और पाताल भुवनेश्वर के दर्शन का भी अवसर मिलेगा. वापसी में यात्रियों को मुनस्यारी, चौकोरी और अल्मोड़ा जैसे खूबसूरत पर्यटन स्थलों से भी गुजारा जाएगा. यात्रा के लिए इस बार तीन अलग-अलग रूट तय किए गए हैं- हल्द्वानी, टनकपुर और धारचूला से. पूरे पैकेज में रहने, खाने, स्थानीय ट्रांसपोर्ट और अन्य जरूरी सुविधाएं शामिल होंगी.
कैसे करें बुकिंग?
बुकिंग के लिए श्रद्धालु KMVN की आधिकारिक वेबसाइट या निजी टूर ऑपरेटर्स के जरिए आवेदन कर सकते हैं. यात्रा के लिए आधार कार्ड, मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट और इनर लाइन परमिट (ILP) अनिवार्य होंगे. साथ ही ट्रैवल इंश्योरेंस भी जरूरी है.
क्या है आदि कैलाश और ओम पर्वत?
आदि कैलाश को भगवान शिव के कैलाश पर्वत का प्रतिबिंब माना जाता है, जबकि 6,191 मीटर ऊंचा ओम पर्वत अपनी बर्फ से बने ‘ॐ’ के प्राकृतिक चिन्ह के लिए प्रसिद्ध है. यह यात्रा न सिर्फ धार्मिक आस्था से जुड़ी है, बल्कि हिमालय के खूबसूरत नजारों के बीच एक अद्भुत आध्यात्मिक अनुभव भी देती है.
आदि कैलाश और ओम पर्वत पिथौरागढ़ जिले में स्थित हैं. आदि कैलाश हिमालय में विभिन्न स्थानों पर स्थित पांच अलग-अलग चोटियों के समूह में दूसरी सबसे महत्वपूर्ण चोटी है, जिसे सामूहिक रूप से पंच कैलाश के नाम से जाना जाता है.




