India-US ट्रेड डील का असर: शेयर बाजार में तूफानी तेजी, Sensex 2300 अंक उछला, Nifty 700 अंक ऊपर
भारत-अमेरिका ट्रेड डील के बाद शेयर बाजार में जोरदार उछाल देखने को मिला है. टैरिफ 50% से घटकर 18% होने से निवेशकों का भरोसा लौटा और बाजार नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ता दिखा.
Stock Market
भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील होते ही भारतीय शेयर बाजार जबरदस्त उछला है और एक बार फिर निवेशकों का भरोसा लौट आया और सोमवार को बाजार ने ज़ोरदार रैली के साथ एंट्री ली. शुरुआती कारोबार में ही Sensex करीब 2300 अंक उछल गया, जबकि Nifty ने 700 अंकों की छलांग लगाकर बाजार के मूड में आए बड़े बदलाव का संकेत दिया.
सुबह 9:31 बजे के आसपास Sensex 2291.17 अंकों की बढ़त के साथ 83,966.99 के स्तर पर ट्रेड कर रहा था, इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, वहीं Nifty50 702 अंक चढ़कर 25,790.40 पर पहुंच गया. महीनों से बाजार पर दबाव डाल रही भारत- अमेरिका टैरिफ अनिश्चितता जैसे ही खत्म हुई, बाजार ने बिना देर किए इसका जश्न मना लिया.
टैरिफ कट से कितना उछलेगा बाजार?
भारत और अमेरिका के बीच हुए समझौते के तहत अमेरिकी टैरिफ को 50 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया है. यही मुद्दा पिछले कई महीनों से निवेशकों की चिंता का सबसे बड़ा कारण बना हुआ था. जैसे ही यह परेशानी हटी, बाजार में जोखिम लेने की भूख अचानक बढ़ गई और तेज़ खरीदारी देखने को मिली तो वहीं दावा किया जा रहा है कि मार्केट में उछल-कूद का दौर जारी रहेगा.
क्या ट्रेड डील का बाजार कनेक्शन?
Geojit Investments Limited के चीफ इन्वेस्टमेंट स्ट्रैटेजिस्ट वीके विजयकुमार ने इस डील को भारत के लिए ऐतिहासिक करार दिया. उन्होंने कहा कि US-India ट्रेड डील का लंबे समय से इंतजार था. अमेरिका द्वारा भारत पर टैरिफ 50% से घटाकर 18% करना भारतीय अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार के लिए गेम चेंजर है. डील में देरी ही वह एकमात्र बड़ा कारण थी, जो बाजार पर बोझ बनकर बैठी हुई थी.”
विजयकुमार के मुताबिक इस समझौते का असर कई स्तरों पर दिखेगा. FY27 में भारत की ग्रोथ रेट करीब 7.5% तक पहुंच सकती है, जिसे अमेरिका को बढ़ते निर्यात से समर्थन मिलेगा. कॉरपोरेट अर्निंग्स, जो पहले ही सुधार के संकेत दे रही थीं, अब 16-18% तक तेज हो सकती हैं. रुपये में भी मजबूत मजबूती देखने को मिलेगी.”
वीके विजयकुमार ने आगे कहा कि US-India ट्रेड डील के साथ-साथ EU-India समझौते में प्रगति और ग्रोथ-ओरिएंटेड बजट मिलकर अर्थव्यवस्था में फिर से ‘एनिमल स्पिरिट्स’ जगा देंगे. उनके शब्दों में 'शेयर बाजार इन सभी घटनाओं को पहले से भांपते हुए अब नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ेगा.'
क्या बोले एक्सपर्ट?
विश्लेषकों के मुताबिक, डील से पहले बाजार में बड़े पैमाने पर शॉर्ट पोजिशन बनी हुई थीं. अचानक आई स्पष्टता ने ज़बरदस्त शॉर्ट कवरिंग को जन्म दिया, जिसने तेजी को और धार दे दी. विजयकुमार का मानना है कि यह उछाल सिर्फ चुनिंदा शेयरों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सभी मार्केट कैप में फैलेगा. लार्जकैप स्टॉक्स, जो फिलहाल उचित वैल्यूएशन पर हैं, विदेशी निवेशकों की वापसी के साथ बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं. बैंकिंग, NBFC, टेलीकॉम, कैपिटल गुड्स और IT जैसे ब्लूचिप्स में तेज़ी आएगी. टेक्सटाइल स्टॉक्स पर खास फोकस रहेगा.”
कैसा रहेगा आज का मार्केट?
Kotak Securities के इक्विटी रिसर्च हेड श्रीकांत चौहान के मुताबिक, तकनीकी चार्ट्स भी साफ तौर पर ट्रेंड रिवर्सल दिखा रहे हैं. उन्होंने बताया कि शुरुआती गिरावट के बाद Nifty ने 24,700 और Sensex ने 80,400 के अहम सपोर्ट लेवल को सफलतापूर्वक होल्ड किया. इसके बाद बाजार ने ज़ोरदार वापसी की और Nifty दिन के निचले स्तर से 400 अंक से ज्यादा उछल गया, जबकि Sensex में 1300 अंकों से अधिक की रिकवरी दिखी.
क्या यह तेजी टिकाऊ है?
चौहान के अनुसार, इंट्राडे चार्ट्स पर बना रिवर्सल पैटर्न यह दिखाता है कि ट्रेडर्स अब सतर्कता छोड़कर आक्रामक खरीदारी की ओर बढ़ रहे हैं. डेली चार्ट पर बनी मजबूत बुलिश कैंडल इस बात की पुष्टि करती है कि ऊपर की दिशा में मोमेंटम लौट चुका है. उनका मानना है कि मौजूदा तेजी अस्थायी नहीं बल्कि संरचनात्मक (Structural) हो सकती है.





