अमृतसर की शांत फिज़ा को दहलाने की साजिश रच रहे तीन आतंकियों को पुलिस और बीएसएफ ने संयुक्त अभियान चलाकर दबोच लिया. यह गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है जब पूरा राज्य दशहरे के पर्व पर उत्सव की तैयारी में जुटा था. शुरुआती जांच में खुलासा हुआ कि गिरफ्तार आरोपी पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के संपर्क में थे.

उन्हें सीमा पार से ड्रोन के जरिए घातक हथियार भेजे गए थे. यह कार्रवाई आतंकी नेटवर्क की खतरनाक मंशा और उनके संगठित प्लान का खुलासा करती है. अमृतसर जैसे संवेदनशील शहर में त्योहारों के दौरान ऐसी साजिशें आम जनता की सुरक्षा को बड़ा खतरा बना सकती थीं, लेकिन सतर्कता और तेज़ कार्रवाई ने संभावित तबाही को रोक लिया.

खुफिया इनपुट पर हुई बड़ी कार्रवाई

सूत्रों के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों को कुछ दिन पहले इनपुट मिला था कि पंजाब में त्योहारों के दौरान आतंकी वारदात को अंजाम देने की योजना बनाई जा रही है. इसी सूचना के आधार पर अमृतसर जिले के सीमावर्ती इलाके में पुलिस और बीएसएफ ने संयुक्त अभियान छेड़ा. छानबीन के दौरान तीन संदिग्धों को घेरकर पकड़ लिया गया. तलाशी लेने पर उनके पास से हैंड ग्रेनेड बरामद हुए.

साजिश में पूर्व कमांडो भी शामिल

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान के बाद पुलिस को यह जानकर और हैरानी हुई कि उनमें से एक धर्मेंद्र नाम का एक शख्स भारतीय सेना की एक स्पेशल सर्विस यूनिट का पूर्व कमांडो रह चुका है. उसके साथ पकड़े गए दोनों साथी भी कथित तौर पर आईएसआई नेटवर्क से जुड़े पाए गए हैं. अधिकारियों के अनुसार, यह समूह दशहरे की रात भीड़-भाड़ वाले इलाकों में विस्फोट कर दहशत फैलाने की फिराक में था.

आईएसआई का नेटवर्क और ड्रोन खेप

जांच से यह भी साफ हुआ कि आईएसआई लगातार पंजाब और सीमावर्ती जिलों को अस्थिर करने की कोशिश कर रहा है. ड्रोन के जरिए हथगोले, हथियार और नशे की खेप भारतीय सीमा में गिराई जाती है. पुलिस ने बरामद ग्रेनेड को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है ताकि उनके सोर्स और टाइप का पता लगाया जा सके. अधिकारियों का कहना है कि इस पूरे नेटवर्क में और लोग शामिल हो सकते हैं जिनकी तलाश की जा रही है.

समय रहते नाकाम हुई बड़ी साजिश

पंजाब पुलिस ने दावा किया है कि त्वरित कार्रवाई ने एक बड़ी साजिश को समय रहते नाकाम कर दिया. राज्य में त्योहारों के दौरान सुरक्षा को और कड़ा कर दिया गया है. पुलिस और बीएसएफ के संयुक्त गश्त के जरिए सीमावर्ती गांवों में निगरानी बढ़ाई गई है.

तरनतारन से और हथगोले बरामद

इसी बीच अमृतसर ग्रामीण पुलिस को एक और बड़ी सफलता हाथ लगी. तरनतारन निवासी रविंदर सिंह उर्फ रवि को गिरफ्तार किया गया और उसके कब्जे से दो हैंड ग्रेनेड बरामद हुए. प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि वह भी आईएसआई एजेंटों के संपर्क में था और सीमा पार से हथगोले मिले. आरोपी के खिलाफ घरिंडा थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है.

पुलिस का सख्त मैसेज

पुलिस अधिकारियों ने साफ किया है कि किसी भी आतंकी मंसूबे को कामयाब नहीं होने दिया जाएगा. त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रहेगी. साथ ही इस नेटवर्क से जुड़े बाकी लोगों को भी जल्द बेनकाब कर सलाखों के पीछे भेजने की तैयारी चल रही है.