19 छक्के, 16 चौके! वानखेड़े में आया कैरेबियन तूफान, वेस्टइंडीज ने जिम्बाब्वे को 107 रन से रौदा; भारत की क्यों बढ़ गई टेंशन?
वेस्टइंडीज ने जिम्बाब्वे को एकतरफा मैच में 107 रन से हरा दिया. इस बड़ी जीत से वेस्टइंडीज ग्रुप में नंबर-1 पर पहुंच गई है. इससे भारत के लिए अब सेमीफाइनल की राह मुश्किल हो गई है.
जिम्बाब्वे के खिलाफ वेस्टइंडीज को मिली जीत से भारत की राह हुई मुश्किल
(Image Source: X/@GUMNAAM_DOST/ICC/BCCI )19 छक्के और 16 चौके... मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में जिम्बाब्वे के खिलाफ वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने जो कहर बरपाया, वो लंबे समय तक याद किया जाएगा. मैदान में चौकों और चौकों की सुनामी देखने को मिली. मैच देखने आए दर्शकों को कैरेबियन पावर का जमकर लुत्फ उठाने का मौका मिला. पूरे मैच के दौरान जिम्बाब्वे के गेंदबाज स्टेडियम और आसमान की ओर निहारते ही नजर आए.
टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 मुकाबले में जिम्बाब्वे को 107 रन से करारी शिकस्त देकर वेस्टइंडीज की टीम ग्रुप-1 की अंक तालिका में टॉप पर पहुंच गई है. उसका नेट रन रेट भी सबसे बेहतर हो गया है. दक्षिण अफ्रीका दूसरे स्थान पर है, जबकि भारत तीसरे स्थान पर है. जिस तरह से वेस्टइंडीज ने जिम्बाब्वे को हराया है, उससे अब भारत की सेमीफाइनल में पहुंचने की राह लड़खड़ाती हुई नजर आ रही है.
WI Vs ZIM Super-8 Match Highlights
- टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने उतरी जिम्बाब्वे की टीम को वेस्टइंडीज के बल्लेबाजों ने जमकर सबक सिखाया. शिमरन हेटमायर ने तूफानी बल्लेबाजी करते हुए सिर्फ 34 गेंदों में 85 रन ठोक दिए और टीम को 254/6 के विशाल स्कोर तक पहुंचा दिया, जो टी20 वर्ल्ड कप इतिहास का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर है.
- हेटमायर को शुरुआत में जीवनदान मिला, जिसका जिम्बाब्वे को भारी खामियाजा भुगतना पड़ा. हेटमायर ने सिर्फ 19 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया और रोवमैन पॉवेल (59 रन) के साथ तेज साझेदारी की.
- हेटमायर के आउट होने के बाद शेरफेन रदरफोर्ड ने 31 रन बनाकर पारी को संभाला, जबकि आखिरी ओवरों में रोमारियो शेफर्ड और जेसन होल्डर ने तेजी से रन बटोरते हुए स्कोर 250 के पार पहुंचा दिया.
- 255 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की शुरुआत बेहद खराब रही और टीम पहले तीन ओवर में ही 20 रन पर 3 विकेट खो बैठी. इसके बाद दबाव बढ़ता गया और पूरी टीम 17.4 ओवर में 147 रन पर सिमट गई.
- ब्रैड इवांस ने 43 रन की संघर्षपूर्ण पारी खेली, लेकिन बाकी बल्लेबाज टिक नहीं सके. इवांस और नगरावा के बीच 44 रन की साझेदारी हुई, जो टी-20 वर्ल्ड कप में दसवें विकेट के लिए सबसे बड़ी साझेदारी है.
- गेंदबाजी में गुडाकेश मोटी और अकील होसैन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए क्रमशः चार और तीन विकेट लेकर मैच पूरी तरह वेस्टइंडीज के नाम कर दिया.
- इस जीत से वेस्टइंडीज ने सुपर-8 चरण में अपने इरादे साफ कर दिए हैं. यह उसकी टूर्नामेंट में लगातार पांचवीं जीत है. टीम ने वानखेड़े में खेले गए अपने सभी टी-20 वर्ल्ड कप मैच में जीत हासिल की है.
- इस मैच में कुल 31 छक्के लगे, जो किसी भी टी-20 वर्ल्ड कप मैच में सबसे ज्यादा हैं. इससे पहले, 2014 में नीदरलैंड और आयरलैंड के बीच खेले गए मैच में 30 छक्के लगे थे.
- इस मैच में ब्रायन बैनेट ने अपने नाम बड़ा रिकॉर्ड दर्ज किया है. वे अब टी-20 वर्ल्ड कप में आउट होने से पहले सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बन गए हैं.
T20 WC में आउट होने से पहले सबसे ज़्यादा रन
- 180 - ब्रायन बेनेट (2026)
- 151 - टॉम कूपर (2014)
- 141 - एरॉन जोन्स (2024)
- 124 - रोहित शर्मा (2007-09)
T20I में WI के लिए सबसे बड़ा जीत का अंतर (रनों के हिसाब से)
- 134 बनाम UGA, प्रोविडेंस, 2024
- 107 बनाम ZIM, वानखेड़े, 2026
- 104 बनाम AFG, ग्रोस आइलेट, 2024
- 84 बनाम PAK, मीरपुर, 2014
- 74 बनाम AUS, कोलंबो RPS, 2012
भारत की मुश्किलें क्यों बढ़ीं?
भारत को पहले मैच में साउथ अफ्रीका के हाथों 22 फरवरी को 76 रन से करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा था. इससे उसका नेट रन रेट -3.800 है, जबकि वेस्टइंडीज का नेट रन रेट +5.350 और साउथ अफ्रीका का +3.800 है. ऐसे में भारत के लिए अब सुपर-8 के बचे हुए दो मैचों में बड़े अंतर से जीत दर्ज करना बेहद जरूरी है. अगर ऐसा नहीं होता है तो टीम दोनों मैच जीतने के बावजूद सेमीफाइनल में नहीं पहुंचेगी.
मैच के बाद क्या बोले वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप?
- शाई होप ने टीम की बल्लेबाजी की जमकर तारीफ की और कहा कि जब पूरी टीम एक साथ रन बना रही हो तो मैच देखना भी सुखद हो जाता है. उन्होंने खास तौर पर रोवमैन पॉवेल समेत सभी बल्लेबाजों के योगदान की सराहना की और कहा कि टीम धीरे-धीरे और बड़े स्कोर की ओर बढ़ रही है.
- पिच को लेकर होप ने माना कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि गेंद इतनी ज्यादा स्पिन करेगी, खासकर पहली पारी में. हालांकि उन्होंने खुशी जताई कि उनके स्पिनरों ने परिस्थितियों का पूरा फायदा उठाया.
- गुडाकेश मोती की वापसी पर होप ने कहा कि ब्रेक के बाद वे और बेहतर होकर लौटे हैं. उनकी कलाई की स्पिन टीम के लिए फायदेमंद रही.
- ओपनिंग जोड़ी पर बात करते हुए होप ने कहा कि सुधार की गुंजाइश हमेशा रहती है, लेकिन उन्हें ब्रैंडन किंग की क्षमता पर पूरा भरोसा है और जल्द ही बड़ा स्कोर देखने को मिलेगा. टीम चयन को लेकर उन्होंने कहा कि वर्ल्ड कप में पूरी स्क्वॉड इसलिए होती है ताकि परिस्थितियों और विपक्ष के अनुसार सबसे सही संयोजन चुना जा सके.
जिम्बाब्वे के कप्तान सिकंदर रजा ने हार के बाद क्या कहा?
- सिकंदर रजा ने अपनी उंगली की चोट पर कहा कि वे एक्स-रे कराएंगे और उम्मीद है सब ठीक रहेगा. उन्होंने साफ कहा कि वे हार के लिए मैदान या वेन्यू को बहाना नहीं बनाना चाहते, बल्कि टीम को इस मैच से सीख लेकर आगे बढ़ना होगा.
- रजा ने बताया कि टीम को उम्मीद थी कि पिच सपाट रहेगी, लेकिन गेंद टर्न करने लगी और यहीं से मैच हाथ से निकल गया. उन्होंने कहा कि खिलाड़ियों ने आज बहुत कुछ सीखा—धीमी पिच पर गेंदबाजी कैसे करनी है और बड़े शॉट खेलने वाले बल्लेबाजों का सामना कैसे करना है.
- रन चेज पर रजा ने कहा कि एक समय ऐसा लगा कि आखिरी ओवरों में भी मैच जीता जा सकता है, लेकिन मोती के स्पेल ने खेल का रुख बदल दिया. इसके बावजूद उन्होंने भरोसा जताया कि जिम्बाब्वे हर मैच जीतने के इरादे से उतरता है और भारत जैसी टीम के खिलाफ भी खुद को साबित करना चाहता है.