ऑस्ट्रेलिया में गणतंत्र दिवस मनाना गुनाह? भारतीयों के खिलाफ सोशल में भड़का गुस्सा, यूजर्स बोले- अपनी देशभक्ति भारत में दिखाओ
ऑस्ट्रेलिया में गणतंत्र दिवस मनाने पर भारतीयों को सोशल मीडिया पर विरोध का सामना करना पड़ रहा है. उनके खिलाफ ‘Go Back to India और Show Your Patriotism in India जैसे कमेंट लिखे गए.
Go Back to India, ऑस्ट्रेलिया में गणतंत्र दिवस मनाने पर भारतीयों के खिलाफ भड़का गुस्सा
भारत ने 26 जनवरी को अपना 77वां गणतंत्र दिवस पूरे देश में धूमधाम से मनाया गया. दिल्ली में कर्तव्य पथ पर भव्य परेड हुई, जहां राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया. इस साल गणतंत्र दिवस की थीम ‘वंदे मातरम् के 150 वर्ष’ रही. देशभर में झंडारोहण, सांस्कृतिक कार्यक्रम और परेड का आयोजन किया गया... लेकिन इसी बीच ऑस्ट्रेलिया से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो गया, जिसने नई बहस छेड़ दी है.
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि ऑस्ट्रेलिया के एक शहर में भारतीय समुदाय गणतंत्र दिवस मना रहा है. कुछ लोग ढोल बजाते नजर आ रहे हैं. कई लोग पारंपरिक भारतीय परिधान पहने हुए हैं तो कुछ लोग तिरंगा लहराते दिखाई दे रहे हैं. यह वीडियो सबसे पहले Instagram पर पोस्ट किया गया था, जिसके बाद इसे X पर भी शेयर किया गया. वीडियो के वायरल होते ही सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं आने लगीं.
‘Go Back to India’, सोशल मीडिया पर भड़का गुस्सा
वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया दो हिस्सों में बंट गया. कई यूजर्स ने भारतीयों के जश्न का समर्थन किया, तो बड़ी संख्या में लोगों ने इसे ऑस्ट्रेलिया डे के दिन अनुचित बताया. Instagram पर एक टॉप कमेंट में लिखा गया, “अपनी देशभक्ति भारत में दिखाइए. 26 जनवरी ऑस्ट्रेलिया डे भी है. ऐसे जश्न से स्थानीय लोगों में असहजता होगी.” एक अन्य यूजर ने लिखा, “अगर भारत से इतना प्यार है तो वापस भारत चले जाइए, आज ऑस्ट्रेलिया डे है.”
एक कमेंट में कहा गया, “ऑस्ट्रेलिया डे के दिन ऑस्ट्रेलियाई जमीन पर भारतीय गणतंत्र दिवस मनाना वाकई अजीब है.” एक यूजर ने सवाल उठाया, “क्या शांत सुबह को इतनी तेज आवाज से खराब करना जरूरी है? देशभक्ति गर्व सिखाए, शोर नहीं.”
X पर भी उठे तीखे सवाल
X प्लेटफॉर्म पर भी इस वीडियो को लेकर नाराजगी देखने को मिली. एक यूजर ने लिखा, “मुझे पूरा यकीन है कि ये लोग भारत में रहते हुए कभी गणतंत्र दिवस नहीं मनाते होंगे.” दूसरे ने कहा, “विदेशी जमीन पर ऐसा करना बेवकूफी है. ये बात तो स्कूल के बच्चे भी जानते हैं.” एक अन्य पोस्ट में लिखा गया, “भारत की गरीबी से निकलकर आए और अब ऑस्ट्रेलिया के लिए कृतज्ञ भी नहीं हो.”
एनआरआई देशभक्ति पर छिड़ी बहस
इस वीडियो के बाद एक बार फिर NRI देशभक्ति, विदेश में राष्ट्रीय पर्व मनाने की सीमाएं, और स्थानीय संस्कृति के सम्मान को लेकर बहस तेज हो गई है. सवाल यह भी उठ रहा है कि क्या विदेशी जमीन पर इस तरह के सार्वजनिक आयोजन स्थानीय भावनाओं को ठेस पहुंचाते हैं या यह अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का हिस्सा है.





