त्रिशूल रक्षा संग्रहालय का निमंत्रण लेकर रक्षा मंत्री से मिली ‘टीम मुरादाबाद’, IAS अफसर के संकल्प पर राजनाथ सिंह भी हुए हैरान
मुरादाबाद नगर निगम द्वारा निर्माणाधीन त्रिशूल रक्षा संग्रहालय के उद्घाटन को लेकर महापौर विनोद अग्रवाल, कमिश्नर आंजनेय सिंह (IAS) और नगर आयुक्त दिव्यांशु पटेल (IAS) ने देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात की. इस दौरान संग्रहालय, सांस्कृतिक राष्ट्रवाद से जुड़े प्रोजेक्ट्स और 19 फरवरी को प्रस्तावित उद्घाटन तिथि पर चर्चा हुई. खास बात तब सामने आई जब रक्षा मंत्री को बताया गया कि नगर आयुक्त ने संग्रहालय पूरा होने तक दाढ़ी न बनाने का संकल्प लिया है. इस समर्पण पर रक्षा मंत्री ने खुलकर सराहना की और पूरी टीम को आशीर्वाद दिया.
मुरादाबाद नगर निगम द्वारा निर्माणाधीन त्रिशूल रक्षा संग्रहालय अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बनता जा रहा है. इसी कड़ी में महापौर विनोद अग्रवाल, मुरादाबाद के कमिश्नर आंजनेय सिंह (IAS) और नगर आयुक्त दिव्यांशु पटेल (IAS) ने देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से शिष्टाचार भेंट की. इस मुलाकात का उद्देश्य संग्रहालय के उद्घाटन समारोह का औपचारिक निमंत्रण देना और मुरादाबाद में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी शेयर करना था. दिल्ली में हुई यह मुलाकात मुरादाबाद के लिए एक बड़ी उपलब्धि के रूप में देखी जा रही है. नगर निगम की योजनाओं ने इस दौरान रक्षा मंत्री का विशेष ध्यान खींचा.
भेंट के दौरान नगर निगम मुरादाबाद की ओर से दीपोत्सव ड्रोन शो में प्रदर्शित ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का इलेक्ट्रॉनिक फ्रेम रक्षा मंत्री को भेंट किया गया. इसके साथ ही नगर निगम का वार्षिक कैलेंडर भी उन्हें सौंपा गया. ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की प्रस्तुति को देखकर रक्षा मंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त की और इसकी रचनात्मकता की सराहना की. यह प्रस्तुति मुरादाबाद की सांस्कृतिक और राष्ट्रवादी सोच को दर्शाने वाली मानी गई.
नगर निगम के कार्यों पर रक्षा मंत्री की सराहना
महापौर विनोद अग्रवाल ने नगर निगम द्वारा किए जा रहे विभिन्न विकास कार्यों की विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि किस तरह मुरादाबाद को सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान के साथ आधुनिक स्वरूप दिया जा रहा है. इस पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नगर निगम के प्रयासों की खुले मंच से सराहना की. उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर ऐसे कार्य राष्ट्रीय चेतना को मजबूत करते हैं.
सांस्कृतिक राष्ट्रवाद थीम पर ऐतिहासिक कायाकल्प
कमिश्नर आंजनेय सिंह ने त्रिशूल रक्षा संग्रहालय के साथ-साथ संविधान वाटिका, हनुमान वाटिका और राणा सांगा स्मारक जैसे प्रोजेक्ट्स का विस्तृत प्रस्तुतिकरण दिया. उन्होंने बताया कि ये सभी योजनाएं सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की थीम पर आधारित हैं और मुरादाबाद की ऐतिहासिक छवि को नया आयाम दे रही हैं. रक्षा मंत्री ने इस पर कहा कि इन परियोजनाओं की चर्चा पहले से ही उच्च स्तर पर हो रही है. यह टिप्पणी मुरादाबाद प्रशासन के लिए एक बड़ी प्रशंसा मानी गई.
19 फरवरी क्यों खास?
नगर आयुक्त दिव्यांशु पटेल ने त्रिशूल रक्षा संग्रहालय पर विस्तार से प्रेजेंटेशन देते हुए उद्घाटन की प्रस्तावित तिथि 19 फरवरी के पीछे का तर्क रखा. उन्होंने बताया कि 19 फरवरी नौसेना के जनक छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती है, इसलिए यह दिन राष्ट्रीय गौरव के लिहाज से सबसे उपयुक्त है. इस प्रस्ताव पर रक्षा मंत्री ने सहर्ष सहमति जताई. उन्होंने इसे इतिहास और राष्ट्रभक्ति को जोड़ने वाला निर्णय बताया.
IAS अफसर के संकल्प ने बढ़ाया कौतूहल
मुलाकात के दौरान माहौल तब और रोचक हो गया जब कमिश्नर ने बताया कि नगर आयुक्त दिव्यांशु पटेल ने संग्रहालय के तेज़ी से पूर्ण होने तक दाढ़ी न बनाने का संकल्प लिया है. यह सुनकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह खुद को प्रशंसा करने से रोक नहीं पाए. उन्होंने इसे शासकीय कार्य के प्रति असाधारण समर्पण बताते हुए महापौर से मजाकिया अंदाज़ में उद्घाटन के दिन नाई की व्यवस्था करने को कहा. साथ ही पूरी ‘टीम मुरादाबाद’ को आशीर्वाद देते हुए इस समर्पण भावना की खुलकर सराहना की.





