सर्वदलीय बैठक में SIR के मुद्दे पर हुआ हंगामा, कांग्रेस बोली- अब वोट की डकैती होगी... जानें मीटिंग में क्या-क्या हुआ
संसद का शीतकालीन सत्र 1 दिसंबर से शुरू होने जा रहा है. इस सत्र से एक दिन पहले रक्षा मत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में एक सर्वदलीय बैठक हुई. जिसमें विपक्ष ने SIR के मुद्दों पर सरकार को घेरा. शीतकालीन सत्र 19 दिसंबर तक चलने वाला है.
संसद का शीतकालीन सत्र 1 दिसंबर से शुरू होने जा रहा है और इससे पहले बुलाई गई सर्वदलीय बैठक में राजनीतिक तापमान खासा बढ़ गया. रविवार को हुई इस मीटिंग में सत्ता पक्ष और विपक्ष के तमाम वरिष्ठ नेता मौजूद रहे. बैठक का उद्देश्य सत्र को सुचारू रूप से चलाने के लिए सहयोग सुनिश्चित करना था, लेकिन चर्चा के दौरान SIR का मुद्दा सबसे अधिक हावी रहा, जिससे संकेत मिलते हैं कि आगामी सत्र में संसद के भीतर जोरदार टकराव देखने को मिलेगा.
बैठक के बाहर भी विपक्ष का सुर तीखा रहा. कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अब सिर्फ वोट चोरी नहीं, बल्कि डकैती हो रही है. ऐसे बयानों से साफ है कि सत्र में विपक्ष कई मोर्चों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है.
राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई सर्वदलीय बैठक
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में सरकार ने संसद के सुचारू संचालन को लेकर विपक्ष से सहयोग की अपील की. पार्लियामेंट्री अफेयर्स मंत्री किरन रिजिजू ने कहा कि सरकार विपक्ष की हर बात सुनेगी और रचनात्मक संवाद के लिए पूरी तरह तैयार है. इस बैठक में राज्यसभा में नेता सदन जेपी नड्डा, संसदीय कार्य मंत्री किरन रिजिजू, राज्य मंत्री अर्जुन मेघवाल, एल. मुरुगन, जेडीयू से संजय झा, कांग्रेस से प्रमोद तिवारी, जयराम रमेश, टीएमसी के डेरेक ओ’ब्रायन, आरजेडी के मनोज झा, सपा के राम गोपाल यादव, आप के सुशील गुप्ता, बीजेपी के संबित पात्रा, अपना दल की अनुप्रिया पटेल मौजूद रहें.
बैठक में SIR पर तीखी बहस
सूत्रों के अनुसार सर्वदलीय बैठक में SIR मुद्दा सबसे बड़ा विवाद बनकर उभरा. कांग्रेस ने सरकार से सवाल पूछा क्या हो रहा है? टीएमसी, डीएमके और सपा ने भी इस मुद्दे को आक्रामक अंदाज में उठाया. बैठक के बाद साफ संकेत मिला कि शीतकालीन सत्र के दौरान SIR को लेकर भारी हंगामा हो सकता है और विपक्ष इस पर सरकार को लगातार घेरने की रणनीति अपनाएगा.
प्रमोद तिवारी का हमला
बैठक से पहले कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी ने सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा 'अब वोट की चोरी नहीं बल्कि डकैती हो रही है.' उन्होंने यह भी कहा कि संसद सत्र में SIR के साथ-साथ आतंकवाद और विदेश नीति जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे भी जोरदार तरीके से उठाए जाएंगे.
जेडीयू का पलटवार
जेडीयू नेता संजय झा ने विपक्ष की चिंताओं को खारिज करते हुए कहा कि पिछले सत्र में भी विपक्ष लगातार SIR को लेकर हंगामा करता रहा, लेकिन उन्हें कुछ हाथ नहीं लगा. उन्होंने बिहार चुनाव नतीजों का हवाला देते हुए कहा कि SIR पर उत्पन्न आशंकाएं निराधार हैं.
इस बार सत्र में क्या होगा?
शीतकालीन सत्र 1 दिसंबर से 19 दिसंबर तक चलेगा. 19 दिनों में कुल 15 बैठकें प्रस्तावित हैं. सरकार एटॉमिक एनर्जी बिल समेत 10 नए बिल पेश करने की तैयारी में है. दूसरी तरफ विपक्ष, खासकर कांग्रेस, टीएमसी और डीएमके, SIR मुद्दे पर सरकार को कठघरे में खड़ा करने की रणनीति बना चुके हैं. ऐसे में यह सत्र राजनीतिक रूप से काफी तीखा और उथल-पुथल भरा रहने वाला है.





