जम्मू-कश्मीर में अलर्ट जारी: सीमा पर दिखे पाकिस्तानी ड्रोन, सेना ने की फायरिंग, सर्च ऑपरेशन शुरु- देखिए VIDEO
जम्मू-कश्मीर में रविवार शाम उस वक्त हड़कंप मच गया, जब अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) और नियंत्रण रेखा (LoC) के पास एक के बाद एक संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन देखे गए. सांबा, राजौरी और पुंछ जिलों में ड्रोन मूवमेंट की खबर मिलते ही सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर डाल दिया गया और बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू किया गया.
जम्मू-कश्मीर में रविवार शाम उस वक्त हड़कंप मच गया, जब अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) और नियंत्रण रेखा (LoC) के पास एक के बाद एक संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन देखे गए. सांबा, राजौरी और पुंछ जिलों में ड्रोन मूवमेंट की खबर मिलते ही सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर डाल दिया गया और बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू किया गया.
अधिकारियों के मुताबिक, कम से कम पांच संदिग्ध ड्रोन आगे के इलाकों में देखे गए, जिससे इस आशंका को बल मिला कि सीमा पार से हथियार या तस्करी का सामान गिराने की कोशिश की गई हो सकती है. सभी ड्रोन भारतीय हवाई क्षेत्र में घुसते हुए देखे गए, कुछ देर संवेदनशील इलाकों के ऊपर मंडराए और फिर वापस पाकिस्तान की ओर लौट गए.
रक्षा सूत्रों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर के नौशेरा–राजौरी सेक्टर में नियंत्रण रेखा (LoC) के पास पाकिस्तान सेना के कुछ ड्रोन देखे गए. भारतीय सेना के जवानों ने तुरंत काउंटर अनमैन्ड एरियल सिस्टम (C-UAS) उपाय अपनाए, जिसके बाद सभी ड्रोन वापस अपनी ओर लौट गए.
ड्रोन दिखते ही एक्टिव हुआ सुरक्षा तंत्र
ड्रोन की सूचना मिलते ही सुरक्षा एजेंसियों ने तय मानक प्रक्रियाओं (SOP) को तुरंत लागू किया. सीमावर्ती चौकियों पर तैनात जवानों को अलर्ट किया गया और संभावित ड्रॉप ज़ोन में सेना, पुलिस और अन्य एजेंसियों की संयुक्त टीमें भेजी गईं.
राजौरी में सेना की फायरिंग
राजौरी जिले के नौशेरा सेक्टर में गनिया-कलसियां गांव के इलाके में शाम करीब 6.35 बजे एक ड्रोन देखे जाने के बाद सेना के जवानों ने मीडियम और लाइट मशीन गन से फायरिंग की. अधिकारियों के अनुसार, ड्रोन काफी नीचे उड़ रहा था, जिससे सुरक्षा बलों को तुरंत प्रतिक्रिया देनी पड़ी.
इसी दौरान तेरयाथ क्षेत्र के खब्बर गांव के पास भी एक ड्रोननुमा वस्तु नजर आई. बताया गया कि ब्लिंकिंग लाइट के साथ उड़ रही यह वस्तु कलाकोट के धरमसाल गांव की दिशा से आई और भराख की ओर बढ़ते हुए गायब हो गई.
सांबा और पुंछ में भी संदिग्ध मूवमेंट
सांबा जिले के रामगढ़ सेक्टर के चक बबराल गांव में रात करीब 7.15 बजे एक ड्रोननुमा वस्तु कुछ मिनट तक हवा में मंडराती देखी गई. वहीं पुंछ जिले के मंकोट सेक्टर में तैन इलाके से टोपा की ओर बढ़ता एक संदिग्ध ड्रोन शाम करीब 6.25 बजे नजर आया.
रातभर चला तलाशी अभियान
इन सभी घटनाओं के बाद प्रभावित इलाकों में सेना, पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने संयुक्त तलाशी अभियान शुरू किया. अधिकारियों ने बताया कि एहतियातन यह सर्च ऑपरेशन देर रात तक जारी रहा, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि किसी भी तरह का हथियार, विस्फोटक या संदिग्ध सामग्री भारतीय क्षेत्र में न गिराई गई हो.
पहले भी हो चुकी है हथियारों की बरामदगी
गौरतलब है कि यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है, जब कुछ ही दिन पहले सांबा जिले के पालूरा गांव से हथियारों का जखीरा बरामद किया गया था. सुरक्षा एजेंसियों का दावा है कि यह खेप शुक्रवार रात एक पाकिस्तानी ड्रोन के जरिए गिराई गई थी, जिसमें दो पिस्तौल, तीन मैगजीन, 16 राउंड गोलियां और एक ग्रेनेड शामिल थे. इस घटना ने सीमा पार ड्रोन के जरिए घुसपैठ और तस्करी को लेकर चिंताएं और बढ़ा दी हैं.





