सड़कों पर जलती कारें और एयरपोर्ट पर भागते लोग; ड्रग लॉर्ड El Mencho की हत्या के बाद मेक्सिको में क्यों हो रही है हिंसा?
मेक्सिको के कुख्यात ड्रग लॉर्ड Nemesio Ruben Oseguera Cervantes उर्फ एल मेंचो की सैन्य अभियान में घायल होने के बाद मौत हो गई है. उसकी मौत के बाद जालिस्को समेत कई राज्यों में हिंसा भड़क उठी है. इस वक्त मैक्सिको के हालात काफी गंभीर हैं.
Mexico Violence: मेक्सिको की रक्षा मंत्रालय ने ऐलान किया कि एल मेंचो, दुनिया के सबसे तलाशे जाने वाले ड्रग तस्करों में से एक और जालीस्को न्यू जनरेशन कार्टेल (CJNG) का नेता, मिलिट्री ऑपरेशन के दौरान मारा गया है. एल मेंचो का असली नाम नेमेसियो रूबेन ओसेगुएरा सर्भांटेस था.
उसकी मौत के बाद मेक्सिको के कई राज्यों में हिंसा फैल गई है. रिपोर्टों के मुताबिक, जलाए गए वाहन और हथियारबंद लोग सड़कों और हाईवे पर दिखाई दे रहे हैं. यह हिंसा खासकर जालिस्को राज्य में ज्यादा देखने को मिल रही है.
कैसे हुई एल मेंचो की मौत?
रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, एल मेंचो पश्चिमी राज्य जालिस्को में मिलिट्री रेड के दौरान लगी चोटों की वजह से मारा गया. उसे मेक्सिको सिटी ले जाते समय हवाई मार्ग से ट्रांसफर किया जा रहा था, तभी उसकी मौत हो गई.
एल मेंचो के संगठन का नाम क्या था?
एल मेंचो का अपराध संगठन, जालिस्को न्यू जनरेशन कार्टेल (CJNG), पिछले दशक में मेक्सिको का सबसे शक्तिशाली संगठित अपराध सिंडिकेट बन गया है और यह अमेरिका में अवैध ड्रग्स की तस्करी में भी अहम भूमिका निभाता रहा है. उसकी मौत के बाद फैलने वाली हिंसा ने दिखाया कि मेक्सिको के कार्टेल अक्सर सैन्य अभियानों को रोकने के लिए इस तरह की रणनीति अपनाते हैं.
वायरल वीडियोज़ में क्या है?
हिंसा के फैलने के बाद, राष्ट्रपति क्लॉडिया शीनबॉम ने X (पूर्व ट्विटर) पर लिखा कि संघीय सरकार राज्य सरकारों के साथ पूरी तरह से कॉन्टैक्ट बनाए हुए हैं. सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में जालिस्को के टूरिस्ट शहर पुएर्तो वल्लार्टा में धुएँ के गुब्बारे दिखाई दे रहे हैं, और लोग हवाई अड्डे पर भागते नजर आए. राज्य की राजधानी ग्वाडलाजारा में गाड़ियों में आग लगा दी गई और उन्हें बीच सड़कर पर खड़ा कर दिया गया.
एल मेंचो को किसने मारा?
एल मेंचो के खिलाफ यह मिलिट्री ऑपरेशन उस समय हुआ जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन ने शीनबॉम सरकार पर ड्रग तस्करी के खिलाफ कार्रवाई बढ़ाने का दबाव डाला था. अमेरिका ने मेक्सिको में सीधे हस्तक्षेप की धमकियां भी दी थीं. अमेरिका ने एल मेंचो की गिरफ्तारी या सजा के लिए जानकारी देने वाले किसी भी शख्स को 15 मिलियन डॉलर का इनाम देने की पेशकश की थी. उस पर कोकीन, मेथाम्फेटामिन और फेंटेनाइल जैसी दवाओं को उत्तर अमेरिका में भेजने का आरोप था.
CJNG क्या था आतंकी संगठन?
पिछले साल, CJNG को ट्रंप प्रशासन ने विदेशी आतंकवादी संगठन घोषित किया था. अमेरिका के उप विदेश सचिव क्रिस्टोफर लैंडॉ ने ओसेगुएरा की मौत को अमेरिका, मेक्सिको और पूरे लैटिन अमेरिका के लिए "महत्वपूर्ण उपलब्धि" बताया है.
अमेरिका ने क्या कहा?
जालिस्को और CJNG के अन्य क्षेत्रों में फैली हिंसा के बीच, अमेरिकी विदेश विभाग ने अमेरिकी नागरिकों को कई मेक्सिको राज्यों में अपने स्थान पर बने रहने की चेतावनी दी है. यह चेतावनी जालिस्को, टामाउलिपास, मिचोआकन, गुएरेरो और न्यूवो लियोन राज्यों के लिए थी. कनाडा ने भी अपने नागरिकों को पुएर्तो वल्लार्टा में घर पर रहने और जालिस्को में कम दिखाई देने की सलाह दी है.
भारत ने क्या कहा?
मेक्सिको स्थित भारतीय दूतावास ने ट्वीट कर वहां रह रहे सभी भारतीय नागरिकों के लिए सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है. दूतावास ने कहा है कि देश में जारी सुरक्षा अभियानों के चलते कई जगहों पर सड़कों की नाकाबंदी और आपराधिक गतिविधियां देखी जा रही हैं.
एडवाइजरी के मुताबिक, जालिस्को राज्य (प्यूर्टो वल्लार्टा, चापाला और गुआडालाजारा क्षेत्र), तामाउलिपास राज्य (रेनोसा और अन्य नगर पालिकाएं), मिचोआकान, गुरेरो और नुएवो लियोन राज्यों में रहने वाले भारतीय नागरिक अगले नोटिफिकेशन तक सुरक्षित स्थानों पर ही रहें.
दूतावास ने नागरिकों को सलाह दी है कि वे पुलिस गतिविधि वाले क्षेत्रों से दूर रहें, अपने आसपास के माहौल के प्रति सतर्क रहें, सुरक्षित स्थान पर शरण लें और अत्यावश्यक न हो तो बाहर आने-जाने से बचें.
ओसेगुएरा के नेतृत्व में, CJNG एक इलाकाई गुट से एक इंटरनेशनल तस्करी नेटवर्क बन गया था. यह संगठन भारी हथियारों, सैन्य शैली की काफिलाओं और हिंसा के सार्वजनिक प्रदर्शन के लिए जाना जाता था, ताकि विरोधियों और अधिकारियों को डराया जा सके. हालांकि यह सिनालोआ कार्टेल, जिसे कभी जुआक्विन 'एल चापो' गुज़मैन ने नेतृत्व किया था, उतना इंटरनेशनल लेवल पर फेमस नहीं था.