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मिल गया Umair का 7 मिनट 11 सेकेंड का Viral Video! पाक महिला ने कहा- मेरा पति नामर्द

हाल के दिनों में “19 मिनट 34 सेकेंड” के दावों का शोर थमा भी नहीं था कि अब पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान से जुड़े एक कथित Umair Viral वीडियो को लेकर नए-नए दावे सामने आने लगे हैं. वीडियो की लंबाई, संदर्भ और सच्चाई को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी बहस छिड़ी हुई है.

मिल गया Umair का 7 मिनट 11 सेकेंड का Viral Video! पाक महिला ने कहा- मेरा पति नामर्द
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( Image Source:  Social Media )
सागर द्विवेदी
By: सागर द्विवेदी

Updated on: 5 Jan 2026 3:18 PM IST

सोशल मीडिया पर वायरल कंटेंट की बाढ़ के बीच एक और कथित Viral वीडियो ने लोगों का ध्यान खींच लिया है. हाल के दिनों में “19 मिनट 34 सेकेंड” के दावों का शोर थमा भी नहीं था कि अब पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान से जुड़े एक कथित Umair Viral वीडियो को लेकर नए-नए दावे सामने आने लगे हैं. वीडियो की लंबाई, संदर्भ और सच्चाई को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी बहस छिड़ी हुई है.

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वायरल दावों के मुताबिक, इस वीडियो में एक महिला दिखाई दे रही है, जिसके कथित बयान और वीडियो की अवधि को लेकर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं. हालांकि, अब तक किसी भी दावे की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है और यह पूरा मामला सोशल मीडिया चर्चाओं तक ही सीमित है.

क्या है वायरल दावे की कहानी?

सोशल मीडिया पर फैल रहे दावों के अनुसार, वीडियो में महिला कथित तौर पर कहती है- “उमैरी मेरे से निकाह कर ले, वीडियो बना वायरल कर दे, कोई दिक्कत नहीं.” इन्हीं कथित शब्दों के आधार पर वीडियो को अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर शेयर किया जा रहा है और इसे लेकर सनसनी फैलाई जा रही है.

7 मिनट 11 सेकेंड या 11 मिनट 7 सेकेंड?

वीडियो की लंबाई को लेकर भी भ्रम की स्थिति बनी हुई है. कुछ यूजर्स इसे 7 मिनट 11 सेकेंड का बता रहे हैं, जबकि कुछ का दावा 11 मिनट 7 सेकेंड का है. इन परस्पर विरोधी दावों के चलते सोशल मीडिया पर बहस और तेज हो गई है. कुछ सोशल मीडिया यूजर्स का यह भी कहना है कि वीडियो में दिख रही महिला शादीशुदा है. एक यूजर ने दावा किया कि महिला अपने पति को लेकर यह भी कहती है कि “मेरा पति गे है.” हालांकि, यह दावा भी केवल सोशल मीडिया पोस्ट्स तक सीमित है और इसकी पुष्टि नहीं हुई है.

आधिकारिक पुष्टि का इंतजार

अब तक न तो किसी सरकारी एजेंसी और न ही किसी विश्वसनीय स्रोत ने इस वीडियो या उससे जुड़े दावों की पुष्टि की है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह पूरा मामला फिलहाल सोशल मीडिया अफवाहों पर आधारित है और इसे तथ्य के रूप में नहीं लिया जा सकता. वायरल दावों पर आंख मूंदकर भरोसा करने के बजाय सत्यापन जरूरी है. बिना पुष्टि वाले वीडियो और दावों को शेयर करना न केवल भ्रामक है, बल्कि कानूनी परेशानियों का कारण भी बन सकता है.

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