Nobel Prize : किसी और को दिया जा सकता है नोबेल पुरस्कार, क्या कहते हैं फाउंडेशन के नियम?
क्या नोबेल पुरस्कार किसी और को दिया जा सकता है? नोबेल फाउंडेशन के नियम इस पर क्या कहते हैं? जानिए नोबेल पुरस्कार के ट्रांसफर, साझा करने और रद्द करने से जुड़े सख्त नियमों की पूरी जानकारी.
नोबेल पुरस्कार को दुनिया का सबसे प्रतिष्ठित सम्मान माना जाता है, लेकिन इससे जुड़े नियम उतने ही सख्त और स्पष्ट हैं. हाल के दिनों में यह सवाल तेजी से उठा है कि क्या कोई नोबेल पुरस्कार विजेता अपना सम्मान किसी और व्यक्ति को दे सकता है? क्या ऐसा करना नियमों के तहत संभव है या फिर यह केवल एक भावनात्मक बयान भर हो सकता है?
दरअसल, नोबेल फाउंडेशन, जो इस पुरस्कार का संरक्षक है, ने इस विषय पर अपने नियमों में कोई गुंजाइश नहीं छोड़ी है. अल्फ्रेड नोबेल की वसीयत के अनुसार दिए जाने वाले इस सम्मान को लेकर ट्रांसफर, साझा करने या किसी अन्य व्यक्ति के नाम करने की अनुमति नहीं है. फाउंडेशन के नियम साफ कहते हैं कि एक बार पुरस्कार घोषित हो जाने के बाद वह उसी व्यक्ति या संस्था का होता है, जिसे चयन समिति ने चुना हो.
नोबेल ट्रस्ट का पूरा नाम The Nobel Foundation है. यह फाउंडेशन स्वीडिश उद्योगपति अल्फ्रेड नोबेल की इच्छापत्र (Will) के अनुसार स्थापित किया गया सम्मानों के प्रबंधन और नियमों के लिए जिम्मेदार है. नोबेल शांति पुरस्कार का चयन “Norwegian Nobel Committee” (नॉर्वेजियन नोबेल कमेटी) करती है. यह समिति 5 सदस्यों की होती है, जिन्हें नॉर्वेजियन संसद (Storting) द्वारा नियुक्त किया जाता है और यह पुरस्कार अल्फ्रेड नोबेल की इच्छा के अनुसार देती है.
सम्मानित शख्स किसी और को दे सकता है नोबेल?
नहीं, नोबेल शांति पुरस्कार को किसी और को ट्रांसफर, साझा या वापस देना संभव नहीं है. नोबेल फाउंडेशन के नियमों के अनुसार एक बार पुरस्कार घोषित होने के बाद वह व्यक्ति/समूह ही पुरस्कार रखता है. हालांकि, कुछ मीडिया रिपोर्टों के अनुसार विजेता पुरस्कार राशि को अपनी इच्छा से खर्च या शेयर कर सकता है, लेकिन पदवी/टाइटल ट्रांसफर नहीं हो सकता.
2025 का नोबेल प्राइज किसे?
वेनेज़ुएला की विपक्षी नेता María Corina Machado को 2025 का नोबेल शांति पुरस्कार मिला था. नोबेल फाउंडेशन ने उन्हें लोकतांत्रिक अधिकारों और शांतिपूर्ण संक्रमण के लिए उनके संघर्ष के लिए सम्मानित किया गया.
क्या मचाडो पुरस्कार ट्रंप को दे सकती हैं?
नहीं, हाल ही में María Corina Machado ने कहा था कि वह अपने नोबेल शांति पुरस्कार को डोनाल्ड ट्रंप को देना चाहती हैं. ऐसा वह कृतज्ञता के रूप में करना चाहती हैं, लेकिन लेकिन Norwegian Nobel Committee ने स्पष्ट कर दिया कि नोबेल शांति पुरस्कार को ट्रांसफर, साझा या फिर किसी और को नहीं दिया जा सकता. इसलिए चाहे Machado चाहें या ट्रंप इसे स्वीकार करने को तैयार हों, नोबेल ट्रांसफर नियम इसे अनुमति नहीं देता.
नोबेल पुरस्कार के नियम
नोबेल पुरस्कार की घोषणा एक बार हो जाने के बाद वह मंजूर और अंतिम है. उसे किसी भी स्थिति में ट्रांसफर, साझा, वापस या रद्द नहीं किया जा सकता. विजेता पुरस्कार राशि अलग से वितरित कर सकता है, लेकिन सम्मान वही रहता है.
दरअसल, नोबेल फाउंडेशन पुरस्कारों का मैनेजमेंट करता है, लेकिन नॉर्वे की संसद द्वारा नियुक्त नॉर्वेजियन नोबेल समिति शांति पुरस्कार विजेता का चयन करती है; एक पुरस्कार विजेता द्वारा पुरस्कार किसी और ट्रांसफर या दिया नहीं जा सकता, क्योंकि यह निर्णय अंतिम होता है. हालांकि पैसा उनका होता है और वे इसे अपनी इच्छानुसार इस्तेमाल कर सकते हैं. जबकि मारिया कोरिना मचाडो ने 2025 का शांति पुरस्कार जीता, वह इसे डोनाल्ड ट्रम्प को नहीं दे सकतीं क्योंकि यह नॉन-ट्रांसफरेबल है और विशिष्ट मानदंडों के आधार पर दिया जाता है, न कि व्यक्तिगत पसंद या राजनीतिक लेन-देन के आधार पर.





