'सैलरी की बात तो निकाल दिया गया', नोएडा में वेतन बढ़ाने की मांग पर सड़कों में उतरे हजारों मजदूर; फेज-2 में जाम से हड़कंप
नोएडा फेज-2 में मजदूरों ने सैलरी बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया, सड़क जाम, पुलिस और प्रशासन मौके पर, इसके साथ मजदूरों ने कहा कि सैलरी की बात की तो सीधे निकाल दिया. जिसके बाद वो सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे हैं.
नोएडा के औद्योगिक क्षेत्र फेज-2 में आज उस वक्त हालात अचानक बिगड़ गए, जब फैक्ट्रियों में काम करने वाले हजारों मजदूर अपनी सैलरी बढ़ाने की मांग को लेकर सड़कों पर उतर आए. देखते ही देखते प्रदर्शन ने उग्र रूप ले लिया और मुख्य मार्ग पर जाम लग गया, जिससे आवाजाही पूरी तरह बाधित हो गई.
मजदूरों का कहना है कि लगातार बढ़ती महंगाई ने उनकी कमर तोड़ दी है और मौजूदा वेतन में घर चलाना मुश्किल हो गया है. यही वजह है कि वे अब अपनी मांगों को लेकर खुलकर सामने आए हैं और प्रशासन से तुरंत समाधान की मांग कर रहे हैं.
आखिर क्यों भड़के मजदूर?
मजदूरों का गुस्सा अचानक नहीं फूटा, बल्कि इसके पीछे लंबे समय से चली आ रही आर्थिक परेशानियां हैं. उनका कहना है कि रोजमर्रा की जरूरतें पूरी करना भी अब चुनौती बन गया है. 'बढ़ती महंगाई के बीच उनका गुजारा करना मुश्किल हो गया है. उनका कहना है कि कमरे का किराया लगातार बढ़ रहा है और अब गैस सिलेंडर भी महंगे दामों पर खरीदना पड़ रहा है. ऐसे में मौजूदा वेतन में परिवार का खर्च चलाना संभव नहीं है.'
कहां हुआ प्रदर्शन और कितना असर पड़ा?
फेज-2 के होजरी कॉम्प्लेक्स स्थित कई एक्सपोर्ट कंपनियों के मजदूर एकजुट होकर सड़कों पर उतर आए. प्रदर्शन इतना बड़ा था कि NSEZ से सूरजपुर जाने और आने वाले मुख्य मार्ग को पूरी तरह जाम कर दिया गया. इस जाम की वजह से आसपास के इलाकों में लंबा ट्रैफिक जाम लग गया और लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा.
प्रशासन ने क्या कदम उठाए?
प्रदर्शन की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन तुरंत हरकत में आ गया. मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया और हालात को काबू में करने के लिए RRF की टीम भी पहुंची. सीनियर पुलिस अधिकारी, जिला प्रशासन के अधिकारी और लेबर कमिश्नर ने मौके पर पहुंचकर मजदूरों से बातचीत की और उन्हें समझाने की कोशिश की.
क्या झड़प भी हुई?
प्रदर्शन के दौरान हालात कुछ देर के लिए तनावपूर्ण हो गए थे. मजदूरों और पुलिस के बीच हल्की झड़प की स्थिति भी बनी, लेकिन पुलिस ने सूझबूझ से काम लेते हुए हालात को बिगड़ने से बचा लिया और धीरे-धीरे भीड़ को शांत कराया.
मजदूरों की मुख्य मांग क्या है?
मजदूरों की मांग है कि नोएडा में भी हरियाणा की तर्ज पर न्यूनतम वेतन बढ़ाया जाए. उन्होंने अलग-अलग श्रेणियों के लिए नई सैलरी तय करने की मांग रखी है-
- अकुशल श्रमिक: 15,220 रुपये
- अर्धकुशल श्रमिक: 16,781 रुपये
- कुशल श्रमिक: 18,501 रुपये
- उच्च कुशल श्रमिक: 19,426 रुपये
मजदूरों का साफ कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस फैसला नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रह सकता है. काफी मशक्कत के बाद पुलिस और प्रशासन ने मजदूरों को समझाकर प्रदर्शन खत्म करवाया और जाम खुलवाया. हालांकि, मजदूरों की नाराजगी अभी भी बरकरार है, जिससे आने वाले दिनों में फिर से आंदोलन की आशंका बनी हुई है.




