Chaitra Navratri 2026: सभी 9 दिन या पहला और आखिरी, नवरात्रि में व्रत को लेकर हैं कंफ्यूज? क्या करना रहेगा सही
Chaitra Navratri 2026: 19 मार्च से चैत्र नवरात्रि की शुरुआत होने जा रही है. कई लोगों के मन में एक ही सवाल उठता है कि क्या सच में सभी 9 दिन व्रत रखना जरूरी होता है या फिर सिर्फ पहला और आखिरी दिन का व्रत रखना भी उतना ही मान्य है?
Chaitra Navratri 2026: 19 मार्च से चैत्र नवरात्रि की शुरुआत होने जा रही है. इन नौ दिनों में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है और भक्त व्रत रखकर अपनी श्रद्धा प्रकट करते हैं. नवरात्रि का समय आध्यात्मिक साधना और भक्ति के लिए बेहद खास माना जाता है, इसलिए कई लोग इन दिनों में व्रत रखने की तैयारी भी करते हैं.
लेकिन हर साल की तरह इस बार भी कई लोगों के मन में एक सवाल जरूर उठता है कि क्या पूरे 9 दिन व्रत रखना जरूरी होता है या सिर्फ पहला और आखिरी दिन का व्रत रखना भी सही माना जाता है? अगर आप भी इसी बात को लेकर कंफ्यूज हैं, तो धर्म में इससे जुड़े कुछ खास नियम बताए गए हैं, जिन्हें जानना जरूरी है.
क्या सभी 9 दिन व्रत रखना जरूरी है?
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अगर कोई व्यक्ति पूरे 9 दिन व्रत रख सकता है, तो इसे सबसे अच्छा माना जाता है. नौ दिनों तक व्रत रखने से मन, शरीर और आत्मा की शुद्धि होती है और मां दुर्गा की विशेष कृपा मिलती है. हालांकि, यह जरूरी नहीं है कि हर कोई पूरे नौ दिन व्रत रख सके.
पहला और आखिरी व्रत क्यों होता है खास?
अगर कोई व्यक्ति सभी 9 दिन व्रत नहीं रख पाता, तो वह पहला (प्रतिपदा) और आखिरी (अष्टमी) दिन व्रत रख सकता है. इसे भी धार्मिक रूप से पूर्ण माना जाता है. पहले दिन घट स्थापना के साथ व्रत की शुरुआत होती है, जबकि आखिरी दिन कन्या पूजन और हवन के साथ व्रत का समापन किया जाता है. इसलिए इन दोनों दिनों का विशेष महत्व माना जाता है.
क्या कहते हैं धार्मिक नियम?
धर्म शास्त्रों के अनुसार व्रत रखने का मकसद भक्ति और श्रद्धा है. यदि कोई व्यक्ति सच्चे मन से व्रत रखता है, तो चाहे वह एक दिन रखे या पूरे नौ दिन दोनों ही स्वीकार्य माने जाते हैं. इसके अलावा कुछ लोग केवल अष्टमी या नवमी का व्रत भी रखते हैं और कन्या पूजन करते हैं, जिसे भी शुभ माना जाता है.
किसे कौन सा व्रत रखना चाहिए?
- जो लोग शारीरिक रूप से सक्षम हैं, वे पूरे 9 दिन व्रत रख सकते हैं
- जो कामकाजी या व्यस्त हैं, वे पहला और आखिरी दिन व्रत रख सकते हैं
- बुजुर्ग या स्वास्थ्य समस्याओं वाले लोग अपनी सुविधा के अनुसार व्रत रख सकते हैं
- नवरात्रि में व्रत रखने का कोई एक सख्त नियम नहीं है. सबसे जरूरी है आपकी आस्था और नीयत. चाहे आप पूरे 9 दिन व्रत रखें या सिर्फ पहला और आखिरी दिन, मां दुर्गा सच्चे मन से की गई पूजा को स्वीकार करती हैं.




