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इतना बड़ा कांड तो कंपनी के POSH चैनल पर क्यों नहीं मिली शिकायत? Nida Khan पर भी TCS का बड़ा खुलासा

निदा खान पर कंपनी ने बड़ा खुलासा किया है. दावे के मुताबिक निदा न तो कंपनी में एचआर मैनेजर थी और न ही हायरिंग मैनेजर थी. साफ तौर पर वह किसी टॉप पॉजीशन पर नहीं थी.

इतना बड़ा कांड तो कंपनी के POSH चैनल पर क्यों नहीं मिली शिकायत? Nida Khan पर भी TCS का बड़ा खुलासा
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Nashik Case: टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन द्वारा टीसीएस के नाशिक स्थित बीपीओ में यौन उत्पीड़न, धार्मिक दबाव और अन्य तरह की प्रताड़ना के आरोपों की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए जाने के चार दिन बाद, कंपनी ने शुक्रवार शाम को जारी बयान में कहा कि उसे इन कथित घटनाओं से जुड़ी कोई शिकायत अब तक प्राप्त नहीं हुई है. ये मामले फिलहाल नाशिक पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) द्वारा जांच के दायरे में हैं.

टीसीएस के सीईओ और एमडी के. कृतिवासन ने बयान में कहा, “विस्तृत जांच अभी जारी है, लेकिन नाशिक यूनिट के सिस्टम और रिकॉर्ड की प्रारंभिक समीक्षा में यह सामने आया है कि हमें इस तरह के आरोपों से जुड़ी कोई शिकायत हमारे एथिक्स या POSH चैनल पर नहीं मिली है.”

टीसीएस के जरिए दिए गए बयान में और क्या?

बयान में यह भी स्पष्ट किया गया कि निदा खान, जो बीपीओ में प्रोसेस एसोसिएट थीं और जिन्हें 9 अप्रैल को निलंबित किया गया था, संगठन में किसी भी नेतृत्व पद पर नहीं थीं. कंपनी ने कहा कि मीडिया में उन्हें एचआर मैनेजर बताया जा रहा है, जबकि वे न तो एचआर मैनेजर थीं और न ही भर्ती से जुड़ी किसी जिम्मेदारी में थीं.

कंपनी ने यह भी बताया कि आंतरिक जांच के लिए डेलॉइट और फेमस लॉ फर्म ट्राइलीगल की विशेषज्ञ टीमों को स्वतंत्र सलाहकार के रूप में शामिल किया गया है. यह जांच टीसीएस की प्रेसिडेंट और सीओओ आरती सुब्रमणियन की अगुवाई में हो रही है.

इसके अलावा, टीसीएस के स्वतंत्र निदेशक केकी मिस्त्री की अध्यक्षता में एक ओवरसाइट कमेटी बनाई गई है. कंपनी ने कहा कि आंतरिक जांच के निष्कर्ष इस समिति के सामने पेश किए जाएंगे, ताकि उनकी समीक्षा कर सिफारिशों को लागू किया जा सके.

कहां हैं निदा खान?

इस बीच, एचटी की रिपोर्ट के मुताबिक 26 वर्षीय निदा खान, जिन्हें इस मामले में फरार मास्टरमाइंड के तौर पर दिखाया गया था, मुंबई में हैं और अपने पहले बच्चे की उम्मीद कर रही हैं. उनके परिवार के अनुसार, वे बीपीओ में टेली-कॉलर के रूप में काम करती थीं और दिसंबर 2021 में कंपनी से जुड़ी थीं. वे वरिष्ठ कर्मचारियों में शामिल नहीं थीं.

वहीं, नाशिक पुलिस ने निदा खान की तलाश तेज कर दी है. उनके खिलाफ दर्ज नौ एफआईआर में से एक में उन पर एक हिंदू देवी-देवता के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप है.

पुलिस क्या ले रही है एक्शन?

पुलिस ने शुक्रवार को बताया कि उनकी तलाश के लिए तीन अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं. जांच के दौरान उनके पति को मुंब्रा पुलिस स्टेशन क्षेत्र से पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया. पुलिस के अनुसार, पति ने बताया कि निदा खान एक रिश्तेदार के यहां हैं, लेकिन जब पुलिस वहां पहुंची तो घर बंद मिला. पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपी और उनके रिश्तेदारों के मोबाइल फोन बंद पाए गए हैं और उनकी तलाश जारी है.

निदा खान के वकील ने क्या कहा?

निदा खान के वकील बाबा सैयद ने कहा, “हम निदा के लिए अग्रिम जमानत की अर्जी दाखिल करने की प्रक्रिया में हैं, जिसे जल्द ही किया जाएगा.” दूसरी ओर, राज्य एंटी-टेररिज्म स्क्वाड (ATS) ने शुक्रवार को बीपीओ के दो कर्मचारियों रजा मेमन और शफी शेख से पूछताछ की. दोनों को 28 मार्च को गिरफ्तार किया गया था और 18 अप्रैल तक पुलिस हिरासत में रखा गया है.

जानकारी रखने वाले लोगों के अनुसार, एटीएस ने कई घंटों तक उनसे पूछताछ की, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उनके किसी आतंकी संगठन से संबंध तो नहीं हैं और क्या उन्हें विदेश से फंडिंग मिल रही थी.

एटीएस की जांच का दायरा नाशिक पुलिस आयुक्त संदीप कर्णिक द्वारा एनआईए, एटीएस और खुफिया विभाग को भेजे गए पत्र के बाद बढ़ाया गया है. उन्होंने इन एजेंसियों से इन दोनों पहलुओं की जांच में मदद मांगी थी, ताकि पुलिस की जांच को आगे बढ़ाया जा सके.

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