AI समिट में ‘शर्टलेस’ प्रदर्शन पर सियासी संग्राम: दिल्ली से इंदौर तक BJP-कांग्रेस की भिड़ंत, पत्थरबाजी और गिरफ्तारियां- Top Updates
दिल्ली में आयोजित AI इम्पैक्ट समिट के दौरान हुए ‘शर्टलेस’ प्रदर्शन ने राष्ट्रीय राजनीति में उबाल ला दिया है. BJP और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच कई शहरों में टकराव, पत्थरबाजी और गिरफ्तारियों ने विवाद को और गहरा कर दिया है.
दिल्ली में आयोजित इंडिया AI इम्पैक्ट समिट के बाद शुरू हुआ राजनीतिक विवाद अब सड़कों पर खुलकर दिखाई देने लगा है. ‘शर्टलेस’ प्रदर्शन को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच शुक्रवार से जारी तनातनी ने कई जगह उग्र रूप ले लिया. सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में दोनों दलों के समर्थक आमने-सामने नजर आ रहे हैं और पत्थरबाजी की घटनाएं भी सामने आई हैं. शनिवार, 21 फरवरी को हालात और बिगड़ गए, जब विरोध-प्रदर्शन के दौरान टकराव हिंसक झड़प में बदल गया. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा और अतिरिक्त बल तैनात किया गया.
दरअसल, यह पूरा विवाद तब गहराया जब भारतीय युवा कांग्रेस (IYC) के कार्यकर्ताओं ने AI समिट के दौरान कथित तौर पर ‘शर्टलेस’ प्रदर्शन करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर देशहित से समझौता करने का आरोप लगाया. इसके बाद से इस मुद्दे पर देशभर में विरोध-प्रदर्शन, गिरफ्तारियां और तीखी राजनीतिक बयानबाजी का दौर तेज हो गया है.
झड़प आखिर शुरू कैसे हुई?
दिल्ली के पुलिस उपायुक्त कृष्ण लालचंदानी ने बताया कि यह टकराव कांग्रेस कार्यालय के पास हुआ, जहां भाजपा प्रदर्शन कर रही थी. उन्होंने कहा कि 'वहां दो पक्ष शामिल थे. एक पक्ष प्रदर्शन कर रहा था. यह प्रदर्शन कांग्रेस कार्यालय के पास हो रहा था. इलाके में बैरिकेडिंग की गई थी और पुलिस की पर्याप्त व्यवस्था की गई थी. अचानक कुछ अफवाहें फैलीं और पत्थर फेंके गए. इसके बाद दूसरे पक्ष ने भी पत्थरबाजी शुरू कर दी. कुछ लोग घायल हुए हैं. यह कहना अभी जल्दबाजी होगी कि पहला पत्थर किसने फेंका.' पुलिस के अनुसार, अचानक अफवाह फैलने के बाद पत्थरबाजी शुरू हुई और दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए. इस घटना में कुछ लोगों के घायल होने की भी खबर है.
‘शर्टलेस’ प्रदर्शन का विवाद क्या है?
एक दिन पहले भारत मंडपम में आयोजित AI समिट के दौरान युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कथित तौर पर शर्ट उतारकर नारेबाजी की थी. प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि अमेरिका-भारत ट्रेड डील में किसानों के हितों से समझौता किया गया है. प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ता सुरक्षा कर्मियों से उलझ पड़े. पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन की पूर्व योजना बनाई गई थी. अधिकारियों के मुताबिक, प्रदर्शनकारी QR कोड के जरिए कार्यक्रम स्थल में दाखिल हुए थे और शुरुआत में काले छाते पर स्टिकर लगाकर विरोध जताने की योजना थी.
किसे मिली पुलिस कस्टडी और क्यों?
पटियाला हाउस कोर्ट ने गिरफ्तार चार युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं- कृष्णा हरि, कुंदन यादव, अजय कुमार और नरसिंहा यादव की जमानत याचिका खारिज कर उन्हें पांच दिन की पुलिस कस्टडी में भेज दिया. पुलिस का दावा है कि इस विरोध के पीछे किसी बड़े षड्यंत्र की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता. जांच में यह भी देखा जा रहा है कि क्या यह प्रदर्शन नेपाल में हुए हिंसक जेन-ज़ेड आंदोलनों से प्रेरित था. वहीं आरोपियों के वकील ने कहा कि 'राजनीतिक असहमति को इस तरह कुचला नहीं जाना चाहिए. आरोपी शिक्षित पदाधिकारी हैं, जो शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करने के अपने अधिकार का इस्तेमाल कर रहे थे.'
इंदौर में हालात क्यों बिगड़े?
दिल्ली से करीब 1000 किलोमीटर दूर मध्य प्रदेश के इंदौर में भी भाजपा युवा मोर्चा और युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं के बीच टकराव हुआ. दोनों गुटों के बीच जमकर पत्थरबाजी और धक्का-मुक्की हुई. स्थिति को संभालने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करना पड़ा. युवा कांग्रेस ने आरोप लगाया कि भाजपा समर्थकों ने पुलिस संरक्षण में कांग्रेस कार्यालय पर हमला किया. पार्टी ने दावा किया कि जिला अध्यक्ष विपिन वानखेड़े घायल हुए हैं.
कांग्रेस ने क्या आरोप लगाए?
कांग्रेस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि 'मध्य प्रदेश में भाजपा का आतंक राज जारी है. भाजपा के गुंडे राज्य कांग्रेस कार्यालय में घुस आए. वहां इन गुंडों ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट की और व्यापक तोड़फोड़ की. यह सारी गुंडागर्दी भाजपा सरकार के संरक्षण में की गई. यहां खुद सरकार ही कानून को तार-तार कर रही है. इन भाजपा गुंडों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जानी चाहिए.' पार्टी ने राज्य सरकार पर कानून व्यवस्था ध्वस्त करने का आरोप लगाया.
भाजपा और अन्य दलों की प्रतिक्रिया क्या रही?
भाजपा युवा मोर्चा ने कई राज्यों में कांग्रेस के ‘शर्टलेस’ प्रदर्शन के खिलाफ विरोध किया. मुंबई में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को काले झंडे दिखाए गए. उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद में कार्यकर्ताओं ने उनका पुतला फूंका. समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा कि किसी भी प्रकार का प्रदर्शन जो विदेशी प्रतिनिधियों के सामने देश को शर्मिंदा करे, उससे बचना चाहिए. बसपा प्रमुख मायावती ने AI कार्यक्रम में हुए प्रदर्शन को 'utterly disgraceful' और 'reprehensible' बताया.
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि 'राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस ऐसी पार्टी बन गई है, जिसने देश का विरोध करना शुरू कर दिया है और देशद्रोही जैसा व्यवहार कर रही है. AI समिट में उनका जो आचरण था, वह भारत का अपमान था.' आंध्र प्रदेश के मंत्री नारा लोकेश ने भी अंतरराष्ट्रीय मंच को राजनीतिक अखाड़ा बनाने पर आपत्ति जताई.
'शर्टलेस प्रदर्शन' के 10 बड़ी बातें
- AI समिट में युवा कांग्रेस का ‘शर्टलेस’ प्रदर्शन.
- प्रधानमंत्री पर देशहित से समझौते का आरोप.
- भाजपा ने कांग्रेस कार्यालय के पास किया विरोध.
- दोनों पक्षों में पत्थरबाजी, कई लोग घायल.
- चार युवा कांग्रेस कार्यकर्ता 5 दिन की पुलिस कस्टडी में.
- पुलिस बड़े षड्यंत्र की जांच में जुटी.
- दिल्ली और चंडीगढ़ में वॉटर कैनन से भीड़ तितर-बितर.
- इंदौर में भाजपा युवा मोर्चा और युवा कांग्रेस के बीच झड़प.
- कांग्रेस ने भाजपा पर ‘गुंडागर्दी’ का आरोप लगाया.
- NDA और विपक्षी दलों ने भी कांग्रेस की आलोचना की.




