बदल रहा है मौसम, ऐसे रखें अपनी सेहत का ध्यान, वरना पड़ेंगे बीमार
ठंड धीरे-धीरे विदा ले रही है और तापमान में उतार-चढ़ाव शुरू हो चुका है. यह बदलाव शरीर पर सीधा असर डालता है, जिससे सर्दी, खांसी, एलर्जी और बुखार जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं.;
सर्दियों की विदाई और गर्मी की दस्तक के बीच का समय शरीर के लिए सबसे नाज़ुक माना जाता है. सुबह-शाम की ठंडक, दोपहर की हल्की गर्माहट और बदलती हवाएं इम्यून सिस्टम को कन्फ्यूज़ कर देती हैं. नतीजा सर्दी, खांसी, बुखार, एलर्जी और थकान जैसी दिक्कतें तेजी से बढ़ने लगती हैं.
ऐसे में अगर रूटीन और खानपान में समझदारी नहीं दिखाई, तो मौसम का यह ट्रांजिशन आपको आसानी से बीमार बना सकता है. इसलिए आपको कुछ बातों का ध्यान रखना चाहिए.
कैसे कपड़े पहनें?
सुबह-शाम हल्की ठंड रह सकती है, जबकि दोपहर में गर्मी लगती है. ऐसे में लेयरिंग सबसे अच्छा तरीका है. बहुत भारी ऊनी कपड़े पहनकर निकलेंगे तो पसीना आएगा, और शाम को वही ठंड पकड़ सकता है. हल्के, आरामदायक और जरूरत पड़ने पर उतारे जा सकने वाले कपड़े चुनें.
डाइट में किन बातों का रखें ध्यान
ठंड में भारी और तला-भुना खाने की आदत आम होती है, लेकिन अब शरीर को हल्का भोजन ज्यादा सूट करता है. मौसमी फल, सलाद, दही, नींबू पानी और पर्याप्त पानी को रूटीन में शामिल करें. इससे इम्युनिटी मजबूत रहती है और सुस्ती कम होती है.
क्यों हाइड्रेशन है जरूरी?
तापमान बढ़ते ही पसीना बढ़ने लगता है.अगर पानी कम पिया, तो डिहाइड्रेशन जल्दी हो सकता है. कोशिश करें कि दिनभर थोड़ा-थोड़ा पानी पीते रहें.नारियल पानी या छाछ भी अच्छा ऑप्शन है.
कैसी होनी चाहिए एक्सरसाइज और नींद?
मौसम बदलते वक्त शरीर जल्दी थकता है.पर्याप्त नींद लें और हल्की फिजिकल एक्टिविटी, जैसे वॉक या स्ट्रेचिंग, को शामिल करें.इससे बॉडी नई क्लाइमेट के साथ जल्दी एडजस्ट करती है.
क्या है इंफेक्शन से बचने का तरीका
यह समय वायरल इंफेक्शन के लिए संवेदनशील होता है.हाथ साफ रखना, भीड़ में मास्क लगाना (जरूरत हो तो) और साफ-सफाई पर ध्यान देना आपको बीमार पड़ने से बचा सकता है. मौसम के साथ अगर आदतें भी बदल लें, तो आधी परेशानी खुद खत्म हो जाती है. थोड़ा सतर्क रहिए, शरीर की सुनिए और बदलाव को धीरे-धीरे अपनाए. तभी यह मौसम सेहत के लिए मुसीबत नहीं, राहत बनेगा.