राजनीति में महिलाओं की एंट्री नेताओं के बिस्तर से बोलने वाली Seema Govind कौन?
सोशल मीडिया पर सीमा गोविंद अचानक सुर्खियों में आ गई और सुर्खियों में आने की वजह है, उनका राजनीति में महिलाओं की एंट्री को लेकर दिया गया एक बयान. जिसके बाद हर कोई जानना चाहता है कि आखिर सीमा गोविंद कौन हैं.
सीमा गोविंद
(Image Source: X/ @Sachingupta )सोशल मीडिया पर सीमा गोविंद अचानक सुर्खियों में आ गई और सुर्खियों में आने की वजह है, उनका राजनीति में महिलाओं की एंट्री को लेकर दिया गया एक बयान. जिसके बाद हर कोई जानना चाहता है कि आखिर सीमा गोविंद कौन हैं और उनके साथ ऐसा क्या हुआ है जिसके चलते उन्होंने इतनी बड़ी बात कह दी?
दरअसल सीमा गोविंद ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर की. इस वीडियो में उन्होंने दावा करते हुए कहा कि राजनीति में महिलाओं की एंट्री नेताओं के बिस्तर से होती है. उनका ये वीडियो अब काफी तेजी से वायरल हो रहा है. बता दें, एक समय सीमा गोविंद भी राजनीति में एक्टिव थी, लेकिन वे ज्यादा दिन टिक नहीं पाई. इसका कारण भी उन्होंने बताया है.
क्या बोली सीमा गोविंद?
सोशल मीडिया पर इन दिनों सीमा गोविंद का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने राजनीति और अपनी निजी जिंदगी से जुड़े चौंकाने वाले खुलासे किए हैं. सीमा गोविंद ने वीडियो में कहा "कहा जाता है कि राजनीति में महिलाओं का रास्ता नेताओं के बिस्तर से होकर निकलता है. यह बिल्कुल सच बात है और आज मैं बहुत सारे खुलासे करूंगी."
कौन हैं सीमा गोविंद?
सीमा गोविंद Govind Foundation की संस्थापक हैं और 'द आर्ट ऑफ हैप्पीनेस' की भी फाउंडर हैं. वे पूर्व में एक कॉलेज की प्रिंसिपल और डायरेक्टर रह चुकी हैं और शिक्षा में पीएचडी की उपाधि प्राप्त कर चुकी हैं. इसके अलावा सीमा गोविंद एक प्रसिद्ध कंटेंट क्रिएटर और मोटिवेशनल स्पीकर भी हैं. उनका सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर काफी प्रभाव है और वे नियमित रूप से महिलाओं और युवाओं को प्रेरित करने वाली सामग्री साझा करती हैं.
क्या है यूजर्स के रिएक्शन?
सीमा गोविंद का ये वीडियो एक्स पर भी काफी चर्चा का विषय बन गया है. यूजर्स तरह-तरह की कमेंट इसको लेकर कर रहे हैं. वीडियो पर कमेंट करते हुए एक यूजर ने लिखा कि 'वो सभी पार्टियों पर इलजाम लगा रही है और जिनका नाम ले रही है उनके जीवित रहते आरोप लगाना चाहिए था.' दूसरे यूजर ने लिखा 'ये बहुत ही गंभीर है इन आरोपों में मुझे लगता है सच्चाई 10 या 20% हो सकती है इससे ज्यादा नहीं.'
वहीं तीसरे यूजर ने लिखा 'इस महिला ने बहुत बड़ा खुलासा किया है. महिलाओं को राजनीति से लेकर पुलिस विभाग में भी आगे बढ़ने के लिए कंप्रोमाइज करना पड़ता है. महिलाओं के लिए कोई भी स्थान सुरक्षित नहीं हैं.'