पैसे नहीं दूंगा, जेल जाना मंजूर! कोर्ट में बदले Rajpal Yadav के सुर, 21 केसों में फंसी मुश्किलें बढ़ीं
बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव ने कोर्ट में बड़ा बयान देते हुए कहा कि वे पैसे चुकाने के बजाय जेल जाना पसंद करेंगे. 21 से ज्यादा मामलों में घिरे एक्टर की मुश्किलें अब और बढ़ती नजर आ रही हैं.
बॉलीवुड के कॉमेडियन एक्टर राजपाल यादव (Rajpal Yadav) इन दिनों काफी बड़ी कानूनी परेशानियों में फंसे हुए नजर आ रहे हैं. उनकी मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं. हाल ही में फरवरी महीने में राजपाल यादव को तिहाड़ जेल से रिहा किया गया था. यह रिहाई 9 करोड़ रुपये के चेक बाउंस मामले में हुई थी. रिहाई के लिए उन्होंने शिकायतकर्ता कंपनी के पास 1.5 करोड़ रुपये जमा कर दिए थे. उस समय उन्होंने अपनी पारिवारिक शादी का हवाला देते हुए जमानत मांगी थी, जो 19 फरवरी को होनी थी.
अदालत ने उन्हें अस्थायी राहत तो दे दी, लेकिन अब उनकी परेशानियां और ज्यादा बढ़ गई हैं. उनके वकील के हालिया बयान के मुताबिक, राजपाल यादव के खिलाफ कुल 21 से भी ज्यादा अलग-अलग मामले दर्ज हैं. वकील ने यह भी कहा है कि राजपाल यादव अब पैसे चुकाने से साफ मना कर रहे हैं. उन्होंने कहा है कि अगर जरूरत पड़ी तो वे जेल जाना भी पसंद करेंगे, लेकिन पैसे नहीं देंगे.
वकील के बयान के बाद मामले में नया ट्विस्ट आया
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, शिकायतकर्ता कंपनी मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के वकील अवनीत सिंह सिक्का ने महत्वपूर्ण जानकारी दी. उन्होंने बताया कि आज इस चेक बाउंस मामले की आखिरी सुनवाई हुई. दोनों पक्षों (राजपाल यादव और शिकायतकर्ता कंपनी) ने अपनी-अपनी दलीलें पूरी तरह से रख दीं. अदालत इन दलीलों से काफी संतुष्ट दिखाई दी. राजपाल यादव इस सुनवाई में वर्चुअल तरीके से, यानी ऑनलाइन शामिल हुए थे. अदालत ने दोनों पक्षों को मामले को आपसी समझौते से सुलझाने का एक आखिरी मौका दिया. न्यायाधीश ने साफ कहा कि यह आखिरी अवसर है, जिसके बाद फैसला आ जाएगा.
अचानक बदल गए राजपाल के सुर
सुनवाई के दौरान राजपाल यादव ने शुरू में अदालत द्वारा बताई गई शर्तों पर मामले को सुलझाने के लिए हामी भर दी. दोनों पक्षों ने समझौते की राशि पर भी सहमति जता दी और राजपाल यादव के वकील ने भी इसे मान लिया. लेकिन जब न्यायाधीश ने पूछा कि यह पैसे भुगतान कैसे किया जाएगा, तो राजपाल यादव ने अचानक अपना रुख पूरी तरह बदल लिया. उन्होंने कहा कि वे पैसे देने की बजाय जेल चले जाना पसंद करेंगे. उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्होंने पहले ही पैसे दे दिए हैं और कहा कि वे पहले भी जेल जा चुके हैं. वकील अवनीत सिंह सिक्का ने आगे बताया कि राजपाल यादव के खिलाफ अभी भी 21 मामले लंबित हैं. अब अदालत से उम्मीद की जा रही है कि वह इन सभी मामलों पर जल्द फैसला सुना देगी. फैसले में यह तय होगा कि उनकी सजा को जारी रखा जाए या उसे रद्द कर दिया जाए.
यह पूरा मामला कैसे शुरू हुआ?
यह चेक बाउंस का मामला साल 2010 में शुरू हुआ था. राजपाल यादव ने अपनी फिल्म 'अता पता लापता' बनाने के लिए मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी से 5 करोड़ रुपये का कर्ज लिया था. जब फिल्म बॉक्स ऑफिस पर बुरी तरह फ्लॉप हो गई, तो कर्ज चुकाने में दिक्कत आई। इसके बाद चेक बाउंस का केस दर्ज हो गया. साल 2018 में अदालत ने उन्हें दोषी ठहराया और 6 महीने की जेल की सजा सुनाई. इस फैसले को साल 2019 में भी बरकरार रखा गया. समय के साथ बकाया राशि बढ़कर करीब 9 करोड़ रुपये हो गई. दिल्ली उच्च न्यायालय ने उन्हें अंतरिम जमानत देते हुए कहा कि वे 1.5 करोड़ रुपये जमा करें, साथ ही 1 लाख रुपये का बांड और जमानत राशि भी दें.
काम के मोर्चे पर क्या चल रहा है?
कानूनी परेशानियों के बीच राजपाल यादव का काम भी जारी है। वे जल्द ही प्रियदर्शन की नई हॉरर-कॉमेडी फिल्म में नजर आने वाले हैं. इस फिल्म का नाम 'भूत बंगला' है, जिसमें अक्षय कुमार मुख्य भूमिका में हैं. राजपाल यादव की यह कहानी दिखाती है कि बॉलीवुड में सफलता के साथ-साथ वित्तीय और कानूनी मुश्किलें भी कितनी गंभीर हो सकती हैं. फिलहाल सभी की नजरें अदालत के अगले फैसले पर टिकी हुई हैं.