Begin typing your search...

367 भारतीय, 2 महीने तक जहाज में रहे फंसे, क्या है ' Komagata Maru' जिसका Jimmy Fallon के शो पर दिलजीत ने किया जिक्र

पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ ने जिमी फॉलन के शो में अपने एक कॉन्सर्ट का जिक्र करते हुए Komagata Maru घटना को याद किया. यह 1914 का ऐतिहासिक मामला है, जिसमें कई भारतीय यात्री कनाडा जाने के दौरान जहाज पर ही फंसे रह गए थे और उन्हें देश में जाने नहीं दिया गया था.

367 भारतीय, 2 महीने तक जहाज में रहे फंसे, क्या है  Komagata Maru जिसका Jimmy Fallon के शो पर दिलजीत ने किया जिक्र
X

क्या है ' Komagata Maru'

( Image Source:  x-@thind_akashdeep )
हेमा पंत
Edited By: हेमा पंत2 Mins Read

Updated on: 30 April 2026 11:32 AM IST

पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ हाल ही में अपने इंटरनेशनल टूर के दौरान The Tonight Show Starring Jimmy Fallon में पहुंचे. यहां उन्होंने अपने बड़े कॉन्सर्ट्स और दुनिया भर में मिली पहचान के बारे में बात की. इसी बातचीत में उन्होंने कनाडा के वैंकूवर में एक ऐतिहासिक जगह के पास हुए अपने शो का भी जिक्र किया. इसके बाद एक बार फिर Komagata Maru की घटना चर्चा में आ गई.

यह घटना साल 1914 की है, जब करीब 367 भारतीय लोग बेहतर जीवन की उम्मीद में कनाडा जा रहे थे. लेकिन उन्हें वहां जाने से रोक दिया गया और वे कई दिनों तक समुद्र में ही जहाज पर फंसे रहे.

क्या था Komagata Maru मामला?

Komagata Maru एक जापानी जहाज था. साल 1914 में इस जहाज पर भारत से लगभग 376 लोग सवार थे. इनमें ज्यादा लोग सिख, हिंदू और मुस्लिम समुदाय से थे. ये सभी लोग अच्छे जीवन की तलाश में कनाडा जाना चाहते थे, लेकिन उन्हें वहां जाने की मंजूरी नहीं दी गई. उस समय कनाडा में कुछ ऐसे कानून थे जो भारतीय लोगों के खिलाफ थे. इन्हीं नियमों की वजह से यात्रियों को देश में आने से रोक दिया गया. जहाज को वैंकूवर बंदरगाह पर ही रोक दिया गया और लोगों को आगे बढ़ने नहीं दिया गया.

दो महीने तक जहाज पर फंसे रहे यात्री

यात्रियों को करीब दो महीने तक जहाज पर ही समुद्र में रहना पड़ा. इस दौरान खाने-पीने की बहुत कमी हो गई, जिससे कई लोग बीमार पड़ने लगे. उनके पास न दवाइयां थीं और न ही कोई जरूरी सुविधाएं. हालात इतने खराब हो गए कि लोग भूख और प्यास से बहुत परेशान हो गए. इस पूरे समय स्थानीय भारतीय समुदाय ने उनकी मदद करने की कोशिश की. उन्होंने कानूनी सहायता और पैसे जुटाने की भी कोशिश की, लेकिन फिर भी यात्रियों को कनाडा में एंट्री नहीं मिल सकी.

पुलिस हमले में घायल हुए 20 लोग

आखिर में यात्रियों को मजबूर होकर वापस भेज दिया गया. जब जहाज भारत लौटा तो वहां हालात और भी खराब हो गए. पश्चिम बंगाल के बडग इलाके में यात्रियों और ब्रिटिश पुलिस के बीच झगड़ा हो गया. इस दौरान 20 लोगों की मौत हो गई और कई लोगों को गिरफ्तार भी कर लिया गया.

अगला लेख