छत्तीसगढ़ के गरियाबंद में क्यों मचा है बवाल? 11 से ज्यादा घर जलाए गए, पुलिस पर भी हुआ पथराव-6 जवान घायल; TOP UPDATES
छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में जमानत पर रिहा आरोपियों के हमले के बाद सांप्रदायिक हिंसा भड़क गई. गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपियों के घरों में आग लगा दी.
Chhattisgarh Gariaband Communal Clash: छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में रविवार शाम उस वक्त सांप्रदायिक तनाव फैल गया, जब फिंगेश्वर थाना क्षेत्र के दुटकैयां गांव में दो समुदायों के बीच हिंसक झड़प हो गई. हालात बिगड़ते देख प्रशासन ने पूरे गांव को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया है. हर गतिविधि पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है.
शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हिंसा की जड़ एक साल पुराने मंदिर में मूर्ति तोड़ने के मामले से जुड़ी है. इस केस में आरोपी आरिफ, सलीम और इमरान हाल ही में जमानत पर जेल से रिहा हुए थे. आरोप है कि जेल से छूटने के बाद इन युवकों ने गांव और आसपास के इलाकों के 4 से 6 युवाओं पर रॉड, पत्थर और अन्य हथियारों से हमला कर दिया, जिसमें कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए.
इस हमले के बाद गांव में गुस्सा भड़क उठा. आक्रोशित ग्रामीणों ने तीनों आरोपियों के घरों को घेर लिया और आग के हवाले कर दिया. रिपोर्ट्स के अनुसार, हिंसा के दौरान 11 से अधिक घरों और कुछ वाहनों को भी नुकसान पहुंचा.
ग्रामीणों ने क्या आरोप लगाया?
ग्रामीणों का आरोप है कि आरोपी मंदिर एक मामले में गवाही देने वालों को लगातार धमकियां दे रहे थे. स्थिति को काबू में करने पहुंची पुलिस टीम पर भी पथराव किया गया, जिसमें कम से कम छह पुलिसकर्मी घायल हो गए. हालात बिगड़ते देख अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया और पूरे गांव में गश्त तेज कर दी गई.
गरियाबंद एसपी ने क्या बताया?
गरियाबंद एसपी वेदव्रत सिरमौर ने बताया कि तीनों आरोपियों को दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया है और उनके खिलाफ कई धाराओं में नए मामले दर्ज किए गए हैं. फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन एहतियातन गांव में भारी पुलिस बल तैनात है. प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है.





