दुर्ग में 7 साल के बच्चे से हैवानियत! नाबालिगों ने बेरहमी से की पिटाई, फिर वीडियो बनाकर किया वायरल- 10 बड़ी बातें
छत्तीसगढ़ के दुर्ग में 7 साल के बच्चे के साथ अमानवीय व्यवहार का मामला सामने आया है. आरोप है कि कुछ नाबालिगों ने बच्चे को निर्वस्त्र कर डांस करवाया और फिर उसकी पिटाई की.
दुर्ग में 7 साल के बच्चे से अमानवीय व्यवहार
Durg Child Abuse Case: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से बच्चों के बीच हिंसा का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है. यहां कुछ नाबालिगों पर आरोप है कि उन्होंने 7 साल के बच्चे के साथ मारपीट की, उसके कपड़े उतरवाए और उसे जबरन डांस करवाया. इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई शुरू की है.
पुलिस के अनुसार, वायरल वीडियो करीब एक हफ्ते पुराना है. मामला दुर्ग के नेवई थाना क्षेत्र का है.
क्या है पूरा मामला?
1- वीडियो में कुछ बच्चे पीड़ित बच्चे को घेरकर उसके साथ मारपीट करते नजर आ रहे हैं. आरोप है कि बच्चे को लात-घूंसों और डंडों से पीटा गया, जबकि एक नाबालिग उसके साथ गला दबाने जैसी हरकत करता दिख रहा है.
2- बताया जा रहा है कि वीडियो बनाने और उसे सोशल मीडिया पर वायरल करने वाले भी वही नाबालिग हैं. घटना के दौरान पीड़ित बच्चा रोता रहा और छोड़ने की गुहार लगाता रहा, लेकिन आरोपी बच्चे उसके साथ मारपीट करते रहे.
3- जानकारी के मुताबिक सभी बच्चे एक ही गांव के रहने वाले हैं और एक-दूसरे को जानते हैं.
4- बताया जा रहा है कि सुनसान जगह पर खेलते समय किसी बात को लेकर विवाद हुआ, जिसके बाद मामला बढ़ गया. इसके बाद कुछ बच्चों ने मिलकर 7 साल के बच्चे के साथ यह हरकत की.
5- मामले की जानकारी मिलने और वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की.
6- पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 6 नाबालिगों को हिरासत में लिया है. सभी को बाल संप्रेक्षण गृह भेजा गया है.
7- पुलिस का कहना है कि मामले में वायरल वीडियो, घटनास्थल और बच्चों के बयानों के आधार पर जांच की जा रही है.
8- पुलिस ने इस मामले की जानकारी बाल आयोग को भी दी है. अधिकारियों के अनुसार किशोर न्याय कानून के तहत नाबालिगों से जुड़े मामलों में प्रक्रिया अलग होती है. संबंधित विभाग बच्चों की काउंसिलिंग करेगा और घटना के सभी पहलुओं की जांच की जाएगी.
9- पुलिस के मुताबिक, पीड़ित बच्चे को गंभीर चोट नहीं आई है, हालांकि उसके शरीर पर सामान्य चोटें मिली हैं.
10- अधिकारियों का कहना है कि मामले में नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी.




