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75 लीटर शराब, First AC का बंद कूपे और फर्राटेदार अंग्रेजी...समस्तीपुर की नेहा झा कौन? RJD ने क्यों फेंका 'संजय झा' का दाव

समस्तीपुर में First AC के बंद कूपे से 75 लीटर विदेशी शराब बरामदगी के बाद नेहा झा चर्चा में हैं. जानिए वायरल वीडियो, गिरफ्तारी और SIT जांच की पूरी कहानी.

75 लीटर शराब, First AC का बंद कूपे और फर्राटेदार अंग्रेजी...समस्तीपुर की नेहा झा कौन? RJD ने क्यों फेंका संजय झा का दाव
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बिहार के समस्तीपुर जिले के रेलवे स्टेशन पर 75 लीटर विदेशी शराब के साथ पकड़े जाने के बाद 25 वर्षीय नेहा झा की इन दिनों खूब चर्चा हो रही है और उसके कई वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं. पुलिस के मुताबिक, नई दिल्ली से जयनगर जा रही स्वतंत्रता सेनानी एक्सप्रेस के First AC कोच के एक बंद कूपे से शराब बरामद हुई. इस मामले में नेहा के साथ ईशान कुमार को भी गिरफ्तार किया गया है. घटना के बाद पुलिस ने कथित शराब नेटवर्क की जांच के लिए SIT गठित की है.

मामला उस वक्त और चर्चा में आ गया, जब कार्रवाई के दौरान नेहा और पुलिस के बीच बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. वीडियो में वह काफी शांत नजर आती है और अंग्रेजी में पुलिसकर्मियों से बात करती दिखाई देती है. हालांकि, वायरल वीडियो से किसी व्यक्ति के अपराधी होने या किसी नेटवर्क में शामिल होने का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता. उसके खिलाफ शराब तस्करी के आरोपों की जांच चल रही है.

कौन है नेहा झा?

पुलिस और मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, नेहा झा की उम्र करीब 25 साल है और वह बिहार के समस्तीपुर/दरभंगा क्षेत्र से जुड़ी बताई जा रही है. रिपोर्टों में उसके गांव का नाम बारी और थाना क्षेत्र सिंघिया बताया गया है. वह चार बहनों में सबसे छोटी बताई गई है और उसके पढ़ाई करने की भी जानकारी सामने आई है. नेहा की पहचान अचानक तब सार्वजनिक चर्चा में आई, जब समस्तीपुर रेलवे स्टेशन पर पुलिस ने उसे शराब की खेप के साथ पकड़ा. इससे पहले सोशल मीडिया पर उसका नाम किसी बड़े सार्वजनिक मामले से नहीं जुड़ा था.

नेहा झा में कहां से आया संजय झा का एंगल?

राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सोशल मीडिया पोस्ट में एक युवती की तस्वीर के साथ लिखी कुछ पंक्तियों ने बिहार की राजनीति में हलचल बढ़ा दी है. पोस्ट को लेकर यह दावा किया जा रहा है कि इसका इशारा JDU के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद संजय झा की ओर है. हालांकि, फैक्ट चेक में सामने आया कि पोस्ट में जिस ‘संजय झा’ की बेटी नेहा झा का जिक्र है, उनका JDU नेता संजय कुमार झा से कोई संबंध नहीं है. नेहा के पिता समस्तीपुर जिले के सिंघिया क्षेत्र से बताए जा रहे हैं, जबकि JDU नेता संजय झा मधुबनी के अररियासंग्राम के रहने वाले हैं. ऐसे में पोस्ट को लेकर भ्रम फैलने का सवाल उठ रहा है.

First AC के बंद कूपे में क्या हुआ?

मामला 5 सितंबर 2026 को सामने आया. नई दिल्ली से जयनगर जा रही स्वतंत्रता सेनानी एक्सप्रेस समस्तीपुर जंक्शन पहुंची थी. पुलिस को सूचना मिली थी कि ट्रेन के First AC कोच में शराब की बड़ी खेप लाई जा रही है. RPF और CIB/GRP की टीम ने H-1 कोच में जांच शुरू की और कूपे नंबर सात तक पहुंची. रिपोर्टों के अनुसार कूपे का दरवाजा अंदर से बंद था. दरवाजा खुलने के बाद पुलिस ने नेहा और उसके रिश्तेदार ईशान कुमार को वहां पाया. तलाशी में दो सूटकेस से ब्रांडेड विदेशी शराब बरामद होने का दावा किया गया.

दो सूटकेस में करीब 75 लीटर शराब

पुलिस के मुताबिक, बरामद शराब की मात्रा करीब 75 लीटर थी और इसकी अनुमानित कीमत लगभग 1.5 लाख रुपये बताई गई है. नेहा के पास वैध टिकट नहीं होने की बात भी पुलिस रिपोर्टों में सामने आई है. पुलिस ने नेहा और ईशान को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ बिहार के शराबबंदी कानून के तहत मामला दर्ज किया है. दोनों को न्यायिक हिरासत में भेजे जाने की जानकारी भी सामने आई है.

शादी के लिए शराब ले जाने का दावा

पूछताछ के दौरान पुलिस के अनुसार नेहा ने दावा किया कि शराब हरियाणा से लाई गई थी और दिसंबर में होने वाली पारिवारिक शादी के लिए ले जाई जा रही थी. हालांकि, पुलिस इस दावे को सत्य मानकर जांच खत्म नहीं कर रही है. जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि शराब वास्तव में कहां से आई और इसे बिहार में किसे पहुंचाया जाना था.

SIT ने संभाली जांच, खंगाली जा रही पूरी ट्रैवल हिस्ट्री

मामला हाई प्रोफाइल होने के बाद मुजफ्फरपुर रेल SP बीना कुमारी के निर्देश पर SIT गठित की गई है. पुलिस अब नेहा की ट्रैवल हिस्ट्री, उसके संपर्कों और कथित शराब नेटवर्क के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक की जांच कर रही है. यानी जांच सिर्फ इस एक खेप तक सीमित नहीं है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि:

जांच के दौरान एक और गंभीर आरोप सामने आया है. कुछ रिपोर्टों में पुलिस जांच के हवाले से कहा गया है कि नेहा कथित तौर पर मेडिकल रिप्रजेंटेटिव के रूप में अपनी पहचान बनाकर दरभंगा में डॉक्टरों और प्रभावशाली लोगों तक शराब पहुंचाती थी. हालांकि, यह अभी जांच का हिस्सा है और इसे अदालत द्वारा सिद्ध तथ्य नहीं माना जा सकता. पुलिस अब उसके मोबाइल फोन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और WhatsApp बातचीत समेत दूसरे डिजिटल साक्ष्यों की जांच कर रही है.

नेहा के परिवार पर भी उठे सवाल

इस मामले की जांच के दौरान पुलिस ने नेहा के परिवार की पृष्ठभूमि भी खंगालनी शुरू की है. रिपोर्टों के मुताबिक, उसके पिता संजय कुमार झा पहले एक शराब से जुड़े मामले में गिरफ्तार हो चुके हैं. इसके अलावा उसकी बहन निशु झा का नाम भी शराब से जुड़े एक पुराने मामले में सामने आया है. रिपोर्टों के अनुसार, नवंबर 2025 में निशु को कथित तौर पर 21 लीटर विदेशी शराब के साथ पकड़ा गया था. हालांकि, परिवार के किसी सदस्य की पिछली गिरफ्तारी अपने आप नेहा के खिलाफ मौजूदा आरोप को साबित नहीं करती. पुलिस इन पुराने मामलों को संभावित नेटवर्क और आपराधिक इतिहास की जांच के हिस्से के तौर पर देख रही है.

वायरल वीडियो में क्यों चर्चा में आई नेहा?

शराब बरामदगी के बाद कार्रवाई का वीडियो सोशल मीडिया पर फैल गया. वीडियो में नेहा पुलिसकर्मियों के सामने शांत नजर आती है और अंग्रेजी में बातचीत करती दिखाई देती है. यही वीडियो बाद में सोशल मीडिया पर चर्चा का बड़ा कारण बन गया. कुछ यूजर्स ने उसके लुक और आत्मविश्वास को लेकर टिप्पणियां कीं और उसे अलग-अलग नामों से संबोधित किया. लेकिन इस पूरे मामले में सबसे अहम बात यह है कि सोशल मीडिया की लोकप्रियता और पुलिस केस के आरोप दो अलग-अलग चीजें हैं. नेहा के खिलाफ लगाए गए आरोपों की सच्चाई का अंतिम फैसला जांच और अदालत की प्रक्रिया से ही होगा.

क्या कोई बड़ा शराब नेटवर्क है?

फिलहाल यही वह सवाल है जिसका जवाब पुलिस तलाश रही है. SIT का फोकस कथित बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंकेज पर है. अगर जांच में यह साबित होता है कि यह केवल एक खेप नहीं बल्कि नियमित सप्लाई का हिस्सा थी, तो पुलिस उस नेटवर्क के अन्य लोगों तक भी पहुंच सकती है. फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि इस मामले में और कितने लोग शामिल हैं.

अब तक मामले में क्या-क्या हुआ?

  • 5 सितंबर: स्वतंत्रता सेनानी एक्सप्रेस के समस्तीपुर पहुंचने पर कार्रवाई और करीब 75 लीटर शराब बरामद होने का दावा. इसके बाद: नेहा झा और ईशान कुमार की गिरफ्तारी और शराबबंदी कानून के तहत केस.
  • 7-8 सितंबर: मामले का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ और नेहा की पहचान चर्चा में आई.
  • 8-9 सितंबर: पुलिस ने कथित सप्लाई नेटवर्क, नेहा की ट्रैवल हिस्ट्री और पारिवारिक पृष्ठभूमि की जांच तेज की.
  • 9 सितंबर: मुजफ्फरपुर रेल SP के निर्देश पर SIT ने जांच संभाली, जिसमें कथित नेटवर्क के बैकवर्ड-फॉरवर्ड लिंक और पुराने आपराधिक इतिहास की पड़ताल की जा रही है.

सबसे बड़ा सवाल अब यही है

क्या नेहा सिर्फ 75 लीटर शराब की एक खेप लेकर जा रही थी या इसके पीछे बिहार तक फैला कोई बड़ा सप्लाई नेटवर्क है? इसका जवाब अब SIT की जांच से सामने आएगा. फिलहाल पुलिस उसके यात्रा रिकॉर्ड, संपर्कों, डिजिटल चैट और परिवार से जुड़े पुराने मामलों की कड़ियां जोड़ रही है. जब तक जांच पूरी नहीं होती, नेहा के बारे में सामने आए नेटवर्क और बड़े लोगों से संबंध वाले दावों को आरोप/जांच के दावे के रूप में ही देखा जाना चाहिए.

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