World Champion का घमंड हुआ चकनाचूर! भारत को कैसे आयरलैंड ने पहली बार T20 मेंं दी शिकस्त? ये 5 खिलाड़ी बने 'विलेन'
भारत की फुल स्ट्रेंथ टीम को आयरलैंड ने बेलफास्ट में बड़ा झटका देते हुए पहली बार T20 इंटरनेशनल में हराया. श्रेयर अय्यर की कप्तानी की शुरुआत हार से हुई, जबकि आयरलैंड ने कप्तान लॉर्कन टकर और युवा गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के दम पर इतिहास रच दिया.
Ireland vs India 1st T20I Highlights: क्रिकेट में कुछ मुकाबले ऐसे होते हैं जिन्हें सालों तक याद रखा जाता है... बेलफास्ट में भारत और आयरलैंड के बीच खेला गया मुकाबला भी ऐसा ही रहाय वर्ल्ड कप जीतकर आत्मविश्वास से भरी भारतीय टीम को आयरलैंड ने ऐसा झटका दिया जिसकी उम्मीद शायद किसी ने नहीं की थी. भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी चुनी. आयरलैंड ने 20 ओवरों में 182/9 का मजबूत स्कोर खड़ा किया. जवाब में, रनों का पीछा करते हुए भारतीय टीम ताश के पत्तों की तरह बिखर गई और 18.5 ओवरों में महज 148 रन पर ढेर हो गई.
श्रेयर अय्यर की बतौर T20I कप्तान शुरुआत हार के साथ हुई. भारत के खिलाफ यह आयरलैंड की पहली T20 इंटरनेशनल जीत है. इस जीत ने आयरिश क्रिकेट के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ दिया. 12 प्रयासों (9 टी20, 3 वनडे) में पहली बार आयरलैंड ने भारत को हराया है.
आयरलैंड की टीम इस मुकाबले में कई प्रमुख खिलाड़ियों की गैरमौजूदगी से जूझ रही थी, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने मजबूत भारतीय टीम को मात देकर साबित कर दिया कि क्रिकेट में सिर्फ नाम नहीं, प्रदर्शन मायने रखता है.
51/4 के बाद टकर और डेलनी ने बदला मैच
आयरलैंड की शुरुआत बेहद खराब रही और टीम सिर्फ 51 रन पर 4 विकेट गंवा चुकी थी. ऐसा लग रहा था कि भारतीय गेंदबाज मुकाबले पर पूरी तरह हावी हो चुके हैं, लेकिन कप्तान लॉर्कन टकर ने जिम्मेदारी संभाली. उन्होंने शानदार अर्धशतक लगाते हुए टीम को मुश्किल स्थिति से बाहर निकाला.
गैरेथ डेलनी के साथ उनकी साझेदारी ने मैच का रुख बदल दिया. दोनों बल्लेबाजों ने दबाव में धैर्य दिखाया और भारत के सामने चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा करने की नींव रखी.
डेब्यू करने वाले गेंदबाजों ने दिखाया दम
आयरलैंड की जीत में उनके नए खिलाड़ियों का योगदान भी बेहद खास रहा. डेब्यू कर रहे जय मूंद्रा और मैट हॉलैंड ने गेंद से शानदार प्रदर्शन किया. दोनों गेंदबाजों ने मिलकर 8 ओवर में 54 रन देकर 5 विकेट हासिल किए और भारतीय बल्लेबाजी क्रम को लगातार दबाव में रखा. यह प्रदर्शन इसलिए भी खास रहा क्योंकि सामने भारत जैसी मजबूत बल्लेबाजी लाइनअप थी, जिसमें कई बड़े नाम शामिल थे.
भारत की उम्मीदें टूटीं, आयरलैंड में जश्न
लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत आखिरी तक संघर्ष करता रहा, लेकिन आयरलैंड के गेंदबाजों ने दबाव बनाए रखा. अर्शदीप सिंह के आउट होते ही आयरलैंड की जीत तय हो गई। अर्शदीप ने बड़ा शॉट लगाने की कोशिश की, लेकिन गेंद उनके बल्ले के निचले हिस्से से लगकर हवा में चली गई और टिम टैक्टर ने आसान कैच पकड़ लिया. इसके बाद आयरलैंड के खिलाड़ियों का जश्न देखने लायक था. उनके लिए यह सिर्फ जीत नहीं बल्कि विश्व क्रिकेट में अपनी पहचान मजबूत करने वाला पल था. यह मुकाबला दिखाता है कि क्रिकेट में कोई भी टीम छोटी नहीं होती और सही दिन पर कोई भी टीम बड़ा उलटफेर कर सकती है.
भारत की हार के 5 बड़े विलेन
1. प्रसिद्ध कृष्णा
तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा भारतीय गेंदबाजी की सबसे कमजोर कड़ी साबित हुए. उन्होंने अपने 4 ओवरों के कोटे में बिना कोई विकेट लिए 57 रन लुटाए. उनकी 14.25 की इकॉनमी ने आयरिश बल्लेबाजों (कप्तान लॉरकन टकर 50 रन और गैरेथ डेलानी 49 रन) को खुलकर रन बनाने का मौका दिया, जिसके चलते आयरलैंड 182 के विशाल स्कोर तक पहुंच सका.
2. ईशान किशन
ओपनिंग या टॉप ऑर्डर में टीम को मजबूत शुरुआत देने की जिम्मेदारी ईशान किशन पर थी, लेकिन वह पूरी तरह फ्लॉप रहे. ईशान सिर्फ 5 गेंदें खेलकर केवल 1 रन बनाकर आउट हो गए. उनके जल्दी पवेलियन लौटने से शुरुआती ओवरों में ही पूरी टीम दबाव में आ गई.
3. संजू सैमसन
अनुभवी विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन से इस युवा टीम को संभालने की उम्मीद थी, लेकिन वह टीम को मझधार में छोड़ गए. सैमसन सिर्फ 4 गेंदों में 5 रन बनाकर आउट हो गए. एक खराब शॉट खेलकर विकेट गंवाने की उनकी पुरानी आदत यहां भी हार की बड़ी वजह बनी.
4. श्रेयस अय्यर
बतौर कप्तान श्रेयस अय्यर की इस प्रारूप में यह पहली बड़ी परीक्षा थी. जब टीम के शुरुआती विकेट गिर चुके थे, तब अय्यर से एक कप्तानी पारी की दरकार थी, लेकिन वह 7 गेंदों में सिर्फ 3 रन बनाकर चलते बने. न तो वह बल्ले से चल पाए और न ही मैदान पर उनकी कप्तानी की रणनीतियां प्रसिद्ध कृष्णा की धुनाई को रोक सकीं.
5. वॉशिंगटन सुंदर
ऑलराउंडर वॉशिंगटन सुंदर इस मैच में अपनी भूमिका के साथ न्याय नहीं कर पाए. गेंदबाजी में कप्तान ने उन पर भरोसा जताकर सिर्फ 1 ओवर दिया, जिसमें उन्होंने 19 रन लुटा दिए. इसके बाद जब उन्हें निचले क्रम में बल्लेबाजी से मैच जिताने का मौका मिला, तब भी वह 12 गेंदों में सिर्फ 9 रन ही बना सके.
भारत की ओर से तिलक वर्मा ने 19, शिवम दुबे ने 25. अक्षर पटेल ने 15, हर्षित राणा ने 8 और अर्शदीप सिंह ने 2 रन बनाए. वहीं, प्रसिद्ध कृष्णा 1 रन बनाकर नाबाद रहे. वहीं, गेंदबाजी में हर्षित राणा ने 3, जबकि अर्शदीप सिंह और अक्षर पटेल ने 2-2 विकेट लिए. वहीं, शिवम दुबे को 1 विकेट मिला.




