परिवार से लड़ने से आसान केतन की हत्या, चैट डिलीट से लेकर सिक्योरिटी गार्ड के बयान तक; सिया और चेतन के कबूलनामे में क्या-क्या?
केतन अग्रवाल मर्डर केस में पिछले 24 घंटे के दौरान कई अहम अपडेट सामने आए हैं. पुलिस अब डिलीट चैट, कॉल रिकॉर्ड, फॉरेंसिक रिपोर्ट और गवाहों के बयानों के आधार पर कथित साजिश की कड़ियां जोड़ रही है.
पुणे के कारोबारी केतन अग्रवाल मर्डर केस की जांच अब हर दिन नए मोड़ ले रही है. पिछले 24 घंटों में पुलिस जांच, फॉरेंसिक रिपोर्ट, परिवारों के बयान और आरोपियों से पूछताछ के दौरान कई ऐसे दावे सामने आए हैं, जिन्होंने इस हाई-प्रोफाइल केस की तस्वीर और जटिल बना दी है. जांच एजेंसियां अब सिर्फ घटनास्थल ही नहीं, बल्कि डिलीट की गई चैट, मोबाइल डेटा, CCTV फुटेज, कॉल रिकॉर्ड और आरोपियों के बयानों की कड़ियों को जोड़ रही हैं.
दूसरी ओर, दोनों परिवारों और बचाव पक्ष के अलग-अलग दावों ने कई नए सवाल भी खड़े कर दिए हैं. इसी बीच लोहागढ़ किले के सिक्योरिटी गार्ड का बयान भी सामने आया है, जिसने घटना के तुरंत बाद क्या देखा, इसकी जानकारी दी है. आइए जानते हैं पिछले 24 घंटों में इस केस में सामने आए सबसे बड़े अपडेट, जिन्होंने जांच की दिशा बदल दी है.
1. दोनों आरोपियों की डिलीट चैट रिकवर करने की तैयारी
पुलिस का दावा है कि सिया गोयल और चेतन चौधरी ने घटना से पहले और बाद में मोबाइल से चैट डिलीट की थी. दोनों फोन फॉरेंसिक जांच के लिए भेजे गए हैं ताकि डिलीट डेटा रिकवर किया जा सके.
2. पुलिस का दावा- हत्या के लिए चेतन ने सिया को उकसाया
जांच अधिकारियों के अनुसार पूछताछ में ऐसे इनपुट मिले हैं जिनसे पुलिस को शक है कि हत्या की योजना को आगे बढ़ाने में चेतन की अहम भूमिका थी. हालांकि मामले की जांच अभी जारी है.
3. 2,004 कॉल और 238 घंटे की बातचीत जांच के केंद्र में
पुलिस के अनुसार जनवरी से जून के बीच दोनों आरोपियों के बीच 2,004 फोन कॉल और करीब 238 घंटे बातचीत हुई. अब इन्हीं कॉल रिकॉर्ड का विश्लेषण किया जा रहा है.
4. डिलीट चैट में क्या छिपा है?
जांच एजेंसियों को उम्मीद है कि रिकवर होने वाले मैसेज कथित साजिश की टाइमलाइन समझने में अहम भूमिका निभा सकते हैं.
5. सिक्योरिटी गार्ड ने घटना के बाद क्या देखा?
लोहागढ़ किले पर तैनात सुरक्षा गार्ड ने बताया कि उन्होंने पहले चीखने की आवाज सुनी. मौके पर पहुंचने पर सिया मदद के लिए चिल्ला रही थी और शुरुआती तौर पर मामला हादसा ही लग रहा था.
6. फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा मामला
महाराष्ट्र सरकार ने केतन अग्रवाल के परिवार की मांग स्वीकार करते हुए केस को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने का फैसला लिया है.
7. उज्ज्वल निकम होंगे विशेष सरकारी वकील
राज्य सरकार ने वरिष्ठ अधिवक्ता उज्ज्वल निकम को इस मामले में विशेष लोक अभियोजक नियुक्त करने का फैसला किया है.
8. सिया के भाई और रिश्तेदारों से पूछताछ
पुलिस अब परिवार के अन्य सदस्यों और करीबी लोगों से भी पूछताछ कर रही है ताकि घटना से पहले की परिस्थितियों को समझा जा सके.
9. दोनों परिवारों के दावे बिल्कुल अलग
जहां पुलिस कथित साजिश की जांच कर रही है, वहीं दोनों परिवार इस पूरे घटनाक्रम को लेकर अलग-अलग दावे कर रहे हैं. इन्हीं बयानों का अब तकनीकी सबूतों से मिलान किया जा रहा है.
10. विग पहनाता था चेतन
सिया ने पुलिस को बताया कि वह विग पहनता था इसलिए वे उसे पसंद नहीं करती थी इसके आगे जब पुलिस ने पूछा कि अगर तुम्हें शादी नहीं करनी थी तो ये बात अपने परिवार को बता देती तो सिया ने कहा कि मैं उन्हें हार्ट नहीं करता चाहती थी.
11. हकलाता था केतन
पूछताछ के दौरान सिया ने एक और हैरान कर देने वाला खुलासा किया जिसमें उसने बताया कि केतन हकलाता था इसलिए उसे मार दिया और सिया के मुताबिक केतन को कई बार कह चुकी थी वह उसे पसंद नहीं करती है फिर भी वह रिश्ते को आगे बढ़ाना चाहता था.
12. केतन को मारना परिवार से सामने करने से आसान
इसी के साथ सिया ने पुलिस के कहा कि केतन को साजिश के तहत मारना मेरे लिए परिवार का सामना करने से आसान था यानी सिया के मुताबिक परिवार से सच्चाई बताने से बेहतर है कि केतन को साजिश के तहत जान से मार दे.
13. चार्जशीट से पहले सबसे अहम चरण
फिलहाल पुलिस डिजिटल डेटा, फॉरेंसिक रिपोर्ट, गवाहों के बयान और तकनीकी साक्ष्यों को जोड़कर अंतिम चार्जशीट तैयार करने की प्रक्रिया में है. जांच पूरी होने के बाद ही अदालत में पूरे घटनाक्रम की आधिकारिक तस्वीर सामने आएगी.




