Begin typing your search...

Cyclone Ditwah के चलते तमिलनाडु में 3 लोगों की मौत, 250 से ज्यादा घरों को हुआ नुकसान; पढ़ें अबतक के Updates

चक्रवात का सबसे ज्यादा असर उत्तरी तमिलनाडु और दक्षिणी आंध्र प्रदेश पर रहेगा. अभी हवा की रफ्तार 70-80 किलोमीटर प्रति घंटा है, दिन में यह बढ़कर 90 किमी/घंटा तक जा सकती है. उसके बाद धीरे-धीरे कम होकर 60-70 किमी/घंटा हो जाएगी. आज शाम तक हवा की स्पीड 50-60 किमी/घंटा रहते हुए भी यह पूरा तूफान बना रहेगा.

Cyclone Ditwah के चलते तमिलनाडु में 3 लोगों की मौत, 250 से ज्यादा घरों को हुआ नुकसान; पढ़ें अबतक के Updates
X
( Image Source:  X : @kilurmd )
रूपाली राय
Edited By: रूपाली राय

Updated on: 30 Nov 2025 3:23 PM IST

चक्रवात दित्वा का सबसे ज्यादा असर अगले 24 घंटों में इन जिलों पर पड़ने वाला है. मौसम विभाग ने बताया है कि इन जगहों पर बहुत तेज़ से अति-भारी बारिश हो सकती है: कुड्डालोर, नागापट्टिनम, मयिलादुथुराई, विल्लुपुरम, चेंगलपट्टू, पुदुक्कोट्टई, तंजावुर, तिरुवरूर, अरियालुर, पेरम्बलुर, तिरुचिरापल्ली (तिरुचि), चेन्नई, कांचीपुरम, तिरुवल्लूर, रानीपेट और पुडुचेरी + कराईकल क्षेत्र. ये ज्यादातर उत्तरी तमिलनाडु और डेल्टा इलाके के जिले हैं. यहां पानी बहुत ज्यादा भर सकता है, सड़कें डूब सकती हैं और बिजली भी जा सकती है.

इससे किसानों को भारी नुकसान हुआ डेल्टा जिलों में 149 मवेशी (गाय, भैंस आदि) मर चुके हैं. कुल 57,000 हेक्टेयर खेती की जमीन पानी में डूब चुकी है, जिसमें से नागापट्टिनम में 24,000 हेक्टेयर, तिरुवरूर में 15,000 हेक्टेयर, मयिलादुथुराई में 8,000 हेक्टेयर. इससे धान और दूसरी फसलों को बहुत नुकसान हुआ है. किसानों के लिए यह बहुत बड़ा झटका है.

तुरंत बचाव और राहत कार्य शुरू हो जाएगा

तमिलनाडु के राजस्व और आपदा प्रबंधन मंत्री के.के.एस.एस.आर. रामचंद्रन ने बताया कि राज्य की अपनी 28 आपदा राहत टीमें (SDRF + NDRF) पूरी तरह तैयार हैं. दूसरे राज्यों से और 10 राहत टीमें आने वाली हैं. जहां जरूरत पड़ेगी, वहां तुरंत बचाव और राहत कार्य शुरू हो जाएगा. बारिश से जुड़ी अलग-अलग दुर्घटनाओं में अब तक तीन लोगों की जान जा चुकी है तूतीकोरिन में दीवार गिरने से एक व्यक्ति की मौत. तंजावुर में भी दीवार गिरने से एक व्यक्ति की मौत. मयिलादुथुराई में 20 साल के एक युवक को बारिश में बिजली का करंट लगने से मौत हो गई.

IMD के वरिष्ठ वैज्ञानिक श्री आनंद कुमार दास ने चक्रवात दित्वा को लेकर दी ताज़ा जानकारी :

आज (30 नवंबर) और कल (1 दिसंबर) चक्रवात का सबसे ज्यादा असर उत्तरी तमिलनाडु और दक्षिणी आंध्र प्रदेश पर रहेगा. अभी हवा की रफ्तार 70-80 किलोमीटर प्रति घंटा है, दिन में यह बढ़कर 90 किमी/घंटा तक जा सकती है. उसके बाद धीरे-धीरे कम होकर 60-70 किमी/घंटा हो जाएगी. आज शाम तक हवा की स्पीड 50-60 किमी/घंटा रहते हुए भी यह पूरा तूफान बना रहेगा. उत्तरी तमिलनाडु के तटीय इलाकों (चेन्नई, तिरुवल्लूर, कांचीपुरम, चेंगलपट्टू, कुड्डालोर आदि) में आज बहुत ज़्यादा भारी बारिश होगी. दक्षिणी तटीय जिलों (नागापट्टिनम, तंजावुर, तिरुवरूर, मयिलादुथुराई आदि) में भी भारी से बहुत भारी बारिश होगी. आज पूरे दिन बारिश में कोई राहत नहीं मिलेगी, क्योंकि चक्रवात तट के साथ-साथ उत्तर की ओर बढ़ता रहेगा. आज शाम तक यह चेन्नई के ठीक सामने समुद्र में होगा. कल (1 दिसंबर) बारिश का जोर दक्षिणी तटीय इलाकों में ज्यादा रहेगा. तेलंगाना के कुछ जिलों में भी आज-कल भारी बारिश होने की संभावना है.

रद्द हुई घरेलू उड़ानें

चेन्नई से इन शहरों के लिए जाने वाली और इन शहरों से चेन्नई आने वाली उड़ानें रद्द की गई हैं- मदुरै, तिरुचि (तिरुचिरापल्ली), थूथुकुडी और सलेम. हर शहर के लिए जाने और आने वाली 18-18 उड़ानें रद्द हुईं, यानी कुल 36 घरेलू उड़ानें. चेन्नई से कोलंबो (श्रीलंका) की 5 उड़ानें और जाफना (श्रीलंका) की 1 उड़ान रद्द. कोलंबो से चेन्नई आने वाली 4 उड़ानें और जाफना से आने वाली 1 उड़ान रद्द कुल मिलाकर 11 इंटरनेशनल उड़ानें रद्द हुईं. अगर आप रविवार को चेन्नई से कहीं जाने या चेन्नई आने की योजना बना रहे हैं, तो पहले अपनी एयरलाइन से जरूर संपर्क करें. चक्रवात और तेज़ हो सकता है, इसलिए बाद में और भी ज्यादा उड़ानें रद्द हो सकती हैं.

रेड अलर्ट पर है शहर

मौसम विभाग की चेतावनी (रेड अलर्ट)भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिण आंध्र प्रदेश के लिए रेड अलर्ट जारी किया है. इसका मतलब है बहुत गंभीर स्थिति है अगले 24 घंटों में इन जिलों में बहुत तेज़ बारिश हो सकती है: चेन्नई, कांचीपुरम, तिरुवल्लूर, चेंगलपट्टू, विल्लुपुरम, कुड्डालोर, नागापट्टिनम, मयिलादुथुराई, तंजावुर, तिरुवरूर, पुदुक्कोट्टई, तिरुचिरापल्ली, अरियालुर, पेरम्बलुर, रानीपेट और पुडुचेरी-कराईकल क्षेत्र. चक्रवात दित्वा अभी बंगाल की खाड़ी में है और धीरे-धीरे उत्तर की ओर बढ़ रहा है. इसकी रफ्तार 7 किलोमीटर प्रति घंटा है, लेकिन यह उत्तरी तमिलनाडु और पुडुचेरी के तटों के लिए बड़ा खतरा बन गया है इसलिए सभी लोग सावधान रहें, घर में सुरक्षित रहें और जरूरी होने पर ही बाहर निकलें.

मौसम
अगला लेख