Anant Singh को Patna High Court ने क्यों दी जमानत, आखिर कैसे हुई Dularchad Yadav की मौत? जानिए इनसाइड स्टोरी
मोकामा हत्याकांड में विधायक अनंत सिंह को पटना हाई कोर्ट से जमानत मिल गई है. पोस्टमॉर्टम में खुलासा हुआ कि मौत गोली से नहीं, बल्कि हार्ट-रेस्पिरेटरी फेल्योर से हुई थी. चुनाव के दौरान हुई इस घटना ने बिहार की राजनीति में काफी हलचल मचाई थी.
मोकामा से जदयू विधायक Anant Singh को Patna High Court से बड़ी राहत मिली है. अदालत ने जन सुराज समर्थक दुलारचंद यादव हत्याकांड मामले में उन्हें जमानत दे दी है. इस केस में अनंत सिंह को पिछले साल बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान गिरफ्तार किया गया था.
दरअसल, मोकामा विधानसभा क्षेत्र में 30 अक्टूबर को दो राजनीतिक गुटों के समर्थकों के बीच हिंसक झड़प हुई थी, जिसमें दुलारचंद यादव की मौत हो गई थी. इस मामले में अनंत सिंह पर साजिश रचने का आरोप लगा और 1 नवंबर की रात उन्हें दो सहयोगियों, मणिकांत ठाकुर और रंजीत राम, के साथ गिरफ्तार किया गया.
अनंत सिंह को कितने वोट से मिली जीत?
हालांकि गिरफ्तारी के बावजूद अनंत सिंह ने चुनाव लड़ा और बड़ी जीत दर्ज की. उन्होंने 28,206 वोटों के अंतर से RJD उम्मीदवार वीणा देवी को हराया, जो बाहुबली नेता सूरजभान सिंह की पत्नी हैं. जीत के बाद उन्होंने विधायक पद की शपथ ली और मुख्यमंत्री Nitish Kumar से मुलाकात कर आशीर्वाद भी लिया.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या सामने आया?
इस पूरे मामले में एक और अहम मोड़ तब आया जब बिहार के डीजीपी Vinay Kumar ने पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि दुलारचंद यादव की मौत गोली लगने से नहीं, बल्कि कार्डियक और रेस्पिरेटरी फेल्योर से हुई थी. हालांकि उनके पैर में गोली का निशान जरूर मिला, लेकिन वह मौत का कारण नहीं था. घटना के बाद पुलिस प्रशासन पर भी सवाल उठे थे, जिसके चलते दो थाना प्रभारी, मधुसूदन कुमार और रवि रंजन, को निलंबित कर दिया गया था.
बाहुबली राजनीति का केंद्र रही है मोकामा सीट
मोकामा सीट लंबे समय से बाहुबली राजनीति का केंद्र रही है, जहां अनंत सिंह और सूरजभान सिंह जैसे नेताओं का दबदबा रहा है. इस केस ने चुनावी माहौल के दौरान कानून-व्यवस्था और राजनीतिक हिंसा पर भी कई सवाल खड़े किए.