दारू और ड्रग्स...5-Star होटल में कैसे हुई 29 साल के सऊदी प्रिंस की मौत? पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में क्या-क्या आया सामने
लंदन के 5-स्टार होटल में मृत मिले 29 वर्षीय सऊदी प्रिंस अब्दुल्ला बिन फहद की मौत की असली वजह ब्रिटेन की जांच रिपोर्ट में सामने आई. जानिए पूरा मामला.
लंदन के एक लग्जरी 5-स्टार होटल में 29 वर्षीय सऊदी शाही परिवार के सदस्य प्रिंस अब्दुल्ला बिन फहद बिन अब्दुल्ला बिन अब्दुलअज़ीज़ बिन जलावी अल सऊद की रहस्यमय मौत ने पिछले साल सनसनी फैला दी थी. अब ब्रिटेन की कोरोनर कोर्ट की जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद मौत की असली वजह का खुलासा हुआ है.
रिपोर्ट के मुताबिक, प्रिंस की मौत किसी साजिश या हत्या से नहीं, बल्कि शराब और कई नशीले पदार्थों के खतरनाक मिश्रण के कारण हुई. आइए इस कहानी में 29 साल के सऊदी प्रिंस के बारे में जानते हैं और समझते हैं कि उनकी मौत का असली कारण क्या है?
होटल के बाथरूम में बेहोश मिले थे प्रिंस
रिपोर्ट के अनुसार, प्रिंस 19 नवंबर को लंदन के केंसिंग्टन स्थित मैरियट होटल में एक सप्ताह के लिए ठहरे थे. 24 नवंबर की रात उन्हें आखिरी बार होटल के बाहर सिगरेट पीते हुए देखा गया था. इसके बाद वह अकेले अपने कमरे में लौटे. अगले दिन जब होटल स्टाफ ने कमरा खोला तो प्रिंस बाथरूम के फर्श पर अचेत पड़े मिले. पैरामेडिक्स ने उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन मौके पर ही मृत घोषित कर दिया गया.
पोस्टमॉर्टम में सामने आई मौत की वजह
कोरोनर कोर्ट में पेश मेडिकल रिपोर्ट के मुताबिक, प्रिंस के शरीर में शराब की मात्रा इंग्लैंड में तय कानूनी सीमा से लगभग तीन गुना अधिक थी. इसके अलावा उनके शरीर में GHB (पार्टी ड्रग), Xanax (एंटी-एंग्जायटी दवा), कैनाबिस और अन्य दवाओं के अंश भी पाए गए. डॉक्टरों ने अदालत को बताया कि शराब और इन दवाओं का घातक मिश्रण उनके दिल की धड़कन रुकने (कार्डियक अरेस्ट) का कारण बना.
हत्या या साजिश के नहीं मिले सबूत
जांच के दौरान होटल के CCTV फुटेज, फॉरेंसिक रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों की जांच की गई. कोर्ट ने पाया कि प्रिंस आखिरी बार अकेले अपने कमरे में गए थे और उनके साथ किसी अन्य व्यक्ति की मौजूदगी के कोई सबूत नहीं मिले. कोरोनर ने अपनी रिपोर्ट में मौत को 'Death by Misadventure' यानी दुर्घटनावश हुई मौत करार दिया. अदालत ने साफ किया कि आत्महत्या या किसी तीसरे व्यक्ति की भूमिका का कोई प्रमाण नहीं मिला.
पहले भी चल रहा था इलाज
जांच में यह भी सामने आया कि प्रिंस पहले से शराब और Xanax की लत से जूझ रहे थे. मौत से कुछ महीने पहले उन्होंने लंदन और ब्रिटेन के अन्य पुनर्वास केंद्रों में इलाज कराया था. डॉक्टरों ने अदालत को बताया कि उपचार के दौरान उनकी मानसिक स्थिति में सुधार हुआ था और उन्हें आत्महत्या का खतरा नहीं माना गया था.
कुछ दिन बाद हुई थी आधिकारिक घोषणा
प्रिंस की मौत के कुछ दिनों बाद सऊदी शाही दरबार ने आधिकारिक बयान जारी कर उनके निधन की पुष्टि की थी. इसके बाद रियाद में इमाम तुर्की बिन अब्दुल्ला मस्जिद में उनका अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें शाही परिवार के कई सदस्य और वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए.




