Begin typing your search...

45 दिन का सीजफायर, होर्मुज खुलने की शर्त…Iran War रोकने के लिए क्या है Pakistan का Peace Plan?

पाकिस्तान ने ईरान जंग को रोकने के लिए पीस प्लान पेश किया है. जिसमें स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलने और तुरंत सीजफायर करने की बात की गई है. इसके साथ ही इसमें कई और बातों का भी जिक्र है.

45 दिन का सीजफायर, होर्मुज खुलने की शर्त…Iran War रोकने के लिए क्या है Pakistan का Peace Plan?
X
( Image Source:  X-@ANI and @AkramJawed947 )

Pakistan Peace Plan: अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव को खत्म करने के लिए एक बड़ा कूटनीतिक प्रयास सामने आया है. सूत्रों के मुताबिक, दोनों देशों को एक सीजफायर प्रस्ताव मिला है, जो सोमवार से लागू हो सकता है और इसके तहत होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की बात भी शामिल है.

यह योजना Pakistan की ओर से तैयार की गई है, जिसमें दो फेज का ढांचा रखा गया है. पहले चरण में तुरंत सीजफायर और दूसरे चरण में व्यापक समझौते के लिए बातचीत शामिल है. सूत्र ने Reuters को बताया कि इस प्रस्ताव के सभी पहलुओं पर आज ही सहमति बनाना जरूरी है. शुरुआती समझौता एक मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MoU) के रूप में होगा, जिसे पाकिस्तान के जरिए इलेक्ट्रॉनिक तरीके से अंतिम रूप दिया जाएगा. फिलहाल पाकिस्तान ही दोनों देशों के बीच संवाद का एकमात्र जरिया बना हुआ है.

पाकिस्तान के इस पीस प्लान में क्या है?

प्रस्तावित “इस्लामाबाद समझौते” के मुख्य बिंदुओं में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तुरंत संघर्ष विराम, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलना, 15 से 20 दिनों के भीतर व्यापक समझौते के लिए बातचीत, और इस्लामाबाद में आमने-सामने की बैठक शामिल है.

इसके अलावा, Axios की रिपोर्ट के मुताबिक, शुरुआती चरण में 45 दिनों का सीजफायर भी प्रस्तावित है. इस योजना के तहत ईरान से परमाणु हथियारों की दिशा में अपनी कोशिशों को छोड़ने की उम्मीद की गई है. इसके बदले में उसे प्रतिबंधों में राहत और फ्रीज की गई संपत्तियों को वापस करने का प्रस्ताव है.

Islamabad Accord Motion Infographic
पाकिस्तान का पीस प्लान: “इस्लामाबाद समझौता”
तुरंत सीजफायर: अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तुरंत संघर्ष विराम
होर्मुज जलडमरूमध्य: स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलना
बातचीत की समयसीमा: 15–20 दिनों में व्यापक समझौते पर बातचीत
फाइनल मीटिंग: इस्लामाबाद में आमने-सामने वार्ता
45 दिन का सीजफायर: शुरुआती चरण में अस्थायी शांति अवधि
ईरान के लिए शर्त: परमाणु हथियारों की दिशा में अपनी कोशिशें छोड़ना
बदले में ईरान को प्रतिबंधों में राहत और फ्रीज की गई संपत्तियों की वापसी का प्रस्ताव

क्या ईरान से मिली मंजूरी?

हालांकि, इस पूरे प्रस्ताव को लेकर अभी भी अनिश्चितता बनी हुई है. Reuters की रिपोर्ट में बताया गया है कि पाकिस्तान के दो सूत्रों के अनुसार, ईरान ने अभी तक इस पर औपचारिक सहमति नहीं दी है, जबकि कई देशों की ओर से लगातार संपर्क किया जा रहा है.

एक सूत्र ने बताया कि ईरान की ओर से अभी कोई जवाब नहीं आया है. इससे पहले ईरानी अधिकारियों ने कहा था कि वे स्थायी सीजफायर चाहते हैं, जिसमें अमेरिका और इजरायल की ओर से भविष्य में हमले न करने की गारंटी हो. उन्होंने यह भी पुष्टि की थी कि पाकिस्तान, तुर्की और मिस्र जैसे मध्यस्थ देशों से उन्हें संदेश मिले हैं. इस प्रस्ताव पर अमेरिका ने भी कुछ नहीं कहा है.

यह कूटनीतिक पहल ऐसे समय में सामने आई है जब लगातार संघर्ष के कारण वैश्विक ऊर्जा बाजार में अस्थिरता बढ़ रही है. खासतौर पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को लेकर कारोबारियों की चिंता बढ़ती जा रही है. हाल ही में Donald Trump ने भी इस संघर्ष को जल्द खत्म करने की अपील की है और चेतावनी दी है कि अगर जल्द सीजफायर नहीं हुआ तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं.

ईरान इजरायल युद्धअमेरिकाडोनाल्ड ट्रंप
अगला लेख