Begin typing your search...

ल्यारी में अभी भी धुरंधर का दबदबा! जुबैर बलोच को किसने गोलियों से भूना- जानिए पूरी Crime कुंडली, देखिए दहशत के VIDEO

कराची के लियारी में उजैर बलोच के भाई जुबैर बलोच पर हमला हुआ. जानिए कौन था जुबैर, किन मामलों में आया नाम और उजैर बलोच का पूरा क्राइम रिकॉर्ड.

ल्यारी में अभी भी धुरंधर का दबदबा! जुबैर बलोच को किसने गोलियों से भूना- जानिए पूरी Crime कुंडली, देखिए दहशत के VIDEO
X
सागर द्विवेदी
By: सागर द्विवेदी5 Mins Read

Updated on: 31 July 2026 7:17 PM IST

कराची के कुख्यात इलाके ल्यारी में एक बार फिर गोलीबारी की घटना ने पुराने गैंगवॉर की यादें ताजा कर दी हैं. शुक्रवार दोपहर को अज्ञात हमलावरों ने जेल में बंद कुख्यात गैंग सरगना उजैर बलोच के भाई जुबैर बलोच को गोलियों से भून दिया है. जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. पुलिस के मुताबिक हमले में जुबैर घायल हुआ और उसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया. हमले के पीछे की वजह फिलहाल स्पष्ट नहीं है और जांच एजेंसियां अलग-अलग पहलुओं से मामले की पड़ताल कर रही हैं.

यह घटना इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि लियारी कभी उजैर बलोच, रहमान डकैत और उनके विरोधी गुटों के बीच हिंसक गैंग संघर्ष के लिए जाना जाता था. ऐसे में उजैर के भाई पर हमला इलाके में पुराने आपराधिक नेटवर्क और दुश्मनी के सवाल फिर खड़े कर रहा है.

कौन था जुबैर बलोच? जिस पर हुआ हमला?

जुबैर बलोच की पहचान मुख्य रूप से उजैर बलोच के भाई के तौर पर सामने आती रही है. हालांकि हालिया हमले के बाद कई सोशल मीडिया पोस्ट उसे सीधे लियारी गैंग का बड़ा सरगना बता रहे हैं, लेकिन उपलब्ध विश्वसनीय रिकॉर्ड में उसकी भूमिका को लेकर सावधानी बरतना जरूरी है.

पाकिस्तानी अखबार Dawn की पुरानी रिपोर्टों के मुताबिक जुबैर का नाम कई आपराधिक मामलों में आरोपी के तौर पर सामने आया था. 2024 में जेल से जमानत पर रिहा होने के कुछ समय बाद उसके कथित तौर पर उठाए जाने की खबर भी सामने आई थी. उसके परिवार ने उस समय कानून प्रवर्तन एजेंसियों पर उसे ले जाने का आरोप लगाया था.

उजैर के भाई का नाम किन मामलों में आया?

जुबैर का नाम लियारी से जुड़े कई गंभीर मामलों की जांच और मुकदमों में आया है. 2020 में एक एंटी-टेररिज्म कोर्ट ने पुलिस अधिकारी फवाद खान की हत्या से जुड़े मामले में उजैर बलोच, उसके भाई जुबैर और अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए थे. आरोपियों ने खुद को निर्दोष बताया था और मुकदमा लड़ने की बात कही थी.

एक अन्य मामले में 2009 में एक कारोबारी के अपहरण और हत्या के केस में भी अभियोजन पक्ष ने उजैर के साथ उसके भाई जुबैर का नाम लिया था. अभियोजन के मुताबिक कारोबारी को फिरौती के लिए अगवा किया गया था और बाद में उसकी हत्या कर दी गई. यह आरोप अदालत में अभियोजन के मामले का हिस्सा था, इसे दोषसिद्धि के रूप में पेश नहीं किया जाना चाहिए.

उजैर बलोच कौन है? लियारी का कुख्यात नाम कैसे बना?

जुबैर की कहानी को समझने के लिए उसके भाई उजैर बलोच की पृष्ठभूमि समझना जरूरी है. उजैर कराची के लियारी इलाके से निकलकर वहां के सबसे चर्चित गैंग सरगनाओं में शामिल हुआ. वह बाद में Peoples Amn Committee (PAC) का प्रमुख बना, जिस संगठन की शुरुआत रहमान डकैत से जुड़ी थी.

उजैर के पिता ट्रांसपोर्ट व्यवसाय से जुड़े थे. 2003 में उनके पिता की हत्या के बाद उजैर के अपराध की दुनिया में प्रवेश की कहानी सामने आती है. बाद में रहमान डकैत की मौत के बाद लियारी में उजैर का प्रभाव बढ़ा और वह इलाके की गैंगवार में एक प्रमुख नाम बन गया.

रहमान डकैत के बाद कैसे बदला लियारी का गैंगवॉर?

लियारी में लंबे समय तक अलग-अलग गैंगों के बीच वर्चस्व की लड़ाई चलती रही. रहमान डकैत की मौत के बाद उजैर बलोच ने उसके नेटवर्क में प्रभाव बढ़ाया. इसके बाद उजैर गुट और उसके विरोधी गुटों के बीच संघर्ष ने इलाके में हिंसा को और बढ़ाया. पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्टों में उजैर पर हत्या, अपहरण, जबरन वसूली और अन्य गंभीर अपराधों से जुड़े कई मामले दर्ज होने की बात कही गई है. हालांकि उसके खिलाफ लगे अलग-अलग आरोपों की कानूनी स्थिति हर मामले में अलग रही है.

उजैर बलोच अभी कहां है?

उजैर बलोच को 2016 में पाकिस्तान रेंजर्स ने गिरफ्तार किया था. इसके बाद उसके खिलाफ कई आपराधिक मामलों में कार्रवाई हुई. 2021 में एक सैन्य अदालत ने उसे विदेशी खुफिया एजेंसी के लिए जासूसी करने के मामले में 12 साल की सजा सुनाई थी. इसके अलावा उसके खिलाफ लियारी गैंगवॉर से जुड़े कई मुकदमे लंबे समय तक चलते रहे हैं. कुछ मामलों में उसे राहत या बरी होने की खबरें भी सामने आईं, इसलिए उसकी पूरी कानूनी स्थिति को केवल एक ही मामले के आधार पर समझना सही नहीं होगा.

अगला लेख