पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर यानी POK में जारी विरोध और लोगों की नाराजगी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं. पाकिस्तान की सेना के खिलाफ बढ़ते गुस्से, बिजली की कमी, विकास की धीमी रफ्तार, सड़क और स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति और राजनीतिक हस्तक्षेप को लेकर वहां के हालात पर चर्चा तेज है. पूर्व भारतीय सैन्य अधिकारी ने POK की मौजूदा स्थिति, पाकिस्तान की नीतियों, आतंकवाद के लिए युवाओं के इस्तेमाल और भारत के जम्मू-कश्मीर में बढ़ती कनेक्टिविटी व विकास से तुलना को लेकर कई अहम बातें बताई हैं. आखिर POK में 78 साल बाद ऐसा क्या हुआ कि जनता पाकिस्तान के खिलाफ सड़कों पर उतरने को मजबूर हुई?