Shraddha Walkar को मारने वाला Aaftab Poonawala तिहाड़ जेल में कर रहा MA, एग्जाम के लिए टली सुनवाई; TOP UPDATES
दिल्ली के चर्चित श्रद्धा वालकर हत्याकांड में 20 जुलाई को होने वाली सुनवाई टाल दी गई है. आरोपी आफताब अमीन पूनावाला ने कोर्ट को बताया कि उसी दिन तिहाड़ जेल में उसकी एमए (समाजशास्त्र) की अंतिम परीक्षा है, जिसके बाद अदालत ने उसकी अर्जी स्वीकार कर ली.
तिहाड़ जेल में MA की परीक्षा देगा श्रद्धा को मारने वाला आफताब पूनावाला
Shraddha Walkar Murder Case: दिल्ली के बहुचर्चित श्रद्धा वालकर हत्याकांड में अदालत ने 20 जुलाई को प्रस्तावित सुनवाई स्थगित कर दी है. इसकी वजह आरोपी आफताब अमीन पूनावाला की एमए (समाजशास्त्र) की अंतिम परीक्षा है, जो उसी दिन तिहाड़ जेल के परीक्षा केंद्र में आयोजित होनी है. अदालत ने आरोपी की ओर से दायर आवेदन पर सुनवाई करते हुए उसकी व्यक्तिगत पेशी से छूट दे दी.
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश हरगुरवरिंदर सिंह जग्गी ने कहा कि आफताब की अंतिम परीक्षा 20 जुलाई को दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक होगी. इसलिए उस दिन की दैनिक सुनवाई रद्द की जाती है. आदेश के अनुसार, अब इस मामले में अभियोजन पक्ष के गवाहों की गवाही 21 जुलाई से दोपहर 2 बजे रिकॉर्ड की जाएगी. अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि पहले से तय बाकी सभी तारीखें यथावत रहेंगी.
इससे पहले मई में अदालत ने 20 से 25 जुलाई तक लगातार अभियोजन पक्ष के साक्ष्य दर्ज करने का कार्यक्रम तय किया था. फिलहाल अभियोजन के आठ गवाहों की गवाही अभी बाकी है. वहीं 13 गवाहों की मुख्य गवाही आंशिक रूप से दर्ज हो चुकी है, जबकि 12 गवाहों की गवाही बाद के लिए टाल दी गई थी.
क्या है पूरा मामला?
- गौरतलब है कि 27 वर्षीय श्रद्धा वालकर की 2022 में कथित तौर पर उनके लिव-इन पार्टनर आफताब अमीन पूनावाला ने हत्या कर दी थी. इस सनसनीखेज मामले में पुलिस का आरोप है कि हत्या के बाद शव के 35 टुकड़े कर उन्हें अलग-अलग स्थानों पर फेंका गया. यह मामला 2023 से अदालत में विचाराधीन है और अभी ट्रायल जारी है.
- श्रद्धा और आफताब मुंबई में एक डेटिंग ऐप के ज़रिए मिले थे. अलग-अलग धर्म होने के कारण परिवार के विरोध के बाद दोनों दिल्ली आकर लिव-इन में रहने लगे. दिल्ली के छतरपुर फ्लैट में शिफ्ट होने के महज 3 दिन बाद ही (18 मई 2022 को) उनके बीच शादी करने और घरेलू खर्चों को लेकर भारी झगड़ा हुआ.
- गुस्से में आकर आफताब ने श्रद्धा का गला दबा दिया. पकड़े जाने के डर से उसने इंटरनेट पर इंसानी शरीर को काटने और खून साफ करने के तरीके ढूंढे और अमेरिकी टीवी शो 'डेक्सटर' से प्रेरित होकर शव के टुकड़े-टुकड़े कर दिए. इसके बाद उन्हें 300 लीटर के फ्रीज में छुपाकर रखा और करीब 18 दिनों तक रोज रात को महरौली के जंगलों में फेंकता रहा.
- दिल्ली कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए 20 जुलाई से 25 जुलाई 2026 तक रोजाना (Day-to-Day) गवाहों के बयान दर्ज करने का आदेश दिया था, जो अब 21 जुलाई से जारी रहेगा. इस मामले में अभियोजन पक्ष (Prosecution) के कुल 212 गवाहों में से अधिकांश के बयान दर्ज किए जा चुके हैं, और अब केवल 8 मुख्य गवाहों की जांच बाकी है.
- दिल्ली पुलिस ने कोर्ट में 6,600 से अधिक पन्नों की चार्जशीट दाखिल की थी, जिसके बाद साकेत कोर्ट ने मई 2023 में आफताब पर हत्या (धारा 302) और सबूत मिटाने (धारा 201) के तहत आरोप तय किए थे.
- अपनी बेटी को न्याय दिलाने के लिए कानूनी लड़ाई लड़ रहे श्रद्धा के पिता विकास वालकर का साल 2025 में निधन हो गया.
- पुलिस ने कोर्ट में एक सप्लीमेंट्री चार्जशीट भी पेश की है, जिसमें आफताब की गूगल लोकेशन, इंटरनेट सर्च हिस्ट्री और श्रद्धा की मौत के बाद उसके फोन के इस्तेमाल से जुड़े पुख्ता फोरेंसिक और डिजिटल सबूत शामिल हैं.
- महरौली के जंगलों से पुलिस को जो हड्डियां और शव के अवशेष बरामद हुए थे, उनका डीएनए श्रद्धा के पिता के डीएनए से मैच हो गया था, जिससे यह कानूनी रूप से साबित हुआ कि वे अवशेष श्रद्धा के ही थे.
- पुलिस ने वह आरी और चाकू भी बरामद कर लिया है जिससे शव के टुकड़े किए गए थे. साथ ही श्रद्धा की वह सोने की अंगूठी भी जब्त की गीह ै. जो आफताब ने मर्डर के बाद अपनी दूसरी गर्लफ्रेंड को गिफ्ट कर दी थी.
- जांच के दौरान आफताब का नारको एनालिसिस और पॉलीग्राफ टेस्ट कराया गया था, जिसमें उसने श्रद्धा की हत्या करने और शव को ठिकाने लगाने की बात कबूल की थी.




