कौन हैं Esha Singh, जिन्होंने ISSF World Cup 2026 में ओलंपिक मेडल विनर Manu Bhaker को हराकर जीता गोल्ड?
भारत की स्टार निशानेबाज ईशा सिंह और मनु भाकर ने चीन के हांगझोऊ में आयोजित ISSF शूटिंग वर्ल्ड कप 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में क्रमशः गोल्ड और ब्रॉन्ज मेडल जीता. आइए, दोनों खिलाड़ियों के बारे में डिटेल में जानते हैं...
Esha Singh ने Manu Bhaker को हराकर जीता गोल्ड
Esha Singh Manu Bhaker: भारतीय शूटिंग टीम ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी ताकत का शानदार प्रदर्शन किया है. चीन के हांगझोऊ में आयोजित ISSF राइफल/पिस्टल/शॉटगन वर्ल्ड कप 2026 में भारत की दो स्टार महिला निशानेबाज ईशा सिंह और मनु भाकर ने महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में डबल पोडियम फिनिश हासिल कर देश का नाम रोशन किया.
हैदराबाद की 21 वर्षीय ईशा सिंह ने फाइनल में शानदार प्रदर्शन करते हुए 40 हिट के साथ गोल्ड मेडल अपने नाम किया. वहीं, पेरिस ओलंपिक 2024 की दोहरी पदक विजेता मनु भाकर ने बेहद कड़े मुकाबले और शूट-ऑफ का दबाव झेलते हुए 28 हिट के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता. यह भारत के लिए सिर्फ दो मेडल नहीं, बल्कि विश्व स्तर पर भारतीय महिला शूटिंग की निरंतर सफलता का एक और बड़ा उदाहरण है.
क्वालिफिकेशन से ही दिखा भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा
फाइनल से पहले हुए क्वालिफिकेशन राउंड में भी भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन देखने को मिला. मनु भाकर ने 586-20x के स्कोर के साथ पहला स्थान हासिल किया, जबकि ईशा सिंह 585-18x के साथ दूसरे स्थान पर रहीं. दोनों ने आराम से आठ खिलाड़ियों के फाइनल में जगह बना ली.
भारत की अनुभवी निशानेबाज और पूर्व एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता राही सरनोबत ने 582-16x का स्कोर बनाया. वहीं, सिमरनप्रीत कौर बरार (576-20x) और अभिधन्या अशोक पाटिल (573-16x) ने रैंकिंग प्वाइंट्स ओनली (RPO) श्रेणी में प्रभावशाली प्रदर्शन किया.
ईशा सिंह ने बताया कैसे जीता दबाव से मुकाबला
गोल्ड जीतने के बाद ईशा सिंह ने कहा कि इस बार मुकाबला उनके लिए मानसिक रूप से काफी चुनौतीपूर्ण था. उन्होंने कहा कि म्यूनिख वर्ल्ड कप में विश्व रिकॉर्ड के साथ गोल्ड जीतने के बाद उनसे अपेक्षाएं काफी बढ़ गई थीं. ईशा ने कहा, "पिछला गोल्ड जीतने के बाद इस प्रतियोगिता में काफी दबाव था. जैसे-जैसे आप अपने खेल में बेहतर होते जाते हैं, वैसे-वैसे खुद पर उम्मीदों का बोझ भी बढ़ता है. खुशी है कि मैं उस दबाव को पार कर सकी."
Esha Singh (Image Credit- X@issf_official)
ईशा ने यह भी कहा कि हांगझोऊ उनके लिए बेहद खास जगह है क्योंकि एशियन गेम्स में भी उन्होंने यहां शानदार प्रदर्शन किया था. उन्होंने कहा, "यहां का शूटिंग रेंज, रोशनी और फाइनल हॉल का माहौल मेरे लिए परिचित था, जिसका फायदा मुझे मिला."
मनु भाकर बोलीं- यह मेडल आगे की तैयारी का आत्मविश्वास देगा
ब्रॉन्ज जीतने के बाद मनु भाकर ने कहा कि यह मेडल उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे उन्हें आगे की बड़ी प्रतियोगिताओं की तैयारी में मदद मिलेगी. उन्होंने कहा, "यह मेडल मेरे लिए एक सीढ़ी की तरह है. इससे समझ आता है कि क्या सही दिशा में जा रहा है और आगे किस पर काम करना है. मेडल से आत्मविश्वास जरूर बढ़ता है, लेकिन इस मुकाबले का अनुभव उससे भी ज्यादा महत्वपूर्ण है." मनु ने कहा कि अब उनका पूरा फोकस आने वाली विश्व चैंपियनशिप और एशियाई खेलों पर रहेगा.
Manu Bhaker ( Image Credit- X@SportsIndia3)
कौन हैं ईशा सिंह?
- तेलंगाना के हैदराबाद की रहने वाली ईशा सिंह भारतीय शूटिंग की नई सुपरस्टार मानी जाती हैं. उन्होंने साल 2018 में केवल 13 साल की उम्र में नेशनल शूटिंग चैंपियनशिप में ऐसा प्रदर्शन किया था, जिसने पूरे देश का ध्यान उनकी ओर खींच लिया.
- ईशा ने उस प्रतियोगिता में भारत की दिग्गज निशानेबाज मनु भाकर और हीना सिद्धू जैसी अनुभवी खिलाड़ियों को पीछे छोड़ते हुए सीनियर, जूनियर और यूथ, तीनों वर्गों में गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रच दिया था.
- साल 2026 की शुरुआत में म्यूनिख में आयोजित ISSF वर्ल्ड कप में उन्होंने महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में 43 हिट के साथ सीनियर और जूनियर दोनों वर्गों का विश्व रिकॉर्ड बनाया था.
- पेरिस ओलंपिक 2024 में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी ईशा को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए अर्जुन पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है.
- एशियन गेम्स 2023 में उन्होंने 1 गोल्ड और 3 सिल्वर सहित कुल 4 पदक जीतकर भारत की सबसे सफल खिलाड़ियों में जगह बनाई थी. इसके अलावा एशियन शूटिंग चैंपियनशिप और कई ISSF वर्ल्ड कप प्रतियोगिताओं में भी वे लगातार पदक जीत चुकी हैं.
कौन हैं मनु भाकर?
- हरियाणा के झज्जर जिले की रहने वाली मनु भाकर भारतीय शूटिंग की सबसे सफल महिला खिलाड़ियों में गिनी जाती हैं. उन्होंने पेरिस ओलंपिक 2024 में दो ब्रॉन्ज मेडल जीतकर इतिहास रच दिया था.
- मनु भाकर आजाद भारत की पहली एथलीट बनीं जिन्होंने एक ही ओलंपिक संस्करण में दो पदक अपने नाम किए.
- मनु के नाम कॉमनवेल्थ गेम्स, यूथ ओलंपिक, एशियन गेम्स और ISSF वर्ल्ड कप में कई गोल्ड मेडल दर्ज हैं. उन्हें विश्व शूटिंग की सबसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों में गिना जाता है.
- उनके शानदार योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें अर्जुन पुरस्कार (2020) और खेल रत्न (2025) से सम्मानित किया है.
टीम इवेंट में भी दोनों की जोड़ी रही सुपरहिट
ईशा सिंह और मनु भाकर सिर्फ व्यक्तिगत स्पर्धाओं में ही नहीं, बल्कि टीम इवेंट में भी भारत के लिए लगातार पदक जीतती रही हैं. दोनों ने एशियन गेम्स, वर्ल्ड चैंपियनशिप और ISSF प्रतियोगिताओं में भारतीय टीम को कई स्वर्ण पदक दिलाने में अहम भूमिका निभाई है. यही कारण है कि आज यह जोड़ी भारतीय शूटिंग की सबसे मजबूत जोड़ियों में शामिल मानी जाती है.
मनसुख मांडविया ने दी बधाई
केंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने दोनों खिलाड़ियों को शानदार प्रदर्शन पर बधाई देते हुए सोशल मीडिया पर लिखा, "भारत फिर पोडियम पर! हांगझोऊ ISSF वर्ल्ड कप में महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में गोल्ड जीतने वाली ईशा सिंह और ब्रॉन्ज जीतने वाली मनु भाकर को हार्दिक बधाई. पूरे देश को आप दोनों पर गर्व है."
भारत की इन दोनों स्टार निशानेबाजों का यह प्रदर्शन आने वाली विश्व चैंपियनशिप और एशियन गेम्स से पहले भारतीय टीम के लिए बड़ा आत्मविश्वास लेकर आया है, यदि दोनों खिलाड़ी इसी लय को बरकरार रखती हैं तो आने वाले बड़े टूर्नामेंटों में भी भारत के पदकों की संख्या बढ़ने की उम्मीद काफी मजबूत दिखाई देती है.




