इंग्लैंड के खिलाफ एक ओवर में लुटाए 29 रन! आखिर बार-बार नोबॉल क्यों फेंक रहे रवि बिश्नोई? पूर्व स्पिनर ने बताई सबसे बड़ी कमजोरी
भारत के पूर्व स्पिनर मुरली कार्तिक ने इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टी20 में रवि बिश्नोई की महंगी गेंदबाजी की वजह उनकी बॉलिंग एक्शन नहीं, बल्कि रन-अप को बताया. उनका कहना है कि बिश्नोई का बदला हुआ सेमी-सर्कुलर रन-अप उन्हें बार-बार बैक-फुट नो-बॉल करा रहा है.
रवि बिश्नोई
Murali Kartik on Ravi Bishnoi No-ball: इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टी20 मैच में टीम इंडिया को इंग्लैंड के हाथों 4 विकेट से हार का सामना करना पड़ा. इस मैच में लेग स्पिनर रवि बिश्नोई काफी महंगे साबित हुए. उन्होंने 4 ओवर में 60 रन दिए, जिसमें एक ओवर में लुटाए गए 29 रन भी शामिल हैं. इस ओवर में बिश्नोई ने 2 बैक-फुट नो-बॉल फेंकी, जो भारत के लिए काफी महंगा साबित हुआ. पूर्व स्पिनर मुरली कार्तिक का कहना है कि समस्या बिश्नोई के बॉलिंग एक्शन में नहीं, बल्कि उनके रन-अप में है.
समाचार एजेंसी PTI से बातचीत में कार्तिक ने कहा कि बिश्नोई का मौजूदा सेमी-सर्कुलर (C-शेप) रन-अप उनकी बॉडी अलाइनमेंट बदल देता है. इसी वजह से गेंद डालते समय उनका पिछला पैर बार-बार रिटर्न क्रीज को छू जाता है और बैक-फुट नो-बॉल हो जाती है.
क्या रन-अप ने बिगाड़ा संतुलन?
कार्तिक के मुताबिक, बिश्नोई पिछले कुछ वर्षों में अपना रन-अप बदलते रहे हैं. IPL के दौरान भी उनका रन-अप काफी घुमावदार दिखाई दिया. इस बदलाव के कारण गेंदबाजी के दौरान उनका संतुलन और अलाइनमेंट प्रभावित हो रहा है. उन्होंने कहा कि यह समस्या बॉलिंग एक्शन से जुड़ी नहीं है, इसलिए पूरे एक्शन में बदलाव की जरूरत नहीं है. अगर बिश्नोई पहले की तरह छोटा और नियंत्रित C-शेप रन-अप अपनाएं, तो यह दिक्कत काफी हद तक खत्म हो सकती है.
दूसरे टी20 में बिश्नोई का ओवर भारत के लिए पड़ा भारी
इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे टी20 में बिश्नोई का एक ओवर टीम इंडिया के लिए काफी महंगा साबित हुआ. लगातार नो-बॉल और अतिरिक्त रन की वजह से इंग्लैंड को बड़ा फायदा मिला, जिसका असर मैच के नतीजे पर भी देखने को मिला. पूर्व स्पिनर का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस तरह की तकनीकी गलतियां विपक्षी टीम को अतिरिक्त मौके देती हैं, इसलिए इन्हें जल्द सुधारना जरूरी है.
क्या होगा अगला कदम?
अब टीम इंडिया के गेंदबाजी कोच और सपोर्ट स्टाफ की नजर बिश्नोई के रन-अप पर होगी. यदि तकनीकी बदलाव किए जाते हैं, तो आने वाले मैचों में उनकी लय और नियंत्रण दोनों बेहतर हो सकते हैं.




