रक्षाबंधन पर रहेगा चंद्र ग्रहण का साया, क्या राखी बांधना रहेगा शुभ? जानिए शुभ मुहूर्त
रक्षाबंधन के दिन चंद्र ग्रहण भी लग रहा है. हालांकि भारत में ग्रहण दिखाई नहीं देगा, इसलिए यहां इसका सूतक मान्य नहीं होगा और राखी बांध सकते हैं.
क्या चंद्र ग्रहण के साए में राखी बांधना शुभ
हिंदू धर्म में रक्षाबंधन एक प्रमुख त्योहार माना जाता है. रक्षाबंधन का पर्व भाई-बहन के प्रेम और स्नेह के त्योहार के रूप में मनाया जाता है. इस दिन बहन अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधती है इसके बदले में भाई बहन को भेंट देता है और हमेशा उसकी रक्षा करने का वचन देता है.
हिंदू पंचांग के अनुसार, हर वर्ष श्रावण माह की पूर्णिमा तिथि पर रक्षाबंधन मनाया जाता है. इस बार राखी का त्योहार 28 अगस्त को है. इस बार रक्षाबंधन पर चंद्र ग्रहण का साया रहेगा. ऐसे में शुभ त्योहार पर ग्रहण का साया रहने से सभी लोगों के मन में संशय की स्थिति बनी हुई है कि चंद्र ग्रहण के साये में रक्षा बंधन के त्योहार पर क्या असर होगा. आइए जानते हैं.
श्रावण पूर्णिमा तिथि 2026
हिंदू पंचांग के अनुसार, श्रावण पूर्णिमा तिथि की शुरुआत 27 अगस्त को सुबह 09 बजकर 08 मिनट पर होगी और इस तिथि का समापन 28 अगस्त को सुबह 09 बजकर 48 मिनट तक होगा. ऐसे में उदयातिथि के अनुसार, रक्षाबंधन का त्योहार 28 अगस्त को मनाया जाएगा.
रक्षाबंधन पर चंद्र ग्रहण का साया
इस वर्ष श्रावण पूर्णिमा पर साल का आखिरी चंद्र ग्रहण लगेगा और इस दिन रक्षाबंधन का त्योहार भी है. पंचांग के अनुसार, रक्षाबंधन 28 अगस्त को सुबह 6 बजकर 55 मिनट से शुरू होकर दोपहर 12 बजकर 30 मिनट तक रहेगा.
चंद्र ग्रहण का रक्षाबंधन पर प्रभाव
साल का आखिरी चंद्रग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा, जिसके चलते ग्रहण का सूतक काल मान्य नहीं होगा. इस तरह तरह से भारत में इस चंद्र ग्रहण का दोष या अशुभ प्रभाव नहीं पड़ेगा. इस तरह से 28 अगस्त 2026 को रक्षाबंधन के त्योहार पर किसी भी तरह का दोष नहीं रहेगा. ऐसे में बिना संशय के भाइयों की कलाई में रक्षासूत्र बांधकर पूरे जोश और उत्साह से रक्षाबंधन का पर्व मनाएं.
राखी बांधने का शुभ मुहूर्त
- रक्षाबंधन का सबसे अच्छा मुहूर्त- सुबह 6 बजकर 23 मिनट से लेकर 09 बजकर 48 मिनट तक.
- अभिजीत मुहूर्त- दोपहर 12 बजकर 14 मिनट से लेकर दोपहर 01 बजकर 05 मिनट तक.
- गोधूलि मुहूर्त- शाम 06 बजकर 57 मिनट लेकर शाम 07 बजकर 19 मिनट तक.
ज्योतिष में राहुकाल को अशुभ माना जाता है. रक्षाबंधन के दिन राहुकाल दिन में 11 बजकर 05 मिनट से लेकर दोपहर 12 बजकर 40 मिनट तक रहेगा.




