कौन हैं ईशान थरूर? वॉशिंगटन पोस्ट की छंटनी में गई शशि थरूर के बेटे की नौकरी, क्या बोला उनका BOSS?
अमेरिकी अखबार द वॉशिंगटन पोस्ट में बड़ी छंटनी के बीच कांग्रेस सांसद शशि थरूर के बेटे ईशान थरूर की नौकरी चली गई है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, अखबार ने करीब 300 पत्रकारों को बाहर का रास्ता दिखाया है. ईशान विदेश मामलों के लेखक थे और उनका WorldView कॉलम काफी लोकप्रिय था. जानिए कौन हैं ईशान थरूर, उनका काम क्या था और छंटनी की वजह क्या बताई जा रही है.
अमेरिका के प्रतिष्ठित अखबार The Washington Post में हुई बड़ी छंटनी ने पूरी दुनिया के मीडिया जगत को चौंका दिया है. कंपनी ने एक ही फैसले में सैकड़ों पत्रकारों को नौकरी से निकाल दिया, जिसमें कई अंतरराष्ट्रीय स्तर के पत्रकार भी शामिल हैं. इसी छंटनी की मार कांग्रेस सांसद Shashi Tharoor के बेटे ईशान थरूर पर भी पड़ी है.
ईशान थरूर लंबे समय से वॉशिंगटन पोस्ट में अंतरराष्ट्रीय मामलों पर लिख रहे थे और उनका कॉलम बड़ी संख्या में पाठकों के बीच लोकप्रिय था. नौकरी जाने के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर भावुक पोस्ट लिखकर अपनी प्रतिक्रिया दी, जिससे यह मामला और चर्चा में आ गया.
कौन हैं ईशान थरूर?
ईशान थरूर एक जाने-माने अंतरराष्ट्रीय पत्रकार हैं और कांग्रेस नेता शशि थरूर के बेटे हैं. उन्होंने अपनी पढ़ाई विदेश में की और लंबे समय से वैश्विक राजनीति, कूटनीति और अंतरराष्ट्रीय संबंधों पर लिखते रहे हैं. वॉशिंगटन पोस्ट में उनका “WorldView” नाम का कॉलम काफी लोकप्रिय था, जिसे दुनिया भर में लाखों लोग पढ़ते थे. जनवरी 2017 से शुरू हुए इस कॉलम के जरिए वे वैश्विक घटनाओं को आसान भाषा में समझाने के लिए जाने जाते थे.
ईशान का काम क्या था?
ईशान थरूर अखबार में विदेश मामलों के लेखक के तौर पर काम कर रहे थे. वे दुनिया भर की राजनीतिक और कूटनीतिक घटनाओं पर विश्लेषणात्मक लेख लिखते थे. उनका काम पाठकों को यह समझाना था कि दुनिया में हो रही घटनाओं का अमेरिका और बाकी देशों पर क्या असर पड़ रहा है.
कितने लोगों की हुई छंटनी?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, वॉशिंगटन पोस्ट में करीब 800 पत्रकार काम करते थे. इनमें से लगभग 300 पत्रकारों को एक साथ नौकरी से निकाल दिया गया. यानी करीब एक-तिहाई स्टाफ को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया. छंटनी में कई विदेशी दफ्तरों और विभागों को भी बंद कर दिया गया.
द वॉशिंगटन पोस्ट के मालिक कौन हैं?
वॉशिंगटन पोस्ट के मालिक दुनिया के बड़े उद्योगपतियों में से एक Jeff Bezos हैं, जो ई-कॉमर्स कंपनी Amazon के संस्थापक भी हैं. उन्होंने साल 2013 में इस अखबार को करीब 25 करोड़ डॉलर में खरीदा था. हाल के महीनों में अमेजन में भी हजारों कर्मचारियों की छंटनी की खबरें सामने आई थीं.
नौकरी से निकाले जाने की वजह क्या बताई गई?
अखबार के कार्यकारी संपादक मैट मरे ने इस फैसले को “दुखद लेकिन जरूरी” बताया. उनके मुताबिक, मीडिया इंडस्ट्री तेजी से बदल रही है, डिजिटल और AI के दौर में काम करने का तरीका भी बदलना होगा. इसी वजह से कंपनी को अपने खर्च और संरचना में बदलाव करना पड़ा. उन्होंने यह भी कहा कि अखबार अब भी पुराने मॉडल पर चल रहा था, जबकि पाठकों की आदतें बदल चुकी हैं. कम लागत में ज्यादा काम और डिजिटल ऑडियंस पर फोकस करना अब जरूरी हो गया है.
ईशान थरूर ने नौकरी जाने पर क्या कहा?
ईशान थरूर ने सोशल मीडिया पर लिखा कि उन्हें और उनके कई अंतरराष्ट्रीय साथियों को नौकरी से निकाल दिया गया है. उन्होंने अपने सहयोगियों और न्यूज रूम के लिए दुख जताया और कहा कि इतने सालों तक बेहतरीन पत्रकारों के साथ काम करना उनके लिए सम्मान की बात रही. उन्होंने अपने कॉलम के पांच लाख से ज्यादा वफादार पाठकों का भी धन्यवाद किया, जो सालों से उनके लेख पढ़ते रहे.
क्या छंटनी के पीछे कोई और वजह भी बताई जा रही है?
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि अमेरिका में मीडिया संस्थानों पर बढ़ते आर्थिक दबाव और राजनीतिक माहौल का भी असर पड़ा है. हालांकि इस पर अखबार के मालिक जेफ बेजोस की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. फिलहाल कंपनी का कहना है कि यह फैसला पूरी तरह व्यावसायिक और तकनीकी बदलावों के कारण लिया गया है.





