21 की उम्र में बिना कोचिंग के IAS बनने वाली IAS आस्था सिंह की सुनिए सफलता की कहानी
21 साल की उम्र में बिना कोचिंग के IAS बनने वाली आस्था सिंह ने अपनी मेहनत और लगन से UPSC जैसी कठिन परीक्षा पहले ही प्रयास में पास कर ली. साधारण परिवार से आने वाली आस्था ने सेल्फ स्टडी के दम पर AIR 62 हासिल कर युवाओं के लिए मिसाल पेश की.
कहते हैं, 'सपनों की कोई उम्र नहीं होती और मेहनत का कोई विकल्प नहीं होता.' इस कहावत को हकीकत में बदलकर दिखाया है आस्था सिंह ने, जिन्होंने बेहद कम उम्र में वो मुकाम हासिल कर लिया, जहां पहुंचने का सपना लाखों युवा देखते हैं. एक साधारण परिवार से आने वाली आस्था की सफलता की कहानी न सिर्फ प्रेरणादायक है, बल्कि यह भी बताती है कि अगर इरादा मजबूत हो, तो संसाधनों की कमी भी रास्ता नहीं रोक सकती.
आस्था सिंह की यह कहानी खास इसलिए भी है क्योंकि उन्होंने बिना किसी कोचिंग के, खुद की मेहनत और लगन के दम पर देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक UPSC को पास किया. महज 21 साल की उम्र में IAS बनकर उन्होंने यह साबित कर दिया कि सही दिशा में की गई मेहनत आपको कम समय में भी बड़ी सफलता दिला सकती है.
आस्था सिंह को IAS बनने की प्रेरणा कहां से मिली?
आस्था सिंह के जीवन में उनके दादा जी का बहुत बड़ा योगदान रहा. बचपन से ही उनके दादा उन्हें अफसर बनने के लिए प्रेरित करते थे. यही वजह थी कि आस्था के मन में IAS बनने का सपना बहुत कम उम्र में ही आकार ले चुका था. उन्होंने इस सपने को सिर्फ सोचा नहीं, बल्कि उसे अपना लक्ष्य बना लिया. 12वीं कक्षा के बाद उन्होंने ठान लिया कि अब उन्हें सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करनी है और अपने दादा का सपना साकार करना है.
क्या बिना कोचिंग UPSC पास करना संभव है?
आस्था सिंह की सफलता इस सवाल का सीधा जवाब है- हाँ, बिल्कुल संभव है. उन्होंने किसी भी कोचिंग संस्थान का सहारा नहीं लिया. घर पर रहकर ही उन्होंने अपनी तैयारी की और सेल्फ-स्टडी को ही अपना सबसे बड़ा हथियार बनाया. उन्होंने किताबों और ऑनलाइन संसाधनों की मदद से पूरा सिलेबस कवर किया. सही रणनीति, टाइम मैनेजमेंट और निरंतर अभ्यास ने उनकी तैयारी को मजबूत बनाया.
पहले ही प्रयास में कैसे हासिल की सफलता?
आस्था सिंह ने UPSC 2024 परीक्षा अपने पहले ही प्रयास में पास कर ली. उस समय उनकी उम्र सिर्फ 21 साल थी, जो इस उपलब्धि को और भी खास बनाता है. उन्होंने ऑल इंडिया रैंक (AIR) 62 हासिल की, जो उनकी कड़ी मेहनत और समर्पण का नतीजा है. उनका यह सफर बताता है कि अगर तैयारी सही दिशा में हो, तो पहली कोशिश में भी सफलता पाई जा सकती है.
आस्था सिंह की पढ़ाई-लिखाई कहां से हुई?
आस्था सिंह मूल रूप से पंजाब के जीरकपुर की रहने वाली हैं. उनकी स्कूली शिक्षा भोपाल और पंचकुला से हुई. इसके बाद उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी के प्रतिष्ठित श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (SRCC) से इकोनॉमिक्स में ग्रेजुएशन किया. शुरुआत से ही पढ़ाई में अच्छी होने के कारण उन्हें अपने लक्ष्य तक पहुंचने में मदद मिली.
क्या UPSC से पहले भी उन्होंने कोई परीक्षा पास की थी?
हाँ, UPSC से पहले आस्था सिंह ने हरियाणा सिविल सर्विस (HPSC HCS) परीक्षा भी पास की थी. इस अनुभव ने उन्हें प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी को समझने में मदद की और आत्मविश्वास भी बढ़ाया. इसके बाद उन्होंने पूरी गंभीरता के साथ UPSC की तैयारी शुरू की.
तैयारी के दौरान उनका डेली रूटीन कैसा था?
आस्था सिंह अपनी ट्रेनिंग के साथ-साथ रोजाना 6 से 7 घंटे पढ़ाई करती थीं. उन्होंने अपने समय का बेहतर उपयोग किया और नियमित अभ्यास पर ध्यान दिया. उनका मानना है कि लगातार पढ़ाई और अनुशासन ही सफलता की कुंजी है.
आस्था सिंह की सफलता से क्या सीख मिलती है?
आस्था सिंह की कहानी उन सभी युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा है, जो सीमित संसाधनों के कारण अपने सपनों को छोटा मान लेते हैं. उनकी सफलता यह सिखाती है कि सही दिशा में मेहनत जरूरी है. आत्मविश्वास सबसे बड़ी ताकत है. संसाधनों से ज्यादा मायने रखता है आपका संकल्प. उन्होंने यह साबित कर दिया कि अगर जुनून सच्चा हो, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता.




