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इस मामले में बढ़ी Kangana Ranaut की मुश्किलें, सुप्रीम कोर्ट ने राहत देने से किया इनकार

कोर्ट ने इस तर्क को मानने से इनकार कर दिया. जस्टिस संदीप मेहता ने कहा कि यह सिर्फ एक साधारण री-ट्वीट नहीं था, बल्कि कंगना ने इसमें अपनी तरफ से शब्द जोड़े और 'मसाला' डाला इसलिए यह मामला गंभीर है और ट्रायल में इसकी जांच की जाएगी.

इस मामले में बढ़ी Kangana Ranaut की मुश्किलें, सुप्रीम कोर्ट ने राहत देने से किया इनकार
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( Image Source:  Instagram : kanganaranaut )
रूपाली राय
Edited By: रूपाली राय3 Mins Read

Published on: 12 Sept 2025 1:33 PM

बॉलीवुड की 'पंगा क्वीन' और बीजेपी सांसद कंगना रनौत एक बार फिर अपने सोशल मीडिया पोस्ट की वजह से विवादों में फंस गई हैं. किसान आंदोलन से जुड़े एक ट्वीट पर मानहानि का मामला चल रहा है और इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कंगना को कोई राहत नहीं दी. कोर्ट ने साफ कहा कि यह कोई सामान्य ट्वीट नहीं था, बल्कि इसमें 'मसाला' डाला गया था. दरअसल, 2021 में पंजाब के बठिंडा ज़िले की 73 साल की महिला किसान महिंदर कौर ने कंगना के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी.

उनका आरोप है कि कंगना ने एक ट्वीट को री-ट्वीट करते हुए यह झूठा दावा किया कि वह वही 'दादी' हैं जो शाहीन बाग आंदोलन का हिस्सा थी. महिंदर कौर का कहना है कि इससे उनकी छवि को नुकसान हुआ और यह उनकी मानहानि है. इस मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट की जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता की बेंच में हुई. सुनवाई के दौरान कंगना की तरफ से दलील दी गई कि असली ट्वीट उन्होंने नहीं किया था, बल्कि यह तो किसी और का पोस्ट था, जिसे उन्होंने आगे बढ़ाया. उनके अनुसार, यह सीधे-सीधे महिंदर कौर को लेकर नहीं लिखा गया था.

इसमें मसाला डाला गया है

लेकिन कोर्ट ने इस तर्क को मानने से इनकार कर दिया. जस्टिस संदीप मेहता ने कहा कि यह सिर्फ एक साधारण री-ट्वीट नहीं था, बल्कि कंगना ने इसमें अपनी तरफ से शब्द जोड़े और 'मसाला' डाला इसलिए यह मामला गंभीर है और ट्रायल में इसकी जांच की जाएगी. कंगना की वकील ने दलील दी कि उनकी मुवक्किल पंजाब जाकर ट्रायल में हिस्सा नहीं ले सकती. इस पर कोर्ट ने साफ कहा कि ट्रायल कोर्ट का काम सिर्फ शिकायत में दर्ज तथ्यों को देखना होता है और उसी आधार पर समन जारी किया गया था। बाकी बातें ट्रायल में ही साबित होंगी. कंगना ने अपनी याचिका सुप्रीम कोर्ट से वापस ले ली, यानी अब उन्हें निचली अदालत में ही ट्रायल का सामना करना होगा. इस तरह, किसान आंदोलन वाले ट्वीट पर कंगना रनौत की कानूनी मुश्किलें अभी खत्म नहीं हुई हैं, बल्कि और बढ़ गई हैं.

कंगना के अन्य विवाद

बता दें कि कंगना का विवादों से पुराना नाता है उन्हें लेकर कोई एक दो नहीं बल्कि कई विवाद अब तक सामने आ चुके हैं. जिसमें से एक है मई 2025 में कंगना ने एक डिलीटेड ट्वीट में पीएम नरेंद्र मोदी की तुलना डोनाल्ड ट्रंप से की, जिससे मिश्रित प्रतिक्रियाएं आईं. BJP अध्यक्ष जेपी नड्डा ने भी नाराजगी जताई। कंगना ने पछतावा जताया था. वहीं अगस्त 2025 में कंगना ने डेटिंग ऐप्स को 'नीच' बताया और कहा कि वहां केवल 'लूजर्स' मिलते हैं. लिव-इन को महिलाओं के खिलाफ कहा, क्योंकि प्रेग्नेंसी में मदद कौन करेगा इससे फेमिनिस्ट ग्रुप्स नाराज हो गए. वर्क फ्रंट की बात करें तो, कंगना को आखिरी बार दिवगंत पीएम की बायोपिक 'इमरजेंसी' में देखा गया था. इसके अलावा उन्हें 'क्वीन 2' में देखा जा सकता है.

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