BLA ने एक झटके में ले ली 30 पाकिस्तानी सैनिकों की जान! 5 पॉइंट में जानें कोस्ट गार्ड कैंप में हमले की कहानी
बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने कहा है कि उसने पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत के ग्वादर जिले के जिवानी क्षेत्र में स्थित पाकिस्तान कोस्ट गार्ड्स के पनवान कैंप पर फिदायीन हमला किया.
BLA attack Pakistan
(Image Source: X/ @XVR_666 )बलूचिस्तान में सुरक्षा हालात को लेकर एक बार फिर बड़ा दावा सामने आया है. बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने कहा है कि उसने पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत के ग्वादर जिले के जिवानी क्षेत्र में स्थित पाकिस्तान कोस्ट गार्ड्स के पनवान कैंप पर फिदायीन हमला किया. संगठन का दावा है कि इस कार्रवाई में 30 से अधिक पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए.
हालांकि, BLA के इन दावों की अभी तक पुष्टि नहीं हो सकी है. वहीं पाकिस्तान सरकार या सुरक्षा एजेंसियों की ओर से भी इस घटना को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था. सोशल मीडिया पर इस हमले का वीडियो भी जारी किया गया है.
5 पॉइंट्स में जाने पूरा मामला
1. BLA के प्रवक्ता जीयंद बलोच के नाम से जारी बयान के अनुसार, यह हमला 3 जुलाई 2026 की शाम लगभग 6:32 बजे किया गया. संगठन का कहना है कि निशाना ग्वादर जिले के जिवानी इलाके में स्थित पाकिस्तान कोस्ट गार्ड्स का पनवान कैंप था.
2. संगठन के मुताबिक, उसके मजीद ब्रिगेड से जुड़े फिदायीन हमलावर अत्ताउल्लाह बलोच उर्फ अजमल ने विस्फोटकों से भरा एक ट्रक कैंप के भीतर पहुंचाकर विस्फोट कर दिया. BLA का दावा है कि धमाका बेहद शक्तिशाली था, जिससे कैंप को भारी नुकसान पहुंचा और उसका बड़ा हिस्सा मलबे में तब्दील हो गया.
3. BLA ने अपने बयान में कहा है कि विस्फोट के तुरंत बाद उसके फतेह स्क्वाड के लड़ाकों ने चारों दिशाओं से कैंप पर हमला बोल दिया. संगठन का दावा है कि विस्फोट में बच गए सुरक्षाकर्मियों को नजदीकी मुठभेड़ में निशाना बनाया गया.
4. BLA का कहना है कि इस हमले में 30 से अधिक पाकिस्तानी सैनिक मारे गए, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए. हालांकि, इस दावे की किसी स्वतंत्र एजेंसी, अंतरराष्ट्रीय मीडिया या पाकिस्तान की आधिकारिक संस्थाओं ने पुष्टि नहीं की है.
5. संगठन ने अपने बयान में कहा है कि पूरे ऑपरेशन का विस्तृत विवरण और वीडियो जल्द ही अपने आधिकारिक माध्यमों के जरिए जारी किया जाएगा. फिलहाल ऐसा कोई वीडियो सार्वजनिक रूप से सत्यापित नहीं हुआ है. पाकिस्तान सरकार, सेना या सुरक्षा एजेंसियों की ओर से इस कथित हमले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई थी.