बॉलीवुड के सबसे बड़े सितारों को अपने एक इशारे पर नचाने वाली मशहूर कोरियोग्राफर गीता कपूर एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह कोई डांस रियलिटी शो या स्टेज परफॉर्मेंस नहीं, बल्कि उनका निजी जीवन और भावनाओं को लेकर दिया गया सधा हुआ लेकिन तीखा बयान है. 52 वर्षीय गीता कपूर, जिन्हें उनके शिष्य और फैंस प्यार से ‘गीता मां’ कहते हैं, ने उस सामाजिक सोच पर सीधा सवाल उठाया है, जिसमें किसी महिला को ‘मां’ कह देने के बाद उसकी इच्छाओं, भावनाओं और निजी ज़िंदगी को खत्म मान लिया जाता है. गीता कपूर का कहना है कि ‘मां’ एक सम्मानजनक संबोधन है, लेकिन यह किसी महिला की इंसान होने की पहचान को मिटा नहीं सकता.