भूकंप और आग की घटनाओं से लेकर रियल एस्टेट सेक्टर में फंसे लोगों तक के लिए तैयारी, Noida Authority की बैठक के बड़े फैसले
नोएडा अथॉरिटी की 222वीं बोर्ड बैठक में शहर की सुरक्षा, रियल एस्टेट में फंसे लोगों को राहत और बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने को लेकर कई बड़े फैसले लिए गए. भूकंप और आग जैसी आपदाओं से निपटने की तैयारी के साथ-साथ हाउसिंग प्रोजेक्ट्स, बजट और आम लोगों से जुड़ी योजनाओं पर भी अहम निर्णय लिए गए.
नोएडा अथॉरिटी की 222वीं बोर्ड बैठक में शहर के विकास, वित्तीय प्रबंधन, रियल एस्टेट संकट और नागरिक सुविधाओं को लेकर कई अहम निर्णय लिए गए. बैठक की अध्यक्षता अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त दीपक कुमार ने की, जिसमें नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण के वरिष्ठ अधिकारी शामिल रहे. इस बैठक में 2026-27 के बजट लक्ष्य से लेकर हाउसिंग प्रोजेक्ट्स, आपदा प्रबंधन और पर्यावरण सुधार तक ठोस योजनाओं को मंजूरी दी गई.
2026-27 बजट: आय और खर्च का बड़ा लक्ष्य
अथॉरिटी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए करीब 10,290 करोड़ रुपये आय और 10,004 करोड़ रुपये खर्च का लक्ष्य तय किया है. हालांकि, पिछले वित्तीय वर्ष 2025-26 में निर्धारित लक्ष्य की तुलना में वास्तविक आय केवल 6,589 करोड़ रुपये ही रही, जो अपेक्षाओं से काफी कम है.
36 प्रोजेक्ट्स को फायदा
फंसे हुए हाउसिंग प्रोजेक्ट्स में राहत की दिशा में प्रगति हुई है. कुल 57 अटकी परियोजनाओं में से 36 प्रोजेक्ट्स को सरकारी नीति का लाभ मिला. अब तक 4,364 फ्लैट खरीदारों की रजिस्ट्री पूरी हो चुकी है. इससे हजारों होमबायर्स के अपने घर मिलने की उम्मीद मजबूत हुई है.
OTS योजना 2026: बकाया भुगतान में राहत
नोएडा के 50 साल पूरे होने के अवसर पर वन टाइम सेटलमेंट (OTS) योजना-2026 को सैद्धांतिक मंजूरी दी गई है. बकाया भुगतान के मामलों में राहत मिलने की संभावना. लागू होने से पहले शासन की अंतिम स्वीकृति जरूरी.
स्पोर्ट्स सिटी प्रोजेक्ट को नई दिशा
सेक्टर-150 स्थित स्पोर्ट्स सिटी प्रोजेक्ट को लेकर बड़ा निर्णय लिया गया है. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद लेआउट प्लान संशोधित कर मंजूरी दी गई है. पहले लिए गए कुछ फैसले वापस लिए गए. इससे लंबे समय से अटके प्रोजेक्ट को नई गति मिलने की उम्मीद है.
पानी के बिल पर ब्याज में छूट
आम नागरिकों को राहत देते हुए प्राधिकरण ने एमनेस्टी योजना लागू करने का फैसला किया है. पानी के बकाया बिल पर ब्याज से परेशान लोगों को राहत देने के लिए प्राधिकरण ने 3 महीने की एमनेस्टी स्कीम शुरू करने का फैसला किया है. 16 अप्रैल से 15 जुलाई 2026 तक लागू होगा. समय पर भुगतान करने पर 20% से 40% तक ब्याज में छूट मिलेगी.
मिक्स्ड यूज नीति: प्लॉट उपयोग में लचीलापन
अब आवासीय और औद्योगिक प्लॉट्स में “मिश्रित उपयोग” की अनुमति दी जाएगी. एक ही प्लॉट पर अलग-अलग उपयोग संभव है. हालांकि, इसके लिए अतिरिक्त शुल्क देना होगा. अधूरे निर्माण वालों को आखिरी मौका दिया गया है, जो लोग वर्षों से अपने प्लॉट पर निर्माण नहीं कर पाए हैं, उन्हें राहत दी गई है. 12 साल से अधिक समय से अधूरे निर्माण पर 3 महीने का अंतिम अवसर भी मिला है.
आपदा प्रबंधन पर फोकस: 154 करोड़ का बजट
शहर की साफ-सफाई और पर्यावरण को बेहतर बनाने के लिए रोज निकलने वाले करीब 100 टन ग्रीन वेस्ट के वैज्ञानिक निस्तारण की योजना भी बनाई गई है. इसके लिए कंपनियों से प्रस्ताव मांगे जाएंगे. वहीं, सेक्टर-95 स्थित राष्ट्रीय दलित प्रेरणा स्थल और ग्रीन गार्डन के रखरखाव और मरम्मत के लिए 107.77 करोड़ रुपये खर्च करने की मंजूरी दी गई ह.