Jaipur: पत्नी पर तलवार से हमला और बेटी का गला घोंटकर की हत्या, कम सैलरी और ताने बने दोहरे हत्याकांड की वजह
जयपुर में एक दर्दनाक घटना ने पूरे क्षेत्र को सकते में डाल दिया है. कम सैलरी और घर में चल रहे झगड़ों के चलते एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी और 8 साल की बेटी की हत्या कर दी.
Rajasthan: राजस्थान की राजधानी जयपुर के दूदू इलाके के बिछून गांव में गुरुवार सुबह एक दिल दहला देने वाली दोहरे हत्याकांड की घटना सामने आई. आरोप है कि 40 वर्षीय सुरजीत सिंह ने अपनी पत्नी और 8 साल की बेटी की हत्या कर दी. पुलिस के अनुसार पत्नी द्वारा उसकी कम सैलरी को लेकर बार-बार ताने दिए जाने के कारण यह वारदात हुई.
पुलिस के मुताबिक सुरजीत सिंह एक फैक्ट्री में पत्तल और दोने बनाने का काम करता था और उसे करीब 10 हजार रुपये महीना वेतन मिलता था. उसने पुलिस को बताया कि उसकी पत्नी सरोज अक्सर परिवार और बच्चों के सामने उसकी कम कमाई को लेकर उसे अपमानित करती थी.
क्या है पूरा मामला?
12 मार्च की सुबह करीब साढ़े चार बजे पति-पत्नी के बीच फिर से झगड़ा हुआ. पुलिस के मुताबिक बहस के दौरान सुरजीत नीचे गया और कमरे में रखी तलवार उठा लाया. इसके बाद वह छत पर लौटा और चुपचाप अपनी पत्नी का गला काट दिया. पत्नी की चीख सुनकर उनकी 8 साल की बेटी जाग गई और डर के मारे रोने लगी. पुलिस का कहना है कि पकड़े जाने के डर से सुरजीत ने कथित तौर पर अपनी बेटी का गला दबाकर उसकी भी हत्या कर दी.
हत्या करने के बाद आरोपी ने क्या किया?
वारदात को अंजाम देने के बाद सुरजीत करीब 30 से 40 मिनट तक शवों के पास ही बैठा रहा. इसके बाद वह घर से बाहर निकला और गांव वालों से चिल्लाकर कहा कि उसने अपनी पत्नी और बेटी को मार दिया है. इसके बाद वह करीब 3 किलोमीटर पैदल चलकर मोकहमपुरा थाने पहुंचा और वहां जाकर पुलिस से कहा कि उससे बड़ी गलती हो गई है और उसने अपनी पत्नी और बेटी की हत्या कर दी है.
पुलिस ने मौके से तलवार बरामद कर ली है, जिसे आरोपी ने छत पर रखे बर्तनों के पीछे छिपा दिया था. आरोपी को हिरासत में ले लिया गया है और मामले की जांच जारी है.
क्यों होते थे पत्नी से झगड़े?
पुलिस के अनुसार सुरजीत को शराब पीने की आदत भी थी और वह रोज शराब का सेवन करता था. घर में बीमारी और आर्थिक तंगी के कारण भी अक्सर पति-पत्नी के बीच झगड़े होते थे. पत्नी कई बार बच्चों, माता-पिता और ससुराल वालों के सामने उसे डांटती थी. ज्यादा कमाई न कर पाने की वजह से वह मानसिक दबाव में रहने लगा और धीरे-धीरे शराब की लत बढ़ती चली गई, जिससे घर में झगड़े और बढ़ गए.
पुलिस को दिए बयान में सुरजीत ने बताया कि घटना के समय उसका 16 वर्षीय बेटा घर पर नहीं था. वह अपने चाचा मनजीत सिंह के साथ डीडवाना में एक शादी में गया हुआ था. सुरजीत ने कहा कि अगर उसका बेटा घर पर होता तो वह अपनी पत्नी और बेटी की हत्या नहीं कर पाता.
परिवार के मुताबिक सुरजीत का बेटा अक्सर अपनी मां और बहन के साथ छत पर ही सोता था. पहले भी जब पति-पत्नी के बीच झगड़ा होता था तो बेटा बीच-बचाव करता था और अपने पिता को मां पर हाथ नहीं उठाने देता था.
आरोपी सुरजीत के पिता रणजीत सिंह वन विभाग में फॉरेस्ट गार्ड थे और वर्ष 2022 में सेवानिवृत्त हुए हैं. उनका घर उसी स्थान के पास है जहां यह वारदात हुई. सुरजीत और उसके छोटे भाई मनजीत सिंह का परिवार एक ही घर में रहता है. घटना की रात सुरजीत के माता-पिता घर के नीचे वाले कमरों में सो रहे थे.
सुरजीत के भाई ने क्या बताया?
सुरजीत के भाई मनजीत सिंह ने बताया कि उनका भतीजा उनके साथ डीडवाना में एक शादी में गया हुआ था. रात करीब 11 बजे उसने मनजीत के फोन से अपनी मां को कॉल कर बताया कि वह शादी में पहुंच गया है. उसने कहा था कि वह सुबह चाचा और चाची के साथ निकलकर दोपहर तक गांव पहुंच जाएगा.
बताया गया कि मां ने फोन पर बेटे से अपना ध्यान रखने और शादी का मज़े लेने के लिए कहा था. उसी दौरान उसने अपनी छोटी बेटी वंशिका से भी बात की और वादा किया था कि शादी से लौटने के बाद उसे बाजार ले जाएगी. बेटे से बात करने के बाद वंशिका अपनी बेटी के साथ छत पर सोने चली गई थी. सुबह जब परिवार ने बेटे और उसके चाचा मनजीत को इस घटना की जानकारी दी तो वे शादी समारोह में ही फूट-फूटकर रोने लगे. इसके बाद पूरा परिवार तुरंत गांव के लिए रवाना हो गया.
पुलिस ने बेटे की ओर से दी गई शिकायत के आधार पर हत्या का मामला दर्ज कर लिया है. मोकहमपुरा थाने के सीआई सुरेंद्र गुर्जर ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया जाएगा और उसे रिमांड पर लिया जाएगा. पोस्टमार्टम के बाद दोनों शव परिवार के सदस्यों को सौंप दिए गए हैं.