Aaj ki Taaza Khabar: ईरान में छूटा पीछा, तो अब लेबनान में बम बरसाएगा इजराइल, अधिकारियों की दो टूक
Aaj ki Taaza Khabar Live News: स्टेट मिरर हिंदी के लाइव ब्लॉग में आपका स्वागत है. यहां आपको दिनभर की ब्रेकिंग, बड़ी खबरें और हेडलाइन देखने को मिलेगी. बुधवार 8 अप्रैल 2026 को देश, दुनिया, खेल और मनोरंजन जगत में क्या-क्या खास रहा, जानने के लिए यहां पढ़ें LIVE UPDATE.
ईरान के बाद हिज़बु्ल्लाह पर होगा फोकस
इजराइल के अधिकारियों ने बार-बार कहा है कि वे लेबनान और ईरान के मोर्चों को आपस में जुड़ा हुआ नहीं मानते हैं. दरअसल, उनका कहना है कि जैसे ही ईरान के साथ युद्ध खत्म होगा, वे अपना ध्यान पूरी तरह लेबनान पर केंद्रित कर पाएंगे. लेकिन लेबनान में बहुत कम लोग इजराइल की मंशा पर भरोसा करते हैं. आज सुबह तक हिज़्बुल्लाह की तरफ से भी कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है.
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर ट्रैफिक संभालेगा अमेरिका
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने Truth Social पर एक पोस्ट साझा करते हुए कहा कि अमेरिका स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में बढ़ रहे जहाजों के ट्रैफिक को संभालने में मदद करेगा. ट्रंप ने कहा, “हम हर तरह की जरूरी सप्लाई लेकर वहां मौजूद रहेंगे और बस आसपास रहकर यह सुनिश्चित करेंगे कि सब कुछ ठीक तरीके से चले” उन्होंने यह भी कहा कि यह मिडिल ईस्ट के लिए गोल्डन एज साबित हो सकता है.
ईरान के यूरेनियम मुद्दे पर क्या बोले ट्रंप?
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने मंगलवार को AFP से बातचीत में कहा कि ईरान के यूरेनियम का मुद्दा दो हफ्ते के सीजफायर समझौते के तहत पूरी तरह संभाल लिया जाएगा. उन्होंने कहा, “इसका पूरा ध्यान रखा जाएगा, नहीं तो मैं यह समझौता ही नहीं करता." जब उनसे पूछा गया कि ईरान के संवर्धित (enriched) यूरेनियम का क्या होगा, तो ट्रंप ने फोन इंटरव्यू में भरोसा जताते हुए कहा कि इस मामले को पूरी तरह नियंत्रण में रखा जाएगा.
बंगाल पर बुरी नजर डाली तो पाकिस्तान के होंगे कई टुकड़े
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान की कोलकाता पर हमले की धमकी पर जवाब दिया. उन्होंने कहा कि 55 साल पहले जब पाकिस्तान दो हिस्सों में बंटा था, तब उन्हें इसके बुरे नतीजे भुगतने पड़े थे. अगर उन्होंने बंगाल पर बुरी नजर डालने की कोशिश की, तो भगवान ही जाने कि इस बार पाकिस्तान के कितने टुकड़े हो जाएंगे.
जंग रुकने के बाद ईरान ने क्या कहा?
जंग रुकने के बाद ईरान का बयान आया है. बयान में कहा गया, “यह साफ किया जाता है कि इसका मतलब युद्ध खत्म होना नहीं है. हमारी उंगलियां अब भी ट्रिगर पर हैं, और अगर दुश्मन ने जरा सी भी गलती की, तो उसे पूरी ताकत से जवाब दिया जाएगा.”
अमेरिका के राष्ट्रपति Donald Trump ने कहा कि वह ईरान पर हमलों को और बढ़ाने की अपनी धमकियों से पीछे हट रहे हैं. उन्होंने बताया कि इसमें पुल, बिजली घर और अन्य नागरिक ठिकानों पर हमले भी शामिल थे. हालांकि यह फैसला इस शर्त पर लिया गया है कि ईरान दो हफ्ते के सीजफायर के लिए तैयार हो और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोल दे.
10 अप्रैल को इस्लामाबाद में मीटिंग
इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif ने कहा, “मैं पूरी विनम्रता के साथ यह घोषणा करते हुए खुशी महसूस कर रहा हूं कि इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान और संयुक्त राज्य अमेरिका, अपने सहयोगियों के साथ, लेबनान समेत हर जगह तुरंत प्रभाव से युद्धविराम पर सहमत हो गए हैं. मैं इस समझदारी भरे कदम का दिल से स्वागत करता हूं और दोनों देशों के नेतृत्व के प्रति गहरी कृतज्ञता व्यक्त करता हूं. साथ ही मैं उनके प्रतिनिधिमंडलों को 10 अप्रैल 2026, शुक्रवार को इस्लामाबाद आने का निमंत्रण देता हूं, ताकि सभी विवादों के स्थायी समाधान के लिए आगे की बातचीत की जा सके.”
Egypt ने जंग रुकने पर क्या कहा?
Egyptian Foreign Ministry ने कहा कि यह कदम एक अहम मौका देता है, जिसे बातचीत, कूटनीति और सकारात्मक संवाद की दिशा में आगे बढ़ाने के लिए इस्तेमाल किया जाना चाहिए. फेसबुक पर जारी एक बयान में मंत्रालय ने जोर देकर कहा कि इस युद्धविराम को मजबूत बनाने के लिए सैन्य कार्रवाइयों को पूरी तरह रोकना और अंतरराष्ट्रीय समुद्री आवाजाही की आज़ादी सुनिश्चित करना जरूरी है.
मंत्रालय ने यह भी कहा कि मिस्र, पाकिस्तान और तुर्की के साथ मिलकर क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता को बढ़ावा देने के लिए अपना सहयोग जारी रखेगा. साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिका और ईरान के बीच होने वाली किसी भी बातचीत में खाड़ी देशों की वैध सुरक्षा चिंताओं को ध्यान में रखना जरूरी है.
जंग रुकने के बाद व्हाइट हाउस ने क्या कहा?
जंग रुकने के बाद व्हाइट हाउस का बयान आया है. उन्होंने कहा है कि यह अमेरिका के लिए एक बड़ी जीत है, जिसे राष्ट्रपति Donald Trump और हमारी शानदार सेना ने संभव बनाया है. ऑपरेशन Epic Fury की शुरुआत से ही राष्ट्रपति ट्रंप ने अनुमान लगाया था कि यह अभियान 4 से 6 हफ्तों तक चलेगा. हमारे सैनिकों की अद्भुत क्षमता की बदौलत हमने सिर्फ 38 दिनों में अपने मुख्य सैन्य लक्ष्यों को हासिल कर लिया है, बल्कि उनसे आगे भी बढ़ गए हैं.
85 सांसदों ने मांगा इस्तीफा
ईरान के साथ युद्धविराम के बाद भी अमेरिका में सियासी घमासान थमता नजर नहीं आ रहा है. एक तरफ ईरान में सीजफायर के बाद जश्न का माहौल है, तो दूसरी ओर अमेरिका की राजनीति में तनाव बढ़ गया है. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 85 से अधिक डेमोक्रेट सांसदों ने राष्ट्रपति Donald Trump को पद से हटाने की मांग उठाई है, जिससे यह मामला और ज्यादा गरमा गया है.