बैंक से लिए 16 करोड़ का कर्ज, अब नीलाम होगीं Rajpal Yadav की संपत्तियां, घर के बाहर लगा नोटिस, इतनी है कीमत
बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह उनकी फिल्म नहीं, बल्कि बढ़ती कानूनी परेशानियां हैं. लंबे समय से चल रहे चेक बाउंस मामले के बीच अब उनकी उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर स्थित दो संपत्तियों की नीलामी होने जा रही है.
करोड़ो के कर्ज में फंसे राजपाल यादव
(Image Source: instagram: @rajpalofficial )बॉलीवुड एक्टर राजपाल यादव इन दिनों अपनी फिल्मों नहीं, बल्कि आर्थिक परेशानियों को लेकर चर्चा में हैं. उन पर करोड़ों रुपये का कर्ज है, जिसकी वसूली के लिए अब उनकी उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर स्थित दो संपत्तियों की नीलामी की तैयारी की जा रही है.
बताया जा रहा है कि राजपाल यादव ने एक फिल्म बनाने के लिए बैंक से लोन लिया था, जिसे समय पर नहीं चुका सके. इसके बाद बैंक ने नियमों के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है. अब उनकी संपत्तियों की नीलामी की खबर चर्चा का विषय बनी हुई है.
क्यों हो रही है राजपाल यादव की संपत्तियों की नीलामी?
जानकारी के मुताबिक, राजपाल यादव पर सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, मुंबई का करीब ₹16.61 करोड़ का बकाया है. बैंक ने इस रकम की वसूली के लिए शाहजहांपुर की उनकी दो संपत्तियों पर नीलामी का नोटिस चिपका दिया है. इनमें एक संपत्ति शहर में है, जबकि दूसरी गांव में स्थित है, जिसमें खेती की जमीन और मकान शामिल हैं. इन दोनों संपत्तियों की कुल कीमत करीब ₹3.19 करोड़ बताई जा रही है. इनकी ऑनलाइन नीलामी 9 सितंबर को होगी.
किस फिल्म के लिए लिया था करोड़ों का लोन?
रिपोर्ट्स के अनुसार, राजपाल यादव ने अपनी फिल्म 'अता पता लापता' के निर्माण के लिए बैंक से यह लोन लिया था. समय पर कर्ज नहीं चुकाने के बाद बैंक ने गिरवी रखी गई संपत्तियों पर कब्जा कर लिया और अब उन्हें बेचकर बकाया रकम वसूलने की प्रक्रिया शुरू कर दी है.
क्या लोन के लिए परिवार की संपत्ति भी रखी गई?
बताया जा रहा है कि लोन के लिए राजपाल यादव ने अपनी मां गोदावरी यादव और राधा यादव की संपत्तियों को भी गिरवी रखा था. इसी आधार पर बैंक ने इन संपत्तियों पर कार्रवाई की है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, शाहजहांपुर के अलावा मुंबई में मौजूद उनकी दूसरी संपत्तियों की नीलामी की प्रक्रिया भी जारी है.
चेक बाउंस केस में क्यों फंसे राजपाल यादव?
राजपाल यादव पहले से ही चेक बाउंस मामले का सामना कर रहे हैं. बताया जाता है कि यह मामला भी शाहजहांपुर से जुड़े एक कारोबारी की शिकायत पर दर्ज हुआ था. अब संपत्तियों की नीलामी की खबर सामने आने के बाद उनकी आर्थिक स्थिति को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं. हालांकि, बैंक का कहना है कि यह पूरी कार्रवाई नियमों के तहत बकाया कर्ज की वसूली के लिए की जा रही है.