बीजेपी के पूर्व राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने एक इंटरव्यू में कई बड़े राजनीतिक और आर्थिक बयान दिए हैं. उन्होंने पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली की आर्थिक समझ पर सवाल उठाते हुए उन्हें 'सबसे घटिया इकोनॉमिस्ट' बताया. स्वामी ने कहा कि जेटली जब दिल्ली यूनिवर्सिटी में उनके छात्र थे, तब वह उनका लेक्चर सुनते थे. उन्होंने दावा किया कि सरकार में रहते हुए कई मुद्दों पर उनकी राय को महत्व नहीं दिया गया और उन्हें अलग रखा गया. स्वामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आर्थिक नीतियों पर भी अप्रत्यक्ष रूप से सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि अगर नितिन गडकरी देश के प्रधानमंत्री होते तो भारत की आर्थिक स्थिति अलग होती और 10% ग्रोथ रेट हासिल करना आसान होता. स्वामी के इन बयानों के बाद बीजेपी और देश की आर्थिक नीतियों को लेकर नई राजनीतिक बहस शुरू हो गई है.