85 साल की उम्र में यूपी पुलिस के रिटायर्ड सब-इंस्पेक्टर राम अवतार सिंह यादव ने करीब 28 साल लंबी कानूनी लड़ाई के बाद अपना हक हासिल किया. इलाहाबाद हाई कोर्ट ने उन्हें 1980 से रिटायरमेंट तक इंस्पेक्टर पद के वेतन और सभी सेवा लाभ देने का आदेश दिया है. इस मामले पर उत्तर प्रदेश के पूर्व DGP डॉ. विक्रम सिंह ने भी सवाल उठाए हैं. उन्होंने कहा कि राम अवतार यादव को जिन पांच प्रतिकूल प्रविष्टियों (Adverse Entries) के आधार पर प्रमोशन से रोका गया, अगर उनकी जानकारी ही उन्हें नहीं दी गई थी तो पूरे मामले की आंतरिक सतर्कता जांच होनी चाहिए.