UP SIR Draft Voter List जारी, 2.89 करोड़ मतदाता बाहर; आपका नाम है या नहीं, कैसे करें चेक? जानिए पूरा प्रोसेस
यूपी में SIR के तहत ड्राफ्ट मतदाता सूची से 2.89 करोड़ नाम हटाए गए. 15.44 करोड़ फॉर्म जारी हुए, जिनमें एक करोड़ से ज्यादा वापस नहीं आए. ड्राफ्ट सूची 6 जनवरी को जारी की जाएगी. आपत्ति दर्ज कराने की अंतिम तारीख 6 फरवरी होगी. करीब 1 करोड़ मतदाताओं की मैपिंग अधूरी है. उन्हें नोटिस भेजे जाएंगे. अंतिम मतदाता सूची 6 मार्च को जारी होगी.
ECI, Election Commission of India, SIR List 2026 UP, UP SIR Draft Voter List: उत्तर प्रदेश में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के तहत मतदाता सूची को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है. यूपी के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) ने बताया कि ड्राफ्ट मतदाता सूची से करीब 2.89 करोड़ मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं. यह प्रक्रिया पूरी तरह नियमों के तहत की गई है और किसी भी मतदाता का नाम बिना पूर्व नोटिस के नहीं हटाया जा सकता.
मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार, कुल 15.44 करोड़ एन्यूमरेशन फॉर्म जारी किए गए थे, जिनमें से एक करोड़ से ज्यादा फॉर्म वापस नहीं आए. इन्हीं फॉर्म्स और फील्ड वेरिफिकेशन के आधार पर ड्राफ्ट सूची तैयार की गई है. चुनाव आयोग ने यह भी साफ किया कि 6 जनवरी को जारी होने वाली सूची ड्राफ्ट है, अंतिम नहीं.
6 फरवरी तक दर्ज करा सकते हैं आपत्ति
चुनाव आयोग ने बताया कि 6 जनवरी से 6 फरवरी 2026 तक दावे और आपत्तियां दर्ज की जा सकती हैं. इसके लिए मतदाता ऑनलाइन फॉर्म-6 और फॉर्म-7 के जरिए या फिर ऑफलाइन तरीके से आवेदन कर सकते हैं. सभी आपत्तियों के निपटारे के बाद 6 मार्च 2026 को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी, जो आगामी चुनावों का आधार बनेगी.
इतने बड़े पैमाने पर नाम क्यों हटे?
चुनाव आयोग के मुताबिक, मतदाता सूची से नाम हटाने के पीछे कई वजहें रहीं,
- मतदाता का निधन हो जाना
- स्थायी रूप से दूसरे जिले या राज्य में शिफ्ट होना
- डुप्लीकेट रजिस्ट्रेशन
- एन्यूमरेशन फॉर्म जमा न करना
- लंबे समय से अनुपस्थित मतदाता, जिनका पता सत्यापित नहीं हो सका
- आयोग का कहना है कि यह कदम त्रुटिरहित और शुद्ध मतदाता सूची तैयार करने के लिए जरूरी था.
1 करोड़ मतदाताओं की मैपिंग अधूरी, भेजा जाएगा नोटिस
SIR प्रक्रिया के दौरान करीब 1 करोड़ मतदाताओं की मैपिंग पूरी नहीं हो सकी. ऐसे मतदाताओं को उनके संबंधित Electoral Registration Officer (ERO) की ओर से नोटिस जारी किया जाएगा. नोटिस मिलने के बाद मतदाताओं को पहचान और पते से जुड़े दस्तावेज जमा करने होंगे. चुनाव आयोग ने सत्यापन के लिए 12 वैध दस्तावेजों को मान्यता दी है.
ऑनलाइन कैसे चेक करें अपना नाम?
ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी होने के बाद मतदाता चुनाव आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर नाम, जिला, विधानसभा क्षेत्र और मतदान केंद्र जैसी जानकारियां डालकर अपना स्टेटस चेक कर सकते हैं. यदि नाम गायब हो या विवरण गलत हो, तो ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से शिकायत दर्ज की जा सकती है. चुनाव आयोग ने सभी मतदाताओं से अपील की है कि वे बिना देर किए अपना नाम जरूर जांच लें, ताकि किसी भी स्थिति में उनके मतदान अधिकार से वंचित न होना पड़े.





