25 महिलाओं से शादी, 600 करोड़ की ठगी! सीतापुर से BJP विधायक के समधी ने कैसे कर दिया इतना बड़ा कांड, 10 पॉइंट्स में जानें पूरी A-B-C-D
सीतापुर की सेवता विधानसभा सीट से भाजपा विधायक ज्ञान तिवारी के समधी अनुज त्रिवेदी पर 25 महिलाओं के साथ शादी और 600 करोड़ रुपये के साथ-साथ सोने-चांदी की ठगी करने के आरोप लगे हैं.
BJP MLA Gyan Tiwari
यूपी के सीतापुर जिले की सेवता विधानसभा सीट से भाजपा विधायक ज्ञान तिवारी के समधी अनुज त्रिवेदी ने इतना बड़ा कांड कर दिया कि अब यूपी से लेकर महाराष्ट्र तक उनकी चर्चा हो रही है. खुद भाजपा विधायक ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर अपने समधी को फांसी देने की सजा की मांग कर डाली. अनुज त्रिवेदी और उनके बेटे के ऊपर 25 महिलाओं से शादी और 600 करोड़ की ठगी करना का आरोप लगा है.
इस मामले को लेकर महाराष्ट्र और प्रयागराज की महिलाओं ने ये आरोप लगाए हैं जो सीतापुर पहुंची और प्रशासन से कार्रवाई की मांग की है. रिपोर्ट में ये भी सामने आया है कि आरोपी पहले से ही महाराष्ट्र की एक जेल में बंद. हालांकि इन आरोपों की अभी जांच चल रही है.
10 पॉइंट्स में जानें पूरा मामला
1. महाराष्ट्र और प्रयागराज की कुछ महिलाओं ने सीतापुर के अपर जिलाधिकारी (एडीएम) को सामूहिक शिकायत सौंपकर आरोप लगाया है कि आरोपी ने 25 महिलाओं को निशाना बनाया और उनसे करीब 600 करोड़ रुपये के साथ बड़ी मात्रा में सोना-चांदी हासिल किया. इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है और मामले की जांच जारी है.
2. शिकायतकर्ताओं ने प्रशासन से आरोपी की संपत्ति कुर्क करने और कथित रूप से ठगी गई नकदी, जेवरात एवं अन्य सामान वापस दिलाने की मांग की है. महिलाओं का यह भी आरोप है कि राजनीतिक प्रभाव के कारण उनकी शिकायतों पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई. प्रशासन ने शिकायत मिलने के बाद पुलिस को जांच के निर्देश दिए हैं.
3. मामला सामने आने के बाद सेवता से भाजपा विधायक ज्ञान तिवारी ने अपनी बेटी के साथ एक भावुक वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किया. वीडियो में विधायक अपनी बेटी के साथ भावुक नजर आते हैं और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की बात कहते दिखाई देते हैं. यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा का विषय बना.
4. पुलिस के अनुसार, सीतापुर के मिश्रिख क्षेत्र के चंद्रावल गांव निवासी अनुज त्रिवेदी को महाराष्ट्र पुलिस ने ग्रेटर नोएडा से गिरफ्तार किया था. बताया जा रहा है कि वह फिलहाल महाराष्ट्र की जेल में बंद है। उसके खिलाफ महाराष्ट्र में पहले से मामला दर्ज है और विभिन्न एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं.
5. जांच के अनुसार, आरोपी कथित तौर पर अखबारों में प्रकाशित वैवाहिक विज्ञापनों के जरिए महिलाओं से संपर्क करता था. पुलिस का दावा है कि वह अलग-अलग नामों और फर्जी पहचान का इस्तेमाल कर भरोसा जीतता और बाद में शादी के नाम पर कथित तौर पर नकदी और आभूषण हासिल कर लेता था.
6. पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी कथित तौर पर कई अलग-अलग नामों से लोगों के संपर्क में आता था. जांच एजेंसियों के अनुसार, उसने चंद्रप्रकाश त्रिवेदी, अजय अग्रवाल, अजय, संतोष सिंह, जयप्रकाश और रमेश चंद्र गुप्ता जैसे नामों का इस्तेमाल किया.
7. महाराष्ट्र के ठाणे जिले में दर्ज शिकायत के अनुसार, एक महिला ने आरोप लगाया कि आरोपी ने साल 2019 में उनकी बेटी से शादी की. शिकायत में कहा गया है कि बाद में परिवार को फ्लैट बेचने के लिए प्रेरित किया गया और नया मकान बनवाने का वादा कर कई किश्तों में 82 लाख रुपये लिए गए. आरोप है कि बाद में आरोपी महिला को दिल्ली लाया और कथित तौर पर 33 तोला सोना लेकर फरार हो गया. शिकायतकर्ता का दावा है कि कुल 97 लाख रुपये की ठगी हुई.
8. पुलिस के अनुसार, आरोपी के पास से कथित तौर पर फर्जी आधार कार्ड, तीन मोबाइल फोन और एक एटीएम कार्ड बरामद किए गए हैं. इन सभी वस्तुओं की जांच की जा रही है. जांच एजेंसियों के अनुसार, आरोपी ने कथित तौर पर दिव्यांग, मानसिक रूप से कमजोर, तलाकशुदा और असहाय महिलाओं को अपना शिकार बनाया.
9. ग्रामीणों के अनुसार, अनुज त्रिवेदी सालों पहले सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करता था. बाद में उसने सिक्योरिटी एजेंसी, प्रॉपर्टी कारोबार और अन्य व्यवसाय शुरू किए. स्थानीय लोगों का दावा है कि कुछ वर्षों में उसने बड़ी संपत्ति बनाई, जिसमें लखनऊ, नैमिषारण्य और सीतापुर में संपत्तियां शामिल हैं। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
10. पुलिस को संदेह है कि आरोपी के बेटे की भी कथित धोखाधड़ी में भूमिका हो सकती है. फिलहाल इस पहलू की भी जांच की जा रही है और अभी तक किसी निष्कर्ष की आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है. एडीएम आयुष चौधरी ने मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं. जांच एजेंसियां पीड़ित महिलाओं के बयान, बैंक लेनदेन, संपत्तियों और अन्य दस्तावेजों की पड़ताल कर रही हैं.




