पूजा तुम कहां हो? भाजपा नेता के होडिंग पर दिलजले आशिक ने चिपकाया आपत्तिजनक पम्पलेट, Viral Video ने मचाई हलचल
मेरठ से एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है. कमिश्नरी चौराहे पर भाजपा जिलाध्यक्ष हरबीर पाल की होर्डिंग पर किसी शरारती तत्व ने आपत्तिजनक पम्पलेट चिपका दिया, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया. इस 10 सेकेंड के वीडियो ने लोगों को चौंका दिया जिसमें लिखा है पूजा तुम कहां हो? परमपिता परमेश्वर के मुंह पर थूककर आ जाओ. इनके होते हुए भी मैं तुम्हें 17 साल से ढूंढ रहा हूं. -अरुण बिजनौर'
उत्तर प्रदेश के मेरठ से एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है. कमिश्नरी चौराहे पर भाजपा जिलाध्यक्ष हरबीर पाल की होर्डिंग पर किसी शरारती तत्व ने आपत्तिजनक पम्पलेट चिपका दिया, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया. इस 10 सेकेंड के वीडियो ने लोगों को चौंका दिया और यूजर्स तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं देने लगे.
बीजेपी जिलाध्यक्ष और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तस्वीरों वाली होर्डिंग पर यह घटना बुधवार की रात हुई. घटना के बाद मेरठ पुलिस और स्थानीय प्रशासन मामले की जांच में जुट गए हैं. एलआईयू भी यह पता लगाने में लगा है कि इस कृत्य के पीछे कौन हो सकता है.
कमिश्नरी चौराहे की होर्डिंग में विवाद
हरबीर पाल के जिले में जिलाध्यक्ष बनने के बाद शहरभर में उनके लिए कई होर्डिंग्स लगाए गए थे. इन्हीं में से एक होर्डिंग कमिश्नरी चौराहे पर भी थी, जिस पर जिलाध्यक्ष के साथ मुख्यमंत्री योगी का फोटो भी था.
पम्पलेट में लिखी गई आपत्तिजनक टिप्पणी
होर्डिंग पर चिपकाए गए कागज में लिखा था कि 'पूजा तुम कहां हो. परमपिता परमेश्वर के मुंह पर थूककर आ जाओ. इनके होते हुए भी मैं तुम्हें 17 साल से ढूंढ रहा हूं. लिखने वाला अरुण कुमार बताया जा रहा है. जिसके बाद सोशल मीडिया पर तरह-तरह के दावे किए जा रहे हैं. इस आपत्तिजनक पम्पलेट ने सोशल मीडिया पर तुरंत ध्यान खींचा और वीडियो तेजी से वायरल हो गया.
पुलिस और प्रशासन की जांच
मेरठ पुलिस ने मामले की पुष्टि की है और वीडियो के आधार पर जांच शुरू कर दी है. एलआईयू और स्थानीय प्रशासन यह पता लगा रहे हैं कि यह शरारत किसने की और इसका मकसद क्या हो सकता है. सोशल मीडिया यूजर्स इस घटना पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं. कुछ लोग इसे गंभीर मानते हुए कार्रवाई की मांग कर रहे हैं, तो कुछ लोग इसे सिर्फ सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना रहे हैं. बीजेपी जिलाध्यक्ष की होर्डिंग पर इस तरह की हरकत से राजनीतिक और सामाजिक चर्चाओं को नया आयाम मिल गया है. राजनीतिक पार्टियों और नागरिकों में यह सवाल उठ रहा है कि क्या ऐसे कृत्यों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे.





