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नोएडा हिंसा में STF का बड़ा एक्शन! मास्टरमाइंड आदित्य आनंद तमिलनाडु से गिरफ्तार

नोएडा में मजदूरों के हिंसक प्रदर्शन मामले में उत्तर प्रदेश एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है. जांच एजेंसी ने इस हिंसा के कथित मुख्य मास्टरमाइंड में से एक आदित्य आनंद को गिरफ्तार कर लिया है.

नोएडा हिंसा में STF का बड़ा एक्शन! मास्टरमाइंड आदित्य आनंद तमिलनाडु से गिरफ्तार
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मोहम्मद रज़ा
By: मोहम्मद रज़ा3 Mins Read

Updated on: 18 April 2026 5:16 PM IST

नोएडा में मजदूरों के हिंसक प्रदर्शन मामले में उत्तर प्रदेश एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है. जांच एजेंसी ने इस हिंसा के कथित मुख्य मास्टरमाइंड में से एक आदित्य आनंद को गिरफ्तार कर लिया है. बताया जा रहा है कि आरोपी को तमिलनाडु से पकड़ा गया है, जबकि इस मामले में अन्य संदिग्धों की तलाश में STF की टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं.

जिसे हिंसा भड़काने का मुख्य साजिशकर्ता माना जा रहा है. पुलिस का दावा है कि आदित्य आनंद ने न सिर्फ भीड़ को भड़काया, बल्कि गिरफ्तारी से बचने के लिए अपना हुलिया तक बदल लिया और फरार हो गया. फिलहाल उसे पकड़ने के लिए बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है.

नोएडा में श्रमिक आंदोलन के दौरान भड़की हिंसा के मामले में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है. पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर और STF की संयुक्त कार्रवाई में इस पूरे मामले के मुख्य साजिशकर्ता आदित्य आनंद को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिस पर ₹1 लाख का इनाम घोषित था. बताया जा रहा है कि घटना के बाद से ही आरोपी फरार चल रहा था और लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था. लंबे समय से उसकी तलाश में जुटी पुलिस और STF टीम ने आखिरकार उसे तमिलनाडु के तिरुचापल्ली रेलवे स्टेशन से दबोच लिया.

कौन है आदित्य आनंद और क्या है उस पर आरोप?

पुलिस जांच में सामने आया है कि आदित्य आनंद ने नोएडा में हुए श्रमिक धरना-प्रदर्शन के दौरान भड़काऊ गतिविधियों को बढ़ावा दिया. आरोप है कि उसने अपने साथियों के साथ मिलकर हिंसक घटनाओं की साजिश रची और प्रदर्शन को उग्र बनाने में अहम भूमिका निभाई. थाना फेस-2 में उसके खिलाफ पहले ही मामला दर्ज किया जा चुका था और जांच में उसकी भूमिका मुख्य मास्टरमाइंड के तौर पर सामने आई थी.

कैसे हुई गिरफ्तारी, क्या था पुलिस का ऑपरेशन?

गिरफ्तारी से बचने के लिए आदित्य आनंद लगातार लोकेशन बदल रहा था, जिसके चलते अदालत ने उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट (NBW) जारी किया था. पुलिस और STF की टीमों ने कई राज्यों में दबिश दी और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस व तकनीकी ट्रैकिंग की मदद से उसकी लोकेशन ट्रेस की. इसके बाद 18 अप्रैल 2026 को उसे तमिलनाडु के तिरुचापल्ली रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया गया.

क्या पहले भी हुई थीं गिरफ्तारियां?

इस मामले में पुलिस पहले ही दो अन्य आरोपियों-रूपेश रॉय और मनीषा चौहान को गिरफ्तार कर चुकी है. ये दोनों भी हिंसा भड़काने की साजिश में शामिल बताए गए थे. अब तीसरे और सबसे अहम मास्टरमाइंड की गिरफ्तारी के बाद पुलिस को जांच में बड़ी बढ़त मिली है.

क्या और भी गिरफ्तारियां होंगी?

पुलिस के मुताबिक, मामले में अभी जांच जारी है और कुछ अन्य संदिग्धों की तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है. STF और नोएडा पुलिस की टीमें संयुक्त रूप से पूरे नेटवर्क को खंगाल रही हैं.

क्या कहता है पुलिस कमिश्नरेट?

पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के निर्देशन और अपर पुलिस आयुक्त (कानून-व्यवस्था) डॉ. राजीव नारायण मिश्र की निगरानी में यह कार्रवाई की गई. पुलिस के अनुसार, आदित्य आनंद की भूमिका हिंसा के संचालन और साजिश रचने में प्रमुख रही है. गिरफ्तारी के बाद अब उसके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.

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